लश्कर आतंकीः कमबख्त इश्क ने संदीप को 'आदिल' बना दिया

Amita Sinha | News18Hindi
Updated: July 14, 2017, 6:48 PM IST
लश्कर आतंकीः कमबख्त इश्क ने संदीप को 'आदिल' बना दिया
Terrorist, LET: लश्कर का सबसे बड़ा हथियार बना आदिल
Amita Sinha | News18Hindi
Updated: July 14, 2017, 6:48 PM IST
-अमित कुमार तिवारी/उत्कर्ष चतुर्वेदी
छोटे मोटे अपराध को अंजाम देने वाला मुजफ्फरनगर निवासी आदिल उर्फ संदीप शर्मा को जम्मू एंड कश्मीर पुलिस ने अभी हाल ही में देश के खिलाफ युद्ध छेड़ने के आरोप में गिरफ्तार किया गया. करीब चार वर्ष पहले धर्म परिवर्तन करके आदिल बना संदीप शर्मा एक कश्मीर लड़की के प्यार ऐसा डूबा कि अपनी जन्मभूमि को भी भुला बैठा. पहले धर्म बदला, फिर ईमान बदला और अंततः उसने लश्कर आतंकी बनकर देश भी बदल लिया. आदिल उर्फ संदीप का लव अफेयर्स उसके कंट्री अफेयर्स हावी हुआ तो वह जल्द ही देश और प्रेम दोनों के अंतर को भूला बैठा और देश के दुश्मनों के साथ मिलकर देशविरोधी गतिविधियों में लिप्त हो गया...

मुजफ्फरनगर नई मंडी में वेल्डर था संदीप
मुजफ्फरनगर के नई मंडी का रहने वाला आदिल उर्फ संदीप वेल्डिंग का काम करता है. करीब तीन साल पहले वह वेल्डिंग का ठेका लेकर कश्मीर पहुंचा. वहां उसकी मुलाकात एक कश्मीरी लड़की से हुई और वह उसके प्यार में गिरफ्तार हो गया. इस दौरान उसका पंजाब के पटियाला भी आना जाना लगा रहा. इस बीच उसने एटीएम लूटने का गैंग भी तैयार किया और कई वारदात को अंजाम दिया. गिरफ्तारी के बाद संदीप उर्फ़ आदिल से पूछताछ करने पहुंची एटीएस की टीम को उसने बताया कि लश्कर ने उसे हथियार चलाने की ट्रेनिंग दी और वह एक मुस्लिम लड़की के प्यार में भी पड़ा.

लश्कर का सबसे बड़ा हथियार बना आदिल
पूछताछ रिपोर्ट में यह भी खुलासा हुआ कि आदिल का पहला नाम संदीप शर्मा ही लश्कर के लिए सबसे बड़ा हथियार था. संदीप शर्मा के नाम का ड्राइविंग लाइसेंस हिंदू नाम से होने की वजह से सुरक्षा बालों को उस पर संदेह नहीं होता था और वह आतंकियों को हथियार समेत आसानी से ले जाता था. संदीप ने एटीएस को बताया कि वह केवल एक ही कश्मीरी लड़की के चक्कर में नहीं था, बल्कि कईयों को फंसाया, लेकिन शादी का इरादा उनमें से सिर्फ एक से ही था. चाहे इसके लिए उसे कोई भी कीमत चुकानी पड़े.

Terrorist, LET: Aadil aka Sandeep shamra

कश्मीरी लड़की के इश्क में किया धर्म परिवर्तन
उसके बाद उस लड़की के परिजनों की शर्त को पूरा करने के लिए आदिल ने एक साल पहले इस्लाम धर्म अपना लिया और अपना नाम आदिल रख लिया. पिछले साल नवंबर-दिसंबर में उसने कुलगाम के लश्कर कैंप में हथियार चलाने की ट्रेनिंग भी ली. यूपी एटीएस के आईजी असीम अरुण ने बताया कि संदीप अपनी प्रेमिका से जल्द ही शादी करने वाला था. इतना ही नहीं लड़की के घरवालों ने ही उसे जिहाद में शामिल होने के लिए उकसाया.

पटियाला में कश्मीरियों के संपर्क में आया आदिल
अरुण ने बताया कि आदिल उर्फ संदीप करीब छह साल पहले पंजाब के पटियाला शहर चला गया था. उसने अपने पिता की मौत से पहले गैस मेटल वेल्डिंग की ट्रेनिंग ली थी. उसके बाद वहीं पर वेल्डिंग का कम करने लगा. सर्दियों में कश्मीर के कई युवक हिमाचल, पंजाब समेत अन्य राज्यों में रोजगार की तलाश में जाते रहते हैं. इसी दौरान पटियाला में संदीप की मुलाकात कुछ आपराधिक छवि के कश्मीरी युवकों से हुई. जिसके बाद वह गर्मियों में उनके साथ कश्मीर जाने लगा.

एटीएम लूट वारदात में शामिल हुआ आदिल
आदिल उर्फ संदीप कश्मीरी युवकों के साथ छोटे अपराधों जैसे कंस्ट्रक्शन मैटेरियल की चोरी करता था. उसके बाद एटीएम लूट की घटना को अंजाम देने लगा. इसके बाद उसने हथियार चलाने की ट्रेनिंग ली. 16 जून को जब अनंतनाग जिले के अच्छाबल इलाके में हुए आतंकी हमले में 6 पुलिस कर्मियों की मौत हुई थी. इस हमले में आतंकियों की गाड़ी संदीप ही चला रहा था.

वहीं, पिछले सोमवार को जम्मू कश्मीर पुलिस ने संदीप को उसके साथी मुनीब शाह के साथ गिरफ्तार किया. दोनों द्वारा सोपियां, कुलगाम और पुलवामा में करीब आदह दर्जन एटीएम लूट और बैंक डकैती में शामिल होने का आरोप है. एटीएम और बैंकों से लूटी गई रकम को संदीप और उसके साथी आतंकियों की फंडिंग में प्रयोग करते थे.

भाई के अफेयर से वाकिफ था बड़ा भाई प्रवीण
आदिल उर्फ संदीप के भाई प्रवीण शर्मा हरिद्वार में टैक्सी चलाता है. पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि पिछले साल दिसंबर में वह अपने दो दोस्तों के साथ उससे मिलने यहां आया था. उस दौरान उसके दोस्तों ने कहा था कि वह उन्ही की बहन से शादी करने वाला है. जिसके बाद उसने शादी पर ऐतराज जताया था. प्रवीण ने संदीप से अकेले में बात की तो उसने बताया कि उसके दोस्त मजाक कर रहे हैं. वह हिंदू है और मुस्लिम से शादी नहीं करेगा. उसे वहां जाना होगा क्योंकि कुछ पैसे बकाया है.

बकौल प्रवीण, वह उन्हें लेकर वापस आ जाएगा और फिर यहीं शादी करेगा. प्रवीण इन बताया कि उसे धर्म परिवर्तन करने की बात मीडिया और पुलिस से पता चली है. अगर वह आतंकी है तो उसका उससे कोई लेना देना नहीं है. उसे वही सजा मिलनी चाहिए जो एक आतंकी को मिलती है.

अब आदिल से पूछताछ करेगी यूपी एटीएस
आतंकी आदिल उर्फ संदीप की गिरफ्तारी के बाद आतंक के लश्कर के आतंकी नेटवर्क के कई खुलासे सामने आ रहे हैं. आतंक के यूपी कनेक्शन की बात सामने आते ही उत्तर प्रदेश एंटी टेररिस्ट स्क्वॉयड की एक टीम जम्मू कश्मीर पुलिस की गिरफ्त में रखे गए इस आतंकी से पूछताछ करने निकल गई. सिर्फ एक दिन की पूछताछ में ही संदीप से जो जानकारी मिली है वो चौंकाने वाली है. संदीप शर्मा उर्फ आदिल से की जा रही पूछताछ में इस आंतकी ने बताया कि वो लश्कर-ए-तैयबा के आतंकियों के साथ वेपन ट्रेनिंग का प्रशिक्षण ले चुका है और जम्मू कश्मीर में वो इस आंतकी नेटवर्क के आतंकवादियों के गाड़ी ड्राइव करने का काम करता था.

Terrorist LET: Aadil aka sandeep sharma

वेपन ट्रेनिंग का प्रशिक्षण ले चुका है आदिल
यूपी एटीएस ने संदीप उर्फ आदिल ने पूछताछ में बताया कि वह लश्कर के वेपन ट्रेंनिंग में प्रशिक्षित है और उसने 3 बड़ी घटनाओं में शामिल होने की बात भी कबूल ली है. उसके मुताबिक वह जून 2017 में लशकर की ओर से हुई 3 बड़ी वारदातों में शामिल रहा था. वह 30 जून 2017 को काजीगुंड में आर्मी के काफिले के उपर हमले करने वाले गिरोह में वो शामिल था और वह जून 2017 की ही 13 तारीख को अनंतनाग से जस्टिस निवास गार्ड पोस्ट से हथियार लूटने की घटना में भी वो शामिल था.

जबकि 16 जून 2017 को संदीप ने एक बड़ी वारदात का हिस्सा बनते हुए अच्छबाल में पुलिस पार्टी के उपर हमले के लिए आतंकियों के लिए गाड़ी ड्राइव की थी और हमले के वक्त उसने भी पुलिस पार्टी पर फायरिंग की थी. संदीप के इस खुलासे से साफ हो जाता है कि किस तरीके से वो लगातार बड़ी घटनाओं में शामिल रहा और अगर सुरक्षा बलों ने सही समय पर उसकी गिरफ्तारी ना की होती तो वो अब तक और कितनी घटनाओं को अंजाम दे चुका होता.

संदीप नाम से सुरक्षा बलों को खूब छकाया
आदिल उर्फ संदीप ने पूछताछ में बता कि उसने पुलिस और सुरक्षा बलों से बचने में अपने पहले नाम यानी संदीप का बखूबी इस्तेमाल किया. अक्सर आंतकी संगठनों से घाटी के या पाकिस्तान की संलिप्तता होती है और इसी बात का फायदा संदीप ने उठाया. कई बार उस पर शक होने पर जब उसे रोका टोका गया तो मुजफ्फरनगर के अपने पते वाली आईडी उसने दिखाकर अपना बचाव किया, लेकिन जून में हुई घटनाओं की तफ्तीश कर रहे सुरक्षा बलों की नजर से वो बच नहीं पाया और आखिरकार उसकी गिरफ्तारी हो ही गई लेकिन इससे पहले उसने आदिल से ज्यादा खुद के संदीप होने का फायदा उठाया. संदीप शर्मा के नाम से यूपी के मुजफ्फरनगर की बनी हुई आईडी के कारण ही वो इतने समय तक खुला घूमता रहा.

यूपी कनेक्शन को लेकर जारी है पूछताछ
अब सलाखों के पीछे कैद संदीप से सुरक्षा एजेंसियों की पूछताछ जारी है. यूपी एटीएस की टीम भी संदीप से आतंक के यूपी कनेक्शन को लेकर लगातार पूछताछ कर रही है. उम्मीद की जा रही है कि संदीप की गिरफ्तारी से आतंक के यूपी कनेक्शन का जल्द ही भंडाफोड़ होगा. लेकिन पहले राजधानी लखनऊ में आतंकी सैफुल्लाह के एनकाउंटर और अब लश्कर के आतंकी संदीप की गिरफ्तारी के बाद से उत्तर प्रदेश के युवाओं के आंतकी संगठनों की ओर प्रभावित होने के जो तथ्य सामने आ रहे हैं खुफिया एजेंसियों के लिए ये भी एक बड़ी चुनौती है.
First published: July 14, 2017
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