क्या विद्या बालन सच में डरावनी हो गईं हैं, देखिए वो क्‍या कहती हैं इस पर...

News18Hindi
Updated: March 17, 2017, 1:01 PM IST
क्या विद्या बालन सच में डरावनी हो गईं हैं, देखिए वो क्‍या कहती हैं इस पर...
दिल्ली पहुंची 'बेगम जान' यानी विद्या बालन न्यूज़ 18 के चौपाल पर. यहां उन्होंने अपनी आने वाली फिल्म 'बेगम जान' का प्रमोशन किया. फिल्म भारत-पाकिस्तान बंटवारे की पृष्ठभूमि पर आधारित है. हालांकि ये फिल्म एक काल्पनिक कहानी है.
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Updated: March 17, 2017, 1:01 PM IST
क्‍या आपने फिल्म बेगमजान का ट्रेलर देखा. क्या आपको भी विद्या बालन खतरनाक लगीं. पर ऐसा बहुत लोग कह रहे हैं. खुद विद्या भी अपने लिए आ रहे इस कमेंट से खुश हैं. न्यूज़ 18 इंडिया के चौपाल कार्यक्रम में हिस्सा लेने आईं विद्या से जब इस पर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा, अच्छा है आखिरकार लोग उनसे डरने लगे हैं.

दिल्ली पहुंची 'बेगम जान' यानी विद्या बालन ने अपनी आने वाली फिल्म 'बेगम जान' का प्रमोशन किया. उन्होंने बताया कि ये फिल्म भारत-पाकिस्तान बंटवारे की पृष्ठभूमि पर आधारित है. हालांकि ये फिल्म एक काल्पनिक कहानी है.



फिल्म में विद्या थप्पड़ मारती, गाली देती, गोली चलाती दिखेंगी. विद्या को ये किरदार निभाते हुए काफी अच्छा लगा क्योंकि ये उनके स्वभाव से विपरीत है.

'बेगम जान' कहानी एक कोठे की है जिसे बेगम जान चलाती हैं. देश विभाजन के समय कोठे के बीचों-बीच रेखा खींच दी जाती है. फिल्म बेगम जान और कोठे में काम करने वाली लड़कियों के अपने घर बचाने के संघर्ष को दर्शाता है.

विद्या कहती हैं कि फिल्म का स्क्रिप्ट अपने आप में इतना संपूर्ण है कि उन्हें इसके बाहर कोई रिसर्च करने की ज़रूरत नहीं पड़ी. उनके मुताबिक निर्देशक श्रीजित ने फिल्म के लिए काफी रिसर्च की थी जिससे उन्हें काफी फायदा मिला.

विद्या के मुताबिक थप्पड़ मारने के एक सीन को करना उनके लिए सबसे चुनौतीपूर्ण था. हाल ही में एक फैन के साथ हुए उनके बुरे अनुभव पर भी उन्होंने खुलकर बात की.

विद्या ने कहा कि उनके फैन ने सेल्फी लेते वक्त उनकी कमर पर हाथ रखा और उनके मना करने के बावजूद भी उसने तीन बार ऐसा किया.

विद्या कहती है कि कई बार फैन्स सेलेब्रिटीज़ को पब्लिक प्रॉपर्टी समझने लगते हैं. उन्होंने लड़कियों से छेड़छाड़ के खिलाफ़ आवाज़ उठाने की भी सलाह दी.

विद्या आगे कहती हैं कि कोई भी फिल्म करते वक्त वो खुद को पूरी तरह डायरेक्टर और कहानी के हवाले कर देती हैं और जबतक वो किसी कहानी को लेकर 200 प्रतिशत आश्वस्थ नहीं हो जातीं वो किसी फिल्म के लिए हामी नहीं भरती हैं.
First published: March 17, 2017
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