राजस्थान में पिछवाई कला को बचाने आगे आया रिलायंस फाउंडेशन

News18India
Updated: August 31, 2016, 11:13 PM IST
News18India
Updated: August 31, 2016, 11:13 PM IST
नई दिल्ली। रिलायंस फाउंडेशन ने पारंपरिक कला को बढ़ावा देने के लिए कलाकारों को प्रोत्साहन देने का बीड़ा उठाया है। फाउंडेशन ने गुजरात और राजस्थान की खत्म होती पारंपरिक 'पिछवाई कला' को नया जीवनदान दिया है। रिलायंस फाउंडेशन की संस्थापक और चेयरमैन नीता अंबानी बुधवार को 'पिछवाई पेंटिंग्स' को नई ऊंचाई देने वाले कलाकारों से मिलीं और उनकी हौसला अफजाई की।

फाउंडेशन ने कलाकारों को आर्थिक सहायता भी दी जिससे इन कलाकारों का हुनर और उनकी खूबसूरत पेंटिंग्स देश और दुनिया के सामने आ सके। रिलायंस फाउंडेशन की कोशिशों के चलते राजस्थान और गुजरात के सौ से ज्यादा परिवारों को अपने हुनर को जिंदा रखने का कारण मिल गया है। नीता अंबानी खुद इन कलाकारों से मिलने अहमदाबाद पहुंचीं।

पिछवाई कला भारत की प्राचीन कलाओं में से एक है जहां जटिल चित्र को कपड़ों पर उतारा जाता है। ये पेंटिंग बनाने में काफी वक्त लगता है। इनकी बाजार कीमत 10 हजार रुपये से लेकर एक लाख तक होती है।

 
First published: August 31, 2016
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर