एक बार ये करके तो देखिए- दस लीटर पानी पीना और भरपूर नींद लेना

News18Hindi
Updated: May 11, 2017, 2:40 PM IST
एक बार ये करके तो देखिए- दस लीटर पानी पीना और भरपूर नींद लेना
tips to stay healthy
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Updated: May 11, 2017, 2:40 PM IST
क्‍या आपके साथ कभी ऐसा होता है कि आप सामान्‍य से ज्‍यादा चीजें भूलने लगते हैं. हर समय दिमाग उलझा-उलझा रहता है. किसी काम पर ध्यान केंद्रित नहीं कर पाते? हर समय सुस्‍ती-सी छाई रहती है, काम का दबाव महसूस होता है और चिड़चिड़ापन भी लगता रहता है. घर और ऑफिस के जरूरी काम भी भूल जाते हैं. हमेशा परेशानियों और चिंता से घिरे रहते हैं.



हालांकि ऐसा होने की कई वजहें हो सकती हैं. कई बार स्‍वास्‍थ्‍य से जुड़े गंभीर कारण भी हो सकते हैं, जिन्‍हें आप समझ न पा रहे हों. लेकिन, स्‍वास्‍थ्‍य से जुड़ी कोई गंभीर वजह नहीं है तो रोजमर्रा की जिंदगी में थोड़े बदलाव और थोड़ा अनुशासन अपनाकर इस समस्‍या से निजात पाई जा सकती है. जरूरत है तो अपने खान-पान और दिनचर्या में थोड़ा सा बदलाव करने की. हम बता रहे हैं ऐसी पांच महत्‍वपूर्ण बातें, जिन्‍हें आप अपनी दिनचर्या का हिस्‍सा बनाकर अपनी पर्सनल और प्रोफेशनल जिंदगी को बेहतर बना सकते हैं-

भरपूर पानी पिएं

drink water
पानी पिएं


कई बार ध्यान का इधर-उधर भटकना डिहाइड्रेशन की वजह से भी होता है. शरीर में पानी की भरपूर मात्रा मन और सेहत दोनों को दुरुस्‍त रखती है. मस्तिष्‍क तरोताजा रहता है. यूं तो यह मामूली सी बात लगती है, लेकिन एक हफ्ते रोज नियम से 10 लीटर पानी पीकर देखिए. आपको खुद फर्क महसूस होगा.

नींद पूरी लें

Sleep properly
नींद पूरी लें


यदि शरीर और दिमाग थका हुआ है और फिर भी उस पर काम का बोझ डाला जा रहा है तो जाहिर है, वह परेशान रहेगा. थका हुआ दिमाग चीजें याद नहीं रख पाएगा. नींद में ही हमारे दिमाग को थोड़ा आराम मिलता है. इसलिए जरूरी है कि आपकी नींद पूरी हो. इसलिए आप अपने मनोरंजन में, काम में, जिस भी चीज में चाहें कटौती कर लें, लेकिन नींद में कटौती बिलकुल भी न करें.

अच्छे बैक्टीरिया की तादाद बढ़ाएं

curd
दही जैसे खाद्य पदार्थ खाएं


आप जरूर यह पढ़कर चौंक गए होंगे. भला बैक्टीरिया की मात्रा का दिमाग की एकाग्रता से क्‍या संबंध. लेकिन, यह सच है कि शरीर में ज्यादा मात्रा में अच्‍छे बैक्टीरिया का होना ध्यान केंद्रित करने में मददगार हो सकता है. आपके पेट में 100 खरब बैक्टीरिया हों तो वे आपके पेट और मस्तिष्क के बीच अच्छा कनेक्शन बनाते हैं. खाने में प्रोबायोटिक पदार्थ जैसे दही खाने से अच्छे बैक्टीरिया की मात्रा बढ़ती है, जो हमारे दिमाग के लिए बहुत लाभदायक है.

भोजन में मीठे और कैफीन की मात्रा कम कर दें

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कॉफी का कम सेवन करें


ज्‍यादा मीठा  चाय और कॉफी पेट में जाकर बुरे बैक्टीरिया पैदा करते हैं. इसका असर सीधे दिमाग पर पड़ता है. इसलिए डाइट का संतुलित रहना बहुत जरूरी है. ज्यादा कैफीन का सेवन न करें. हरी सब्जियां, प्रोटीन और अच्छे फैट पर ध्यान दें.
First published: May 11, 2017
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