'26/11 हमले की जांच को भारतीय टीम पहले करे पाक का दौरा'

आईएएनएस

Updated: October 21, 2012, 10:38 AM IST
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नई दिल्ली। भारत चाहता है कि मुम्बई हमले के सिलसिले में पहले उसकी जांच टीम को पाकिस्तान के दौरे की अनुमति मिले। जब तक ऐसा नहीं होता है तब तक इस मामले की जांच करने वाले पाकिस्तानी आयोग को भारत आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। केंद्रीय गृह मंत्रालय के अधिकारियों ने कहा कि वे 26/11 हमले की जांच कर रही राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की टीम को इस आतंकवादी हमले के साजिशकर्ता एवं आरोपियों के खिलाफ सबूतों की जांच के लिए पाकिस्तान भेजना चाहते हैं।

मुम्बई हमले को लेकर लश्कर-ए-तैयबा के कमांडर जकी-उर-रहमान लखवी तथा उसके छह अन्य साथियों के खिलाफ रावलपिंडी की अदालत में मुकदमा चल रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे ने सितम्बर में मालदीव में हुए दक्षिण एशिया क्षेत्रीय सहयोग संगठन (दक्षेस) के देशों के विदेश मंत्रियों के सम्मेलन में यह मुद्दा अपने पाकिस्तानी समकक्ष रहमान मलिक के साथ उठाया था।

'26/11 हमले की जांच को भारतीय टीम पहले करे पाक का दौरा'
भारत चाहता है कि मुम्बई हमले के सिलसिले में पहले उसकी जांच टीम को पाकिस्तान के दौरे की अनुमति मिले। जब तक ऐसा नहीं होता है तब तक इस मामले की जांच करने वाले पाकिस्तानी आयोग को भारत आने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

यह पूछे जाने पर कि क्या पाकिस्तानी जांच आयोग का दौरा जल्द हो सकता है, अधिकारी ने कहा, "जब तक एनआईए की टीम को पाकिस्तान का दौरा करने की अनुमति नहीं मिलती और उसे वहां के जांच आयोग के सदस्यों को दोबारा भारत आने देने की आवश्यकता नहीं महसूस होती तब तक कुछ कहना मुश्किल है।" एनआईए की टीम इस मामले के गवाहों से भी मिलना चाहती है।

पाकिस्तान के न्यायिक आयोग ने इस साल मार्च में भारत का दौरा किया था। ऐसा दोनों देशों के बीच समझौते के तहत हुआ था। पाकिस्तान चाहता है कि उसके जांच आयोग को दोबारा भारत दौरे की अनुमति मिले, क्योंकि उसने जो सबूत जुटाए थे, उसे रावलपिंडी की अदालत ने मुम्बई हमले के आरोपियों को दोषी ठहराने के लिए अपर्याप्त माना था। इसलिए आयोग चाहता है कि इस बार वह जो सबूत जुटाए वे पाकिस्तान की अदालत की उम्मीदों पर खरा उतरे।

First published: October 21, 2012
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