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वैज्ञानिकों ने बनायी ऐसी लकड़ी जो स्टील की तरह है मजबूत! खास टेकनीक से हुआ निर्माण

वैज्ञानिकों ने बनायी ऐसी लकड़ी जो स्टील की तरह है मजबूत! खास टेकनीक से हुआ निर्माण

वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि ये लकड़ी, स्टील और सेरामिक का विकल्प बन सकती है. (फोटो: Youtube)

वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि ये लकड़ी, स्टील और सेरामिक का विकल्प बन सकती है. (फोटो: Youtube)

अमेरिका (USA) में वैज्ञानिकों ने एक ऐसी लकड़ी बनायी है जो स्टील (Wood as hard as Steel) जितनी सख्त है. इस लकड़ी से एक चाकू (Knife sharper than stainless steel) का भी निर्माण किया गया है जो स्टील के चाकू से भी ज्यादा धारदार है. जानिए ये कैसे हुआ मुमकिन.

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    जब लकड़ी के चाकू (wooden knife) या चम्मच के बारे में आप सोचते होंगे तो आपके जहन में ऐसे चाकुओं और चम्मचों का ध्यान आता होगा जो कभी भी बेहद आसानी से टूट सकता है. भारत में लकड़ी के चम्मचों और चाकुओं का खाने में काफी इस्तेमाल होता है मगर उन्हें किसी सख्त खाने, जैसे मांस इत्यादि को काटने के लिए नहीं उपयोग किया जाता. वो इसलिए कि ये ज्यादा मजबूत नहीं होते हैं. मगर अब वैज्ञानिकों ने लकड़ी से बना ऐसा चाकू बना लिया है जो इतना धारदार (Sharp Knife) है कि आपको लगेगा कि वो स्टील से बना हुआ है.

    रिपोर्ट्स की मानें तो अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड (University of Maryland) में वैज्ञानिकों ने लकड़ी को प्रोसेस करने का एक ऐसी टेकनीक खोज निकाली है जिसके जरिए लकड़ी को 23 गुना तक सख्त बनाया जा सकता है. इसके जरिए तेज धार वाले चाकू और नुकीली कीलों का भी निर्माण किया जा सकता है. वैज्ञानिकों ने अपनी खास टेकनीक का इस्तेमाल कर के ऐसे वुड का निर्माण किया है जो स्टील या सिरामिक के विकल्प के तौर पर इस्तेमाल किया जा सकता. वैज्ञानिकों ने लकड़ी (Wood as tough as steel) की मजबूती का सबूत दिखाने के लिए एक लकड़ी से बने डिनर नाइफ यानी खाने के दौरान इस्तेमाल किए जाने वाले चाकू का निर्माण किया है जो स्टेनलेस स्टील से 3 गुना ज्यादा धारदार है और एक कील का भी निर्माण किया है जो दूसरी लकड़ी को आसानी से छेद सकती है और उसमें जंग भी नहीं लगेगा.

    यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर टेंग ली ने कहा कि जब आप अपने चारों ओर सख्त चीजों को देखते हैं तो अधिकतर चीजें आपको इंसानों द्वारा बनाई गई ही नजर आती हैं. ऐसा इसलिए क्योंकि प्राकृतिक रूप से बनी वस्तुएं हमारी जरूरतों को वैसे ही नहीं पूरा कर पातीं जैसे हम उन्हें पूरा करवाना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि लकड़ियों में सेल्यूलोज नाम का एक कंपोनेंट होता है जो उसकी मजबूती को और बढ़ाने में मदद करता है. प्राकृतिक रूप से बनी लकड़ी में सेल्यूलोज की मात्रा कम होती है जिसके कारण वो उतनी सख्त नहीं होती जितनी इंसानी लकड़ी को बनाया गया है. वैज्ञानिकों की टीम ने इस सख्त लकड़ी को दो स्टेप में बनाया है. पहले स्टेप में लकड़ी के लिगनेन को हटाया गया है जिससे लकड़ी सॉफ्ट और फ्लेक्सिबल बनती है और दूसरे स्टेप में ज्यादा प्रेशर डालकर उसमें से पानी निकाला गया है जिसे लकड़ी और घनी बन जाए. इसके बाद सख्त हो चुकी लकड़ी को किसी भी शेप में ढाल लिया जाता है.

    Tags: Ajab Gajab news, OMG News

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