भारत में पहली बार यूटरस का हुआ सफल ट्रांसप्लांट

News18Hindi
Updated: May 19, 2017, 10:22 PM IST
भारत में पहली बार यूटरस का हुआ सफल ट्रांसप्लांट
गेलेक्सी केयर अस्पताल, पुणे
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Updated: May 19, 2017, 10:22 PM IST
पुणे के गैलेक्सी केयर अस्पताल के डॉक्टरों की एक टीम ने गुरुवार को महाराष्ट्र के सोलापुर की एक युवती को यूटरस (गर्भाशय) का सफल ट्रांसप्लांट किया. भारत में सफलतापूर्वक यूटरस ट्रांसप्लांट का यह पहला मामला है.

युवती के शरीर में जन्म से ही यूटरस नहीं था. खास बात ये है कि उसे उसकी 41 साल की मां ने ही यूटरस दिया है. मां ने डॉक्टर से कहा कि उनकी बेटी का भला नहीं हो सकता तो उनके यूटरस होने का क्या मतलब है.

अस्पताल के डायरेक्टर शैलेश पुन्टाम्बेकर का कहना है कि पहले केस में हमेशा समय ज्यादा लगता है. इस केस में तो लड़की को जन्म से ही यूटरस नहीं था. ट्रांसप्लांट करने से पहले हमने यूटरस में ब्लड सप्लाई करने की व्यवस्था भी की. मां से यूटरस को अलग करने में करीब साढ़े चार घंटे लगा, जबकि पूरी प्रक्रिया में डॉक्टरों को पूरा दिन का वक्त लगा.

हालांकि, शुरू में बड़ौदा की एक दूसरी महिला का यूटरस ट्रांसप्लांट प्लान किया गया था. लेकिन फिटनेस इश्यू की वजह से महिला के ऑपरेशन को अगले दिन के लिए टाल दिया गया. टीम में शामिल डॉक्टर मिलिंद तेलंग ने कहा कि मेडिकल फील्ड में यह सर्जरी काफी बड़ी उपलब्धि है.

इस सर्जरी को लेकर गुरुवार को अस्पताल में खास इंतजाम भी किए गए थे. विजिटर्स और रिश्तेदारों की एन्ट्री रोक दी गई थी. सुरक्षा गार्ड ने मीडिया को भी अंदर नहीं जाने दिया. डायरेक्टर ने कहा कि ये काफी कॉम्प्लीकेटेड केस था और हम कोई रिस्क नहीं लेना चाहते थे. इस सर्जरी के लिए एक साल से टीम तैयारी कर रही थी. 12 बजे दिन में शुरू हुआ ऑपरेशन रात के 9 बजे तक चला. डॉक्टरों ने कहा है कि सर्जरी के बाद मां और बेटी, दोनों ही सही रिस्पॉन्स कर रही हैं. इससे पहले भारत में हार्ट,लीवर का ट्रांसप्लांट किया जा चुका है.

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First published: May 19, 2017
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