• Home
  • »
  • News
  • »
  • auto
  • »
  • सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के बाद अब वाहन के साथ थर्ड पार्टी इंश्योरेंस भी ट्रांसफर माना जाएगा

सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के बाद अब वाहन के साथ थर्ड पार्टी इंश्योरेंस भी ट्रांसफर माना जाएगा

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि अगर आपने किराए पर गाड़ी ली है तो उसका बीमा भी ट्रांसफर माना जाएगा.

सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि अगर आपने किराए पर गाड़ी ली है तो उसका बीमा भी ट्रांसफर माना जाएगा.

सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने पिछले दिनों एक अहम फैसला (Decision) सुनाया है. सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि अगर आपने किराए पर गाड़ी (Car on Rent) ली है तो उसका बीमा (Insurance) भी ट्रांसफर माना जाएगा. अगर किराये पर लेने के बाद गाड़ी हादसे का शिकार हो जाता है तो इंश्योरेंस कंपनी को मुआवजा (Compensation) देना होगा.

  • Share this:
नई दिल्ली. सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने पिछले दिनों एक अहम फैसला (Decision) सुनाया है. सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि अगर आपने किराए पर गाड़ी (Car on Rent) ली है तो उसका बीमा (Insurance) भी ट्रांसफर माना जाएगा. अगर किराये पर लेने के बाद गाड़ी हादसे का शिकार हो जाता है तो इंश्योरेंस कंपनी को मुआवजा (Compensation) देना होगा. बता दें कि सुप्रीम कोर्ट के सामने सवाल था कि अगर वाहन इंश्योर्ड है और उस एग्रिमेंट के तहत कॉरपोरेशन वाहन को तय रूट पर चला रहा है और अगर इस दौरान कोई हादसा हो जाता है तो मुआवजा देने के लिए बीमा कंपनी जिम्मेदार होगी या कॉरपोरेशन या फिर वाहन मालिक? सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि एग्रिमेंट के तहत कॉरपोरेशन वाहन मालिक की तरह है क्योंकि उस वाहन की कमांड उसके पास है. ड्राइवर या कंडक्टर उसके मातहत काम कर रहे हैं. ऐसे में वाहन के साथ बीमा पॉलिसी भी ट्रांसफर मानी जाएगी.

सुप्रीम कोर्ट ने बीमा कंपनी को लेकर सुनाया अहम फैसला
बता दें कि पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट के सामने यूपी स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन के साथ एक मालिक का एग्रिमेंट से जुड़ा मामला आया था. एग्रिमेंट के मुताबिक वाहन मालिक ने यूपी ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन को बस किराये पर दी थी. किराये की अवधि के दौरान बस मालिक ने इंश्योरेंस करा रखा था. बस 25 अगस्त 1998 के एक हादसे का शिकार हो गई. इस हादसे में एक शख्स की जान चली गई. परिजनों ने मोटर एक्सिडेंट क्लेम ट्रब्यूनल में अर्जी दे कर मुआवजा मांगा. ट्रिब्यूनल ने बीमा कंपनी को आदेश दिया कि वह परिजनों को 1.82 लाख मुआवजे के साथ 6 प्रतिशत ब्याज भी दे.

Supreme Court, Supreme Court Decision, Insurance, Compensation, UP roadways bus, up transport corporotaion, auto news, सुप्रीम कोर्ट, एग्रिमेंट, इंश्योरेंस कंपनी, मुआवजा, पॉलिसी, ऑटो न्यूज, यूपी स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन, Supreme Court this decision now insurance companies will have to pay compensation on rent Car bus accident NODRSS
SC के सामने यूपी स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन के साथ एक मालिक का एग्रिमेंट से जुड़ा मामला आया था. (फाइल फोटो)


क्या था मामला
लेकिन, बीमा कंपनी इस फैसले को इलाहाबाद हाई कोर्ट में चुनौती दी. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने कहा कि थर्ड पार्टी मुआवजे के भुगतान की जिम्मेदारी बीमा कंपनी को नहीं है, क्योंकि बस किराये पर यूपी ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन चला रहा था. इसके बाद कॉरपोरेशन ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी.

ये भी पढ़ें: अगर नक्शे से अलग बनाया मकान या की प्लॉटिंग तो आपके खिलाफ होगी सख्‍त कार्रवाई, जानें सबकुछ

सुप्रीम कोर्ट ने लंबी सुनवाई को बाद बुधवार को इस केस में फैसला दिया. सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में साफ कर दिया कि अगर गाड़ी मालिक से कोई कंपनी या संस्था किराये पर लेती है तो वाहन के साथ उसके थर्ड पार्टी इंश्योरेंस भी ट्रांसफर माना जाएगा. एग्रिमेंट के अवधि के दौरान अगर गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त होती है तो बीमा कंपनी मुआवजा देने से बच नहीं सकती है.

पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज