राज्य

चीता-शेर पीते ग्लूकोज, दो बार नहाते हैं गजराज

Upendra Kumar | ETV Bihar/Jharkhand
Updated: April 20, 2017, 3:01 PM IST
चीता-शेर पीते ग्लूकोज, दो बार नहाते हैं गजराज
मौसम के तेवर को देखते हुए रांची के बिरसा जू में जानवरों के लिए किए गए खास इंतजाम.
Upendra Kumar | ETV Bihar/Jharkhand
Updated: April 20, 2017, 3:01 PM IST
रांची में इन दिनों जोरदार गर्मी पड़ रही है, और इसका असर बिरसा मुंडा चिड़ियां घर के जानवरों और पक्षियों पर भी पड़ा है. गर्मी का असर शेर-बाघ, चीता और अन्य जंगली जीव जंतुओं पर कम से कम हो इसके लिए कूलर से लेकर ग्लूकोज तक की व्यवस्था की गई है.

बुधवार को था साल का सबसे गर्म दिन

बुधवार को रांची में इस साल की सबसे अधिक गर्मी पड़ी और पारा 40 डिग्री तक चढ गया. हालांकि गुरुवार को बूंदा बांदी हुई पर जम कर नहीं बरसने के कारण उमस और बढ़ गई. गर्मी और लू की तपिश से बचाने के लिए बिरसा मुंडा चिड़ियांघर में विशेष व्यवस्था की गई है.

खाने में तरबूज-खीरा

जू कर्मी सुजीत उरांव कहते हैं कि बाघ,शेर ,चीता ,तेंदुआ जैसे मांसाहारी जानवरों के लिए कूलर के साथ साथ पीने के पानी में ग्लूकोज दिया जा रहा है. बिरसा जू के निदेशक अशोक कुमार कहते हैं कि सूरज की तपिश और लू का प्रभाव चिड़ियांघर के अन्य जीव जंतुओं पर न पड़े, इसके लिए हाथी को दिनभर में दो बार नहाया जा रहा है. खाने में उन्हें तरबूज-खीरा दिया जा रहा है. वहीं बर्ड्स और शाकाहारी जानवरों के केज के उपर फूस लगाए गए हैं.
First published: April 20, 2017
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर