• Home
  • »
  • News
  • »
  • bihar
  • »
  • एके-47 बरामदगी के बावजूद बड़ी कामयाबी से वंचित रह गई बेगूसराय पुलिस, 'विभागीय विभीषण' ने बिगाड़ा प्लान

एके-47 बरामदगी के बावजूद बड़ी कामयाबी से वंचित रह गई बेगूसराय पुलिस, 'विभागीय विभीषण' ने बिगाड़ा प्लान

बेगूसराय पुलिस ने एके 47 राइफल बरामद किया, लेकिन पूरी कामयाबी नहीं मिल पाई.

बेगूसराय पुलिस ने एके 47 राइफल बरामद किया, लेकिन पूरी कामयाबी नहीं मिल पाई.

Begusarai Crime News: एके-47 बरामदगी मामले का उद्भेदन होते ही प्रशासनिक एवं राजनीतिक गलियारों में खलबली मच गया. एक तरफ जहां भाकपा ने सत्ता पक्ष के लोगों पर अपराधी को संरक्षण देने का आरोप लगाया है, वहीं, बेगूसराय पुलिस पर अपराधियों से मिलीभगत के आरोप भी लग रहे हैं.

  • Share this:

बेगूसराय. जिला पुलिस को 19 सितंबर की रात नगर थाना क्षेत्र के कपस्या चौक पर बड़ी कामयाबी हासिल हुई थी जिसमें एके-47 स्वचालित राइफल (AK-47 Rifle) के साथ पुलिस ने मंजेश कुमार नामक अपराधी को गिरफ्तार किया था. बाद में जब मंजेश कुमार से पूछताछ की गई तो उसने अपने आप को नंदन चौधरी का ड्राइवर बताया. जांच के क्रम में पुलिस को पता चला कि नंदन चौधरी बेगूसराय विधानसभा क्षेत्र (Begusarai Assembly Constituency) के भाजपा विधायक कुंदन सिंह (BJP MLA Kundan Singh) के फुफेरे भाई हैं.  मामला संज्ञान में आने के बाद राजनीतिक गलियारों में भी हलचल मच गई. पूर्व सांसद शत्रुघ्न प्रसाद सिंह ने हमला बोलते हुए कहा है कि अब बेगूसराय के अपराधियों को भी राजनीतिक संरक्षण प्राप्त होने लगे है ,जिससे अपराधियों का मनोबल बढ़ा है.

दरअसल 19 सितंबर को बेगूसराय पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कपस्या चौक के समीप स्वचालित अग्नियास्त्र एके-47 के साथ कुछ अपराधी देखे गए हैं, जो किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में हैं. सूचना मिलते ही बेगूसराय के एसपी अवकाश कुमार ने सदर डीएसपी अमित कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया, तथा उक्त स्थल पर छापेमारी की गई. जहां से मंजेश कुमार उर्फ बड़े नामक अपराधी को एके-47 राइफल, दो लोडेड मैगजीन, 188 जिंदा कारतूस, एक बाइक एवं एक मोबाइल के साथ गिरफ्तार किया गया.

जांच के क्रम में पाया गया कि मंजेश कुमार शहर के एक रसूखदार सफेदपोश नंदन चौधरी का ड्राइवर है और नंदन चौधरी रिश्ते में बेगूसराय के विधायक कुंदन सिंह के फुफेरे भाई हैं. इस बीच पुलिस के द्वारा उक्त छापेमारी को मीडिया की नजरों से भी बचाया गया क्योंकि पुलिस को सूचना मिली थी की अपराधी के किसी एक गुप्त ठिकाने पर एक और स्वचालित हथियार रखा हुआ है, लेकिन, इसी बीच पुलिस के ही किसी पदाधिकारी के द्वारा उक्त वीडियो को वायरल कर दिया गया जिससे कि पुलिस सूचित हथियार को बरामद करने से वंचित रह गई.

बेगूसराय के एसपी ने जांच के बाद कार्रवाई की कही बात 
उक्त मामले के बाद बेगूसराय के एसपी अवकाश कुमार ने कहा है कि सर्वप्रथम नंदन चौधरी को गिरफ्तार किया जाएगा और नंदन चौधरी से पूछताछ के बाद जो भी दोषी पाए जाएंगे उन पर कार्रवाई की जाएगी. एसपी अवकाश कुमार ने वीडियो वायरल करने वाले पुलिस पदाधिकारी को भी चिन्हित कर कार्रवाई की बात कही है. फिलहाल इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में भी आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है. एक तरफ जहां भाकपा के नेता सह पूर्व सांसद शत्रुघ्न प्रसाद सिंह ने सत्ता पक्ष के लोगों पर अपराधी को संरक्षण देने का आरोप लगाया है तो वहीं पुलिस के भी भ्रष्ट पदाधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है.

पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज