पीवी सिंधु ने जीता ब्रॉन्ज और साइना बन गईं सानिया, कर्नाटक में बच्चों के साथ खिलवाड़

News18Hindi
Updated: June 20, 2017, 5:11 PM IST
पीवी सिंधु ने जीता ब्रॉन्ज और साइना बन गईं सानिया, कर्नाटक में बच्चों के साथ खिलवाड़
File Photo (Getty Images)
News18Hindi
Updated: June 20, 2017, 5:11 PM IST
मशहूर बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु ने पिछले साल​ रियो ओलंपिक्स में रजत पदक नहीं कांस्य पदक जीता था. बेडमिंटर सुपरस्टार साइना नेहवाल को टेनिस खिलाड़ी सानिया से बदल दिया गया है. आप भले ही ये बातें न जानते हों लेकिन कर्नाटक में बच्चे इस साल अब यही पढ़ने जा रहे हैं.

ये बातें कर्नाटक में स्लेबस का हिस्सा हैं जो 185 शिक्षाविदों के साथ दो साल परामर्श करने और राज्य में प्राथमिक व उच्च माध्यमिक शिक्षा के लिए किताबों पर 45 लाख रुपए खर्च करने के बाद बनाया गया है. इन छह करोड़ किताबों को प्रिंट करने का खर्चा 144 करोड़ रुपए आया है.

ये नई किताबें तथ्यात्मक और व्याकरण की ग​लतियों से भरी पड़ी हैं. कुछ जगहों जैसे डायग्राम और सवालों में टेक्स्ट भी गायब है. यहां तक कि बीच-बीच में कई पन्ने तक नहीं हैं. सातवीं कक्षा की कन्नड़ की किताब में 24 से लेकर 57 तक पन्ने गायब हैं. दसवीं कक्षा की अंग्रेजी की किताब में 53 से 84 तक पन्ने नहीं हैं. सातवीं क्षा की गणित की किताब में कोई सवाल नहीं सिर्फ जवाब दिए गए हैं.

किताबों में स्पेलिंग की भी कई गलतियां की गई हैं. जैसे hygiene की स्पेलिंग hygien लिखी गई है और Persian की स्पेलिंग Presian लिखी गई है.

Image Source: News18.com


मुख्यमंत्री का आईडिया
ये नई किताबें राज्य के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के आईडिया पर लाई गई हैं जिन्होंने साल 2014 में किताबों से उस कंटेट को हटाने का फैसला किया था जिसकी पिछली बीजेपी सरकार ने अनुमति दी हुई थी. इसके लिए एक समिति बनाई गई थी जिसमें जानेमाने लेखक और बारागुरु रामाचंद्रप्पा ने इन बदलावों पर नजर रखी थी.

इन गलतियों के बावजूद मुख्यमंत्री ने किताबों की समीक्षा के बजाए शिक्षकों को इन गलतियों से निपटने के लिए तैयार करने के लिए एक और समिति बना दी है. कर्नाटक प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के महा सविच शशि कुमार कहते हैं कि किताबों के पहले पन्ने से ही स्पेलिंग की गलतियां शुरू हो जाती हैं. कुछ पन्नों पर चित्र नहीं है और किसी का प्रिंट खराब है. पेपर की गुणवत्ता भी काफी खराब है.

Image Source: News18.com


इस बारे में जब राज्य शिक्षा मंत्री तनवीर सैट से बात की गई तो उन्होंने कहा कि बीजेपी की सरकार में भी ऐसी गलतियां हुई हैं. प्रिंटर्स कई बार ऐसी गलतियां करते हैं. इसके लिए जांच बैठा दी गई है.
First published: June 20, 2017
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर