जीरम घाटी हमला : गृहमंत्री ने कहा- अगर सबूत हैं तो जांच आयोग को भी दें भूपेश

News18Hindi
Updated: April 20, 2017, 5:06 PM IST
जीरम घाटी हमला : गृहमंत्री ने कहा- अगर सबूत हैं तो जांच आयोग को भी दें भूपेश
गृहमंत्री रामसेवक पैकरा
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Updated: April 20, 2017, 5:06 PM IST
छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित जीरम घाटी नक्सली हत्याकांड को लेकर शुरू हुई बयानबाजी तेज होती जा रही है. आरोप-प्रत्यारोप के बीच प्रदेश के गृहमंत्री रामसेवक पैकरा ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष भूपेश बघेल पर इस मामले में राजनीति करने का आरोप लगाया है.

गृहमंत्री का कहना है भूपेश बघेल के पास अगर जीरम घटना से जु़ड़े कोई साक्ष्य हैं तो वे उन्हें न्यायमूर्ति प्रशांत कुमार मिश्रा न्यायिक जांच आयोग के सामने प्रस्तुत कर सकते है. उन्हें ये कहने की जरूरत नहीं है कि सीबीआई के समक्ष शपथ पत्र में जानकारी देंगे.

गृहमंत्री ने कहा कि बघेल को जानकारी नहीं है कि एनआईए ने 29 सितम्बर 2015 को 30 फरार आरोपियों के विरुद्ध जो पूरक चालान पेश किया है, वो प्रकरण अब भी न्यायालय में लंबित है. प्रकरण समाप्त नहीं हुआ है. यदि बघेल के पास जीरम घाटी घटना के संबंध में कोई जानकारी अथवा साक्ष्य है, तो वे एनआईए के समक्ष प्रस्तुत कर सकते हैं.

एनआईए उस साक्ष्य के आधार पर दूसरा पूरक चालान कोर्ट में प्रस्तुत कर सकती है.  गृहमंत्री पैकरा ने ये भी कहा है कि बघेल के पास घटना से संबंधित कोई साक्ष्य हैं तो उन्होंने इतने दिनों तक जांच एजेंसी एनआईए के समक्ष प्रस्तुत क्यों नहीं किया. वास्तव में बघेल के पास कोई साक्ष्य नहीं है वे सिर्फ मीडिया के सामने आरोप लगाकर सुर्खियां बटोरना चाह रहे हैं.

भूपेश बघेल का क्या था आरोप?

भूपेश बघेल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह पर एनआईए जांच के बारे में जानकारी नहीं होने का आरोप लगाया था और कहा था कि सीएम को पता ही नहीं है कि एनआईए की जांच बंद हो चुकी है. ऐसे में वो किसके पास शिकायत करें. इसक पहले सीएम ने कहा था कि अगर भूपेश बघेल के पास कुछ साक्ष्य हैं तो बघेल मीडिया में आरोप लगाने के बजाय एनआईए के सामने शपथ पत्र दें,
First published: April 20, 2017
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