केरल की सड़क का नाम पड़ा गाजा पट्टी, खुफिया एजेंसियां हरकत में


Updated: June 20, 2017, 9:00 AM IST
केरल की सड़क का नाम पड़ा गाजा पट्टी, खुफिया एजेंसियां हरकत में
केरल की एक सड़क का नाम अचानक गाजा स्ट्रीट किए जाने से खड़े हुए खुफिया एजेंसियों के कान

Updated: June 20, 2017, 9:00 AM IST
केरल की एक सड़क अचानक चर्चाओं के साथ संदेह के घेरे में आ गई है.इस सड़क के नाम की जगह अचानक वहां गाजा स्ट्रीट का बोर्ड लगा दिया गया. इसके बाद खुफिया विभाग हरकत में आ गया है.
ये इलाका उत्तरी केरल के कारसागोड नगरपालिका का तिरुति वार्ड है. जहां पिछले कुछ समय से संदेहास्पद गतिविधियों की सूचना लगातार मिलती रही है.
इजरायल और मिस्र के बीच एक स्वायत्त क्षेत्र का नाम है गाजा पट्टी.

इसी इलाके से आईएस में गए हैं 22 लोग

नेशनल इनवेस्टिगेटिव एजेंसी (एनआईए) इस मामले की जांच कर रही है. उसे संदेह है कि ऐसा करने वालों के पीछे पृथकतावादियों का तो हाथ नहीं. इसी इलाके के पडोस के गांव पद्न्ना से 22 लोग पिछले दिनों गायब हो गए, जिनके बारे में माना जा रहा है कि उन्होंने इस्लामिक स्टेट यानि आईएस ज्वाइन कर लिया है. ये इलाका तब से ही खुफिया एजेंसियों की रडार पर है. गायब हुए 22 युवकों में तीन के मारे जाने की खबर है, शेष के बारे में कहा जा रहा है कि वो अफगानिस्तान के नांगारहार प्रांत में आईएस के साथ सक्रिय हैं.

नगरपालिका को जानकारी नहीं
हाल ही में इस सड़क नाम तब बदला गया, जब तिरुति जामा मस्जिद के सामने की सड़क की मरम्मत की जा रही थी. हालांकि कारसागोड नगरपालिका का कहना है कि उन्हें इस सड़क का नाम बदलने के बारे में कोई जानकारी नहीं है. आरोप है कि सड़क का नाम बदलकर गाजा स्ट्रीट करने का काम यहां के युवाओं ने किया है

समारोह के बीच बदला गया था नाम
जो जानकारी मिली है, उसके अनुसार इस सड़क का नाम बदलने के अवसर पर एक समारोह भी हुआ था. कारसागोड जिला पंचायत के अध्यक्ष एजीसी बशीर उस मौके पर मौजूद थे. नगरपालिका के चेयरपर्सन बफतिमा इब्राहिम का कहना है कि वह इस मामले की जांच करेंगी. वहीं एक मुस्लिम लीग नेता का कहना है कि ये कुछ युवाओं की शरारत के अलावा और कुछ नहीं. हालांकि स्थानीय भाजपा नेता के श्रीकांत का कहना है कि ये सोची समझी साजिश के तहत हुआ है ताकि सांप्रदायिक तौर पर संवेदनशील इस क्षेत्र का चरित्र सुनियोजित तरीके से बदला जा सके.

मकानों की नेम प्लेट अरबी में हो गई
एक सीनियर पुलिस अधिकारी ने कहा, हम नजर रखे हुए हैं, पिछले कुछ समय में उत्तरी केरल के बहुत से मकानों पर नेम प्लेट अरबी भाषा में हो गई हैं, कुछ लोगों से जबरदस्ती ऐसा कराया गया है. इस तरह की गतिविधियां समुदायों के बीच सौहार्द्र को बिगाड़ रही हैं.
First published: June 20, 2017
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