कार-बाइक चलाने वालों के लिए बड़ी खबर! हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट न होने पर भी नहीं कटेगा चालान

हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट न होने पर नहीं होगा चालान
हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट न होने पर नहीं होगा चालान

कैलाश गहलोत (Kailash Gahlot) ने कहा, उचित व्यवस्था लागू होने के बाद ही हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (High Security Number Plate) लगाने के लिए समय सीमा तय की जाएगी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 8, 2020, 8:40 AM IST
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नई दिल्ली. दिल्ली सरकार के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत (Kailash Gahlot) ने वाहनों में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने की योजना फिलहाल स्थगित कर दी है. उन्होंने कहा कि उचित व्यवस्था लागू होने के बाद ही नंबर प्लेट लगाने के लिए समय सीमा तय की जाएगी. गहलोत ने इस विषय में जनता की शिकायतों को दूर करने के लिए सभी हितधारकों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक भी की. बैठक के दौरान परिवहन मंत्री ने वाहन मालिकों द्वारा अपने वाहन पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (HSRP) फिट करने के संबंध में आने वाली समस्याओं पर चर्चा की. उन्होंने वाहन निमार्ताओं की शिकायतों के समाधान के लिए ओईएम निमार्ताओं को एक सिस्टम बनाने का निर्देश दिया.

गहलोत ने कहा कि सरकार पहले वाहन मालिकों की समस्याएं दूर करेगी साथ ही वाहन मालिकों को कलर कोटेड स्टिकर लगाने के लिए पर्याप्त समय दिया जाएगा. उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जब तक उचित व्यवस्था लागू न हो जाए, तब तक एचएसआरपी फिटमेंट के लिए कोई नई नियुक्ति बुक न करें. गहलोत ने कार्रवाई नहीं करने के आदेश जारी किए हैं. जिससे दिल्ली में फिलहाल वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट न लगाने पर चालान नहीं किया जाएगा.


क्या है हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट (HSRP)? 
HSRP एक होलोग्राम स्टीकर होता है, जिस पर वाहन के इंजन और चेसिस नंबर होते हैं. हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट वाहन सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखकर बनाई गई है. यह नंबर प्रेशर मशीन से लिखा जाता है. प्लेट पर एक तरह का पिन होगा जो आपके वाहन से जोड़ेगा. यह पिन एक बार आपके वाहन से प्लेट को पकड़ लेगा तो यह दोनों ही तरफ से लॉक होगा और किसी से नहीं खुलेगा.



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हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट के लिए ऐसे करें अप्लाई
>> पहले वाहन चालकों को bookmyhsrp.com/index.aspx वेबसाइट पर क्लिक करना होगा. वेबसाइट खुलने पर निजी और सार्वजनिक वाहन में से किसी एक विकल्प को चुनना होगा.
>> इसके बाद वाहन के पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, इलेक्टिक, सीएनजी सह पेट्रोल होने का विकल्प खुलेगा, इसमें से भी किसी एक पर क्लिक करना होगा. क्लिक करने पर वाहनों की श्रेणी खुलेगी जैसे स्कूटर, मोटरसाइकिल, गाड़ी, ऑटो, भारी वाहन में से किसी एक का चुनाव करना होगा.
>> इसके बाद दूसरा विकल्प खुलेगा, जिसमें वाहन की कंपनी के बारे में जानकारी देनी होगी. अगला क्लिक करने पर राज्य का विकल्प आएगा. इसे भरने पर डीलर्स के विकल्प दिखने लगेंगे. डीलर का चुनाव करने के बाद वाहन संबंधी जानकारी भरनी होगी.

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>> इसमें पंजीकरण नंबर, पंजीकरण तिथि, इंजन नंबर, चेसिस नंबर, ई-मेल आइडी, मोबाइल नंबर के बारे में बताना होगा.
>> इसके बाद एक और विंडो खुलेगी, जिसमें वाहन मालिक का नाम, पता और दूसरी जानकारी भरनी होगी. वाहन की आरसी और आइडी प्रूफ भी अपलोड करना होगा.
>> इसके बाद मोबाइल ओटीपी जेनरेट हो जाएगा. फिर बुकिंग के समय और तिथि का विकल्प दिखेगा.
>> अंत में भुगतान की प्रक्रिया का विकल्प आ जाएगा.
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