आईएस ने ली बर्लिन ट्रक हमले की जिम्मेदारी, पाक नागरिक को पकड़ा

भाषा
Updated: December 21, 2016, 11:41 AM IST
भाषा
Updated: December 21, 2016, 11:41 AM IST

बर्लिन। इस्लामिक स्टेट जिहादी समूह के बर्लिन क्रिसमस बाजार में हुए घातक ट्रक हमले की जिम्मेदारी लेने के बाद जर्मनी पुलिस ने ट्रक चालक की तलाश तेज कर दी है। एकमात्र संदिग्ध पाकिस्तान के 23 वर्षीय शरणार्थी को कल रात सबूतों के आभाव के चलते छोड़ दिया गया था लेकिन अब इस बात को लेकर चिंता ओर बढ़ गई है कि हत्यारा कौन है और साथ ही यह भी कि वह अब तक फरार है। गृहमंत्री थॉमस डी माजिए ने जर्मनी के प्रसारक जेडडीएफ से कहा कि हम इस बात से इंकार नहीं कर सकते कि आरोपी अब भी फरार है।

जर्मन मीडिया ने खबर दी थी कि हमले को लेकर 23 साल के पाकिस्तानी नावेद बी को पकड़ा गया और जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल ने कहा था कि इस ‘आतंकी’ हमले को शरण मांगने वाले एक व्यक्ति द्वारा अंजाम दिए जाने का अंदेशा है। अब बर्लिन पुलिस प्रमुख क्लॉस कैंडिट ने कहा कि यह अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है कि गिरफ्तार किया गया व्यक्ति वाहन का चालक है।

पुलिस ने कहा कि इस हमले के लिए जिम्मेदार व्यक्ति शायद अब भी फरार है और ऐसे में क्रिसमस से पहले खतरा बढ़ गया है। उधर, जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल ने इस ‘आतंकी’ घटना के लिए सख्त से सख्त सजा का संकल्प किया है। हमलावर ने पोलैंड नंबर प्लेट वाले ट्रक को कैसर विलहेम मेमोरियल गिरजाघर के सामने के पारंपरिक क्रिसमस बाजार में घुसा दिया। इस ट्रक पर इस्पात के गार्टर लदे हुए थे।

यह घटना कल रात आठ बजे (स्थानीय समयानुसार) की है। मौके पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। वाहन बाजार के भीतर करीब 50 से 80 मीटर तक घुस गया और कई लोग इसकी चपेट में आ गए और कई दुकानें भी ढह गईं। घटना में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई और 48 लोग घायल हो गए। घायलों में 18 लोगों की हालत गंभीर है।

इस घटना ने बीते 14 जुलाई को फ्रांस के शहर नीस में हुई इस तरह की एक और वारदात की याद ताजा कर दी। वहां भी एक व्यक्ति ने भीड़ के उपर ट्रक चढ़ा दिया था। पुलिस के अनुसार काले रंग का ‘स्कैनिया’ ट्रक पोलैंड की एक परिवहन कंपनी का है और संदेह है कि इसे किसी निर्माण स्थल से चुराया गया था।

पुलिस का कहना है कि वाहन के ड्राइवर के कैबिन में दो लोग मौजूद थे और वाहन रूकने के बाद ड्राइवर नीचे कूद गया और फरार हो गया। ट्रक के भीतर पोलैंड के एक नागरिक का शव बरामद किया गया। जर्मन मीडिया का कहना था कि यह ड्राइवर पाकिस्तानी नागरिक है जिसे बाद में पुलिस ने पकड़ा। जर्मनी के प्रमुख अखबार ‘बिल्ड’ ने इस पाकिस्तानी नागरिक की पहचान 23 साल के नावेद बी के रूप में की थी। अखबार कहना था कि इसने करीब एक साल पहले खुद को एक शरणार्थी के तौर पर पंजीकृत कराया था।

जर्मनी के गृह मंत्री थॉमस दी मैजेरे ने इस बात की पुष्टि की है कि यह संदिग्ध पाकिस्तानी हमलावर है और वह शरण मांगते हुए 31 दिसंबर, 2015 को जर्मनी पहुंचा था। इससे पहले मर्केल ने कहा कि प्रशासन का मानना है कि यह जघन्य घटना ‘आतंकवादी’ हमला है जिसे शरण मांगने वाले एक व्यक्ति ने अंजाम दिया होगा।

उन्होंने कहा है कि हमारे पास उपलब्ध जानकारी के अनुसार हमें इसे आतंकवादी हमला कहना होगा। जर्मन चांसलर ने कहा है कि यह हमारे लिए बहुत मुश्किल होगा अगर इसकी पुष्टि हो जाती है कि हमले को अंजाम देने वाले व्यक्ति ने जर्मनी में संरक्षण और शरण मांगी थी। उन्होंने कहा कि इस घटना के लिए कानून के तहत सख्त से सख्त सजा दी जाएगी।

हमले के पीड़ितों की याद में बर्लिन के क्रिसमस बाजार एक दिन के लिए बंद रहे, हालांकि मैजेरे ने कहा है कि बाजार बंद करना या बड़े कार्यक्रमों का टालना ‘गलत होगा।’ जर्मन गृह मंत्रालय ने कहा है कि यह आतंकवादी घटना है और क्रिसमस बाजारों को बंद करने का कोई औचित्य नहीं है।

First published: December 21, 2016
पूरी ख़बर पढ़ें
अगली ख़बर