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    भोजपुरी में पढ़ें: कुम्हरार सीट के चुनाव के आंखों देखा हाल- बिना भीड़ के चुनाव

    भोजपुरी विशेष
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    2019 में सुबह आठे बजे से लमहर लाइन लाग गइल रहे. 2020 के बिधानसभा चुनाव में बारह बजे ले एक्का दूक्का भोट परत रहे. कोरोना गाइडलाइंस के हिसाब से मोटामोटी इंतजाम रहे लेकिन भोटर लोग में ओतना जोश ना देखाई पड़ल.

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    पटना में पिछिला लोकसभा चुनाव के तुलना में अबकी बेर बहुत कम भीड़ नजर आइल. 2019 में सुबह आठे बजे से लमहर लाइन लाग गइल रहे. 2020 के बिधानसभा चुनाव में बारह बजे ले एक्का दूक्का भोट परत रहे. कोरोना गाइडलाइंस के हिसाब से मोटामोटी इंतजाम रहे लेकिन भोटर लोग में ओतना जोश ना देखाई पड़ल. पेश बा पटना के कुम्हरार बिधानसभा सीट के एगो बूछ के आंखों देखा हाल.

    मददगार मैडम

    कुम्हरार विधानसभा सीट, पटना, बूथ के नम्बर 197, नवरतनपुर सामुदायिक केन्द्र. समय सुबह के 9.30 बजे. ई बूथ एगो मंदिक के हाता में बा. बूथ के बहरी पुलिस अउरी पारा मलेटरी फोर्स के जवान हरवे हथियार से लैस खाड़ा बाड़े. बूथ के बहरी दू गो मैडम (बीएलओ) पर्ची अउर भोटर लिस्ट लेके बइठल बाड़ी जा. मैडम लोग सहयोगी सोभाव के रही. बेपढ़ल मरद-मेहरारू के भोटर लिस्ट में नाम खोजे खातिर चाहे पर्ची देवे में बिना खिसिइले मदद करत रहे लोग . भीड़ कवनो जादा ना रहे. ओही घरी एक गो कौलजिया लइकी आ के कहलस, मैडम मेरा नया फोरम भराया है, अभी तक ले भोटर आइ कार्ड नहीं मिला है. एपिक नम्बर तो लाई हूं, क्या उससे काम हो जाएगा ? मैडम शांति से कहली, ई काम तो कम्पूटर से होगा, उसमें खोजना पड़ेगा. ओहिजे एक पढ़नियार लइका मोबाइल ले के खाड़ा रहे. मैडम कहली, बेटा जरा इसका एपिक नम्बर मोबाइ में डाल के भोटर क्रमांक खोज दो. एतना परेम से बोलला पs भला के ना कहल मानी. लइका के अंगुरी मोबाइल पs खटsखटs चले लागल. एक्को मिनट ना लागल कि नम्हर खोजा गइल. ओह नम्बर के देख के मैडम कौलेजिया लइकी के भोटर पर्ची दे दे देली.



    पहिला बेर भोट डाले के खुशी
    भोटर पर्ची पs लइकी के फोटो देख के मैडम कहली, अरे तुम्हारा तो भोटर आइकार्ड भी आया हुआ है. तुम्हारा चेहरे देख के चिन्ह गयी. तुम पहले लेने काहे नहीं आयी ? रुको दू मिनट, झोला से निकालती हूं. उ लइकी के हाथ में जब नया चमचमात भोटर आइकार्ड मिलल तs ओकर खुशी देखे लाएक रहे. पहिला बेर भोट डाले के मौका मिलल रहे. उ लइकी मैडम के हाथ जोड़ के परनाम कइलस अउर मदद खातिर थैंक यू कहलस. जहां पर्ची बंटातs रहे ओकरा से कुछ फरके चार पांच लइका साइकिल लगा के बेमतलब के खाड़ा रहन. ई देख के एके-47 लेले एक जवान ओहिजा पहुंच गइल. ओकरा हाथ में एक गो छड़ी रहे. उ लइकन के छड़ी से हटे के इशारा कइलस. एकरा बाद तs अगल-बगल के जगह बेलकुले खाली हो गइल. भोट सात बजे से शुरु रहे लेकिन साढ़े नौ बजे ले बूथ पs एक-दुइए अदिमी लउकले. बूथ कैम्पस में मेडिकल बिभाग के एगो मैडम सैनिटाइजर अउर दस्तना लेके बइठल रही. थर्मल स्क्रीनिंग के भी व्यस्था रहे. लेकिन भीड़ एकदम्मे ना रहे. एक साल पहिले चुनाव भइल रहे तो साढ़े नौ बजे ले चालीस-पचास अदिमी के लाइन लागल रहे.

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    बारहो बजे ले भीड़ ना
    समय 12 बज के 10 मिनट।.  नवरतनरपुर सामुदायिक केन्द्र में दू गो बूथ रहे. मतदानकरमी, बूथ एजेंट अउर थाना के दरोगा जी आराम से कुर्सी पs बइठल बाड़े. गोल घेरा बनल बा लेकिन सभ खाली बा. लागते नइखे कि भोट पड़ रहल बा। दस-पंदरह मिनट बीततs रहे तs केहू भोट देवे पहुंचत रहे. मौसम भी ठीक रहे। कवनो गरमी ना रहे. तब्बो भोटर लोग पहिले जइसन घर से बहरी ना निकलले. बूथ कैम्पस में दस्ताना फेंके खातिर डिब्बा राखल रहे एकरा बादो लोग रोड आ गली में जहां तहां दस्ताना फेंक देले रहन. भोट खातिर भीड़ कम काहे भइल ? कुछ लोग के कहनाम रहे कि कोरोना के चलते पटना के बहुते लोग अपना-अपना गांवे चल गइले. रोजी रोजगार खातिर बहुत लोग गांव देहात से आ के पटना में रहत रहे लोग. उ लोग पटने के भोटर लिस्ट में आपन नमा लिखा लेले रहे लोग. लेकिन जब चुनाव के टाइम आइल तs उ लोग गांवे से ना लौट पाइल. अब तs कुछ दिन में धनकटनी शुरू होई. छठो नियराइले गइल बा. ऐह से ढेर अदिमी गांवे से पटना ना अइले। कुछ अदिमी आलसो में घर से ना निकले.

    शांतिपूर्ण मतदान

    दोकान बंद रहे. रोड पs भोटे देवे वाला के आवाजाही रहे. पुलिस अउर पारामलेटरी फोर्स के बेवसथा एतना टाइट रहे कि केहू के हूल गड़ापा करे के हिम्मते ना रहे. चौतरफा शांति रहे. पहिले चुनाव में केतना जोश रहत रहे लेकिन अबकी बेर कवनो शोर शराबा ना रहे. कुम्हरार सीट पs भाजपा के अरुण सिन्हा के मुकाबला राजद के धरमेनदर चंदरबंसी से बा. अरुण कुमार सिन्हा एह सीट पs 2005, 2010 अउर 2015 में जीत चुकल बाड़े. 2015 में अरुण सिन्हा 37 हजार भोट से जीतल रहन, लेकिन अबकी लड़ाई बहुत टाइट बा.
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