राज्य

सीआईएसएफ के जिम्मे होगी महाबोधि मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था, केंद्र से मिली मंजूरी

Arun Chaurasia | ETV Bihar/Jharkhand
Updated: May 20, 2017, 11:04 AM IST
सीआईएसएफ के जिम्मे होगी महाबोधि मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था, केंद्र से मिली मंजूरी
file photo
Arun Chaurasia | ETV Bihar/Jharkhand
Updated: May 20, 2017, 11:04 AM IST
बिहार के बोधगया स्थित महाबोधि मंदिर की सुरक्षा अब सीआईएसएफ यानि केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल करेगा. मंदिर की सुरक्षा के लिये केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल की तैनाती को मंजूरी दे दी गई है.

7जुलाई 2013 को बोधगया में हुए आंतकी हमले के करीब चार साल बाद केंद्र सरकार ने भी महाबोधि मंदिर की सुरक्षा बढाने की जरूरत महसूस की है. 7 जुलाई 2013 को अहले सुबह आंतकियों ने महाबोधि मंदिर समेत कई स्थलों पर एक के बाद एक धमाके किये थे जिसमें दो बौद्ध भंते घायल हो गये थे.

घटना के कुछ ही देर बाद बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार घटनास्थल का दौरा कर केन्द्र सरकार से सीआईएसएफ की तैनाती की मांग की थी पर केन्द्र सरकार द्वारा सीआईएसएफ के खर्च की मांग को लेकर बोधगया मंदिर प्रबंधन कमिटि ने हाथ खड़े कर दिये थे.

जिसके बाद मामला ठंढे बस्ते में चला गया था पर बिहार सरकार द्वारा खर्च वहन करने के आश्वासन के बाद सीआईएसएफ की तैनाती को हरी झंडी मिली है. इस बीच सीआईएसएफ की तैनाती में विंलब को लेकर हाईकोर्ट में पीआईएल भी दायर कर रखा है.

महाबोधि मंदिर में हुए आंतकी घटना के बाद यहां की सुरक्षा व्यवस्था में काफी बदलाव हुआ है. पहले मंदिर परिसर मे हथियारबंद सिपाही के जाने की मनाही थी पर वर्तमान समय में बीएमपी के जावन एक डीएसपी स्तर के अधिकारी के नेतृत्व में पूरे परिसर मे तैनात रहते हैं. इसके साथ ही सीसीटीवी से निगरानी की जाती है.

हांलांकि सीआईएसएफ की कार्यप्रणाली से ऑल इंडिया भिक्षु संघ के पदाधिकारी समेत कई भंते इस बात को लेकर आशंकित हैं कि सुरक्षा और जाचं के नाम पर तीर्थयात्री और पर्यटकों की धार्मिक भावना को न ठेस पहुंच जायें. बीटीएमसी के सदस्य डाॅ. अरविंद कुमार सिंह ने इस फैसले का स्वागत किया है लेकिन टूरिस्ट फ्रेंडली पुलिसिंग की वकालत की है. उन्होंने कहा कि महाबोधि मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं व पर्यटकों की भावनाओं व आस्था का सम्मान रखा जाए.
First published: May 20, 2017
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर