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Tata Motors और Maruti इस राज्य में शुरू करना चाहती है इलेक्ट्रिक कारों की मैन्युफैक्चरिंग, जानिए सबकुछ

झारखंण्ड बन सकता है इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के निर्माण का हब.

झारखंण्ड बन सकता है इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के निर्माण का हब.

राज्य सरकार ने अपने इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी के लागू होने के 2 साल के अंदर तक राज्य में इलेक्ट्रिक सेटअप करने पर कंपनियों को झारखण्ड में 50 प्रतिशत की सब्सिडी झारखण्ड इंडस्ट्रियल एरिया डेवलपमेंट (JIAD ) के तहत राज्य में जमीन भी ऑफर कर रही है.

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    नई दिल्ली. झारखण्ड को पूर्वी भारत का इलेक्ट्रिक हब बनाने की तैयारी चल रही है, राज्य में इलेक्ट्रिक व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग सेटअप के लिए राज्य सरकार टाटा मोटर्स, मारुति सहित अन्य वाहन निर्माता कम्पनियो के सम्पर्क में है. राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पिछले शुक्रवार को इलेक्ट्रिक मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटीज को टाटा और मारुति कंपनियों को ऑफर किया है. इसके अलावा राज्य का डेलीगेशन इन दो भारतीय कंपनियों के अलावा हुंडई, टोयोटा और होंडा कंपनियों को भी राज्य में इलेक्ट्रिक मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी लगाने के लिए सम्पर्क में है.

    इन कंपनियों को सौपे गए राज्य इलेक्ट्रिक व्हीकल पालिसी के अनुसार, राज्य सरकार ने कंपनियों को स्टाम्प ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन फी फुल छूट की वादा किया है. इसके अलावा राज्य सरकार ने अपने इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी के लागू होने के 2 साल के अंदर तक राज्य में इलेक्ट्रिक सेटअप करने पर कंपनियों को झारखण्ड में 50 प्रतिशत की सब्सिडी झारखण्ड इंडस्ट्रियल एरिया डेवलपमेंट (JIAD ) के तहत राज्य में जमीन भी ऑफर कर रही है, राज्य सरकार ने इसके अलावा इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी के प्रति प्रतिबद्धता दिखते हुए कंपनियों को रोड टैक्स और व्हीकल रजिस्ट्रेशन में भी फुल छूट देने का वादा किया है.

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    इस अवसर पर मुख्यमंत्री सोरेन के कहा कि “राज्य में पारित इलेक्ट्रिक पॉलिसी भविष्य की पॉलिसी है, क्यूंकि अगर आप भविष्य की तरफ देखते है तो पाते है की इलेक्ट्रिक व्हीकल्स ही भविष्य की व्हीकल है”. राज्य सरकार का लक्ष्य 1 लाख करोड़ का इन्वेस्ट प्राप्त करना और इसके जरिये राज्य में 5 लाख रोजगार को पैदा करना है. इसी लक्ष्य के लिए राज्य में 2 दिन का इन्वेस्टर मीट का आयोजन किया गया है. न्यूज़ एजेंसी पीटीआई के अनुसार इस आयोजन में मुख्यमंत्री ने टाटा मोटर्स के ग्रुप से पूछा कि आप यहाँ इलेक्ट्रिक व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग क्यों नहीं लगाते, हालांकि टाटा ग्रुप का इस पर ऑफिसियल रिस्पांस अभी तक नहीं आया है.

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    राज्य सरकार के वाहन निर्माता कंपनियों को अपने यहाँ इलेक्ट्रिक सेटअप करने से पहले भी टाटा मोटर्स की इलेक्ट्रिक व्हीकल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट राज्य के जमशेदपुर में पहले से ही है. कंपनी के कॉर्पोरेट अफेयर्स के ग्लोबल हेड सुशांत नाइक कंपनी के अन्य ऑफिशल्स के साथ राज्य के मुख्यमंत्री सोरेन से इस मामले की मीटिंग में शामिल हुए. झारखण्ड राज्य का इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी उड़ीसा के देश के दसवे इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी वाले राज्य बनाने के बाद आया है, ओडिशा ने हाल में अपने राज्य में इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी लॉन्च करने वाला देश का दसवा राज्य बना था. उड़ीसा अपने राज्य में कार निर्माता कंपनियों से इलेक्ट्रिक मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी के साथ साथ इलेक्ट्रिक व्हीकल कॉम्पोनेन्ट और वाहनों में प्रयुक्त होने वाले बैटरी के निर्माण सेटअप के लिए आग्रह किया है.

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