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अब खुलेगा राज़! 85 साल बाद मिला ग्लेशियर में फंसा कैमरा; ऐसे मिली कामयाबी

दशकों पुराने कैमरों के लिए युकोन के क्लुआन नेशनल पार्क में पिछले 2 साल से खोज की जा रही थी. (फोटो- griffpost Instagram)

दशकों पुराने कैमरों के लिए युकोन के क्लुआन नेशनल पार्क में पिछले 2 साल से खोज की जा रही थी. (फोटो- griffpost Instagram)

Yukon glacier: साल 2020 में ग्रिफिन पोस्ट नाम के एक पर्वतारोही ने वॉशबर्न के खोए हुए कैमरे के बारे में पढ़ा. इसके बाद उ ...अधिक पढ़ें

Yukon glacier: कनाडा के युकोन ग्लेशियर में ढेर सारे कैमरे और इक्विपमेंट मिले हैं. कहा जा रहा है कि ये कैमरे पिछले 85 साल से ग्लेशियर में दबे थे. दशकों पुराने कैमरों के लिए युकोन के क्लुआन नेशनल पार्क में पिछले 2 साल से खोज की जा रही थी. ये सारे कैमरे एक्सप्लोरर ब्रैडफोर्ड वॉशबर्न के हैं. अब संरक्षण विशेषज्ञ ये देखने जा रहे हैं कि क्या वे कैमरे की फिल्म से किसी भी फोटो को फिर से डेवेलेप कर सकते हैं या नहीं.

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक साल 1937 में एक अमेरिकी पर्वतारोही वाशबर्न यहां पहुंचे थे. उनके साथ कई और लोग भी मौजूद थे. उनकी टीम ने माउंट लुकानिया पर चढ़ने के लिए रवाना होने से पहले वाल्श ग्लेशियर पर अपना कैंप लगाया था. कहा जा रहा है कि रवाना होने से पहले उन्होंने कैंप में कई चीज़ें छोड़ दी, जिसमें कई सारे कैमरे और इक्विपमेंट थे. ये लोग सफलतापूर्वक पहाड़ पर चढ़ गए, लेकिन खराब मौसम के चलते ये लोग अपनी चीजें लेने के लिए कैंप में कभी नहीं लौटे.

ऐसे शूरू हुई तलाश
साल 2020 में ग्रिफिन पोस्ट नाम के एक पर्वतारोही ने वॉशबर्न के खोए हुए कैमरे के बारे में पढ़ा. इसके बाद उन्होंने इसे तलाशने का मन बनाया. इसके बाद ग्रिफिन ने 18 महीने तक बेस कैंप की पुरानी तस्वीरों को खंगाला. इसके बाद उन्होंने जीपीएस का इस्तेमाल करते हुए खोज शुरू की. लेकिन 50 किलोमीटर चौड़े हिलते हुए ग्लेशियर पर ये सब करना आसान नहीं था.

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आसान नहीं था मिशन
इसके बाद इन लोगों ने ग्लेशियोलॉजी में पीएचडी के छात्र डोरा मेद्र्ज़ीका की मदद ली. मेद्रज़ीका ने कहा, ‘क्षेत्र में जाने से पहले, हमारे पास सेटेलाइट डेटा तक पहुंच थी. हम अनुमान लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि ग्लेशियर 85 वर्षों में कितनी दूर चले गए हैं, फिर भी हमारे पास केवल उसी के हिस्से के लिए डेटा है.’ मेद्रज़ीका ने कहा कि वॉल्श एक दुर्लभ “बढ़ता ग्लेशियर” है जो समय-समय पर एक सामान्य ग्लेशियर की तुलना में एक दिन में 10 से 100 मीटर तक की गति पकड़ सकता है, जो एक दिन में एक मीटर से भी कम की अपेक्षाकृत स्थिर गति से चलता है.

फिर आया वो दिन
इस साल अगस्त में ग्लेशियर की टीम की दूसरी यात्रा के 6 वें दिन तक ये नहीं था कि मेद्रज़ीका को सफलता मिली. उसने मलबे का एक लंबा बैंड देखा जो दो अंतराल को छोड़कर ग्लेशियर में काफी दूर तक था. इसके बाद इनकी टीम को कैमरे मिल गए.

Tags: Canada, Mp viral news, OMG News

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