11 महीने के निचले स्‍तर पर थोक महंगाई दर, खाद्य उत्पाद सस्‍ते होने का असर

News18Hindi
Updated: July 14, 2017, 2:54 PM IST
11 महीने के निचले स्‍तर पर थोक महंगाई दर, खाद्य उत्पाद सस्‍ते होने का असर
महंगाई घटने से इस बात की उम्मीद बढ़ गई है कि रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) संकटग्रस्त इंडस्ट्रियल सेक्टर को मजबूती देने के लिए ब्याज दरों में कटौती कर सकता है.
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Updated: July 14, 2017, 2:54 PM IST
थोक मूल्य सूचकांक (डब्ल्यूपीआई) आधारित महंगाई दर में जून में तेज गिरावट आई और यह 11 महीनों के निम्न स्तर 0.90% पर आ गई. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान सब्जियों समेत खाद्य उत्पादों की कीमतें भी गिरी हैं. मई में यह 2.17% थी और जून 2016 में यह शून्य से 0.09% नीचे थी. इससे पहले उपभोक्ता मूल्य सूचकांक आधारित महंगाई दर जून में गिरकर 1.54% के रिकॉर्ड निम्न स्तर पर पहुंच गई थी.

खाद्य पदार्थों की कीमत 3.47 फीसदी कम
सरकार द्वारा शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, जून में खाद्य उत्पादों की कीमत सालाना आधार पर 3.47% कम हुई हैं, वहीं सब्जियों में महंगाई की दर शून्य से 21.16% नीचे रही है.

अनाजों की कीमतें 1.93 फीसदी बढ़ी

आलू में सबसे ज्यादा अपस्फीति यानी कमी 47.32% की रही. इसी तरह दालों में 25.47% और प्याज में 9.47% की कमी देखी गई. अनाजों की कीमत में 1.93% की वृद्धि हुई, जबकि अंडे, मांस और मछली जैसे प्रोटीनवर्द्धक उत्पादों की कीमतें 1.92% बढ़ी हैं.

ईंधन 5.28 फीसदी महंगे हुए
ईंधन और बिजली क्षेत्र में महंगाई की दर 5.28% दर्ज की गई है, जो मई में 11.69% थी और विनिर्मित वस्तुएं 2.27% महंगी हुई हैं. उल्लेखनीय है कि डब्ल्यूपीआई की गणना 2011-12 आधार वर्ष के आधार पर की जाती है. मई में इसे 2004-05 से बदलकर यह किया गया था.

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First published: July 14, 2017
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