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बिहार: असामाजिक तत्वों ने तालाब में डाला जहर, आठ लाख की मछलियां मरीं

मछलियों के मरने पर दिखाते मत्स्य पालक

मछलियों के मरने पर दिखाते मत्स्य पालक

Bihar News: गोपालगंज के रामचंद्रपुर गांव में स्थित एक बड़े तालाब में असामाजिक तत्वों ने जहर डाल दिया जिससे एक ही दिन में 8 लाख रुपये की मछलियां मर गईं. बताया जा रहा है कि पांच साल के लिए लीज पर लेकर गांव के ही कुछ लोगों ने मत्स्य पालन का कार्य किया था. इस घटना के बाद मछली पालन करने वालों में भय का माहौल कायम है.

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गोपालगंज. एक तालाब में शरारती तत्वों द्वारा जहर डालने का मामला प्रकाश में आया है. जहर डाले जाने के कारण लगभग 8 लाख की मछलियां मर गयीं. मामला थावे थाना क्षेत्र के रामचंद्रपुर गांव का है. इस घटना को लेकर मत्स्य पालन करने वालों में हड़कंप का माहौल कायम है.

बताया जाता है कि रामचंद्रपुर गांव स्थित इस बड़े तालाब को पांच साल के लिए लीज पर लेकर गांव के ही रामाकांत राम, अमित कुमार और विशाल राम ने मत्स्य पालन किया था. मछलियां तैयार हो चुकीं थीं और सावन माह खत्म होने पर बेची जानी थीं. लेकिन मौके की तलाश पाकर असामाजिक तत्वों के द्वारा मत्स्य पालन किए गए तालाब में जहर डाल दिया गया.

बताया जा रहा है कि इस बात की जानकारी किसी को नहीं हुई. लेकिन, गुरुवार की देर शाम से ही तालाब की मछलियां मरने लगीं. यह देखकर मत्स्य पालन करने वालों में हड़कंप मच गया. वहीं इस मामले में मत्स्य पालकों ने थाने में अज्ञात के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन देकर कार्रवाई की गुहार लगाई है. पीड़ित मत्स्य पालक रामाकांत राम ने बताया कि शुक्रवार की सुबह तक तकरीबन 30 से 32 क्विंटल मछलियां मर गईं जिसकी कीमत 8 लाख से ऊपर बताई जाती है.

पीड़ित मछली व्यवसायी ने बताया कि मरी हुई मछलियों को लेकर जिला मुख्यालय स्थित प्रयोगशाला में जांच कराया गया तो तालाब में जहर की मात्रा 8.1 मिला. जांच रिपोर्ट के बाद यह स्पष्ट हुआ कि शरारती तत्वों के द्वारा तालाब में जहर डाल कर मछलियों को मारा गया है, जिससे मछली पालन करने वालों का तकरीबन चार लाख से ऊपर की संपत्ति बर्बाद हुई है.

मत्स्य पालन करने वाले अमित कुमार और विशाल राम ने बताया कि पिछले तीन-चार साल से लीज पर तालाब लेकर मछली पालन करते हैं, जिससे कई परिजनों का भरण पोषण चलता है. मछली पालकों ने बताया कि अभी तक इस तालाब में जहर डालने की प्रक्रिया सामने नहीं आई.

लेकिन, शरारती तत्वों के करतूत से मछली पालन करने वालों में भय का माहौल कायम है. सदर एसडीपीओ संजीव कुमार ने बताया कि मत्स्य पालन करने वालों के द्वारा आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी.

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