जहानाबाद विधानसभा सीट: कभी नक्सलियों के गढ़ रहे इस सीट पर NDA बनाम महागठबंधन है लड़ाई

बिहार के जहानाबाद में 2020 के चुनाव पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं
बिहार के जहानाबाद में 2020 के चुनाव पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं

Bihar Assembly Elections: बिहार की जहानाबाद सीट (Jehanabad Assembly Seat) पर अभी राजद का कब्जा है लेकिन 2015 के चुनाव से अलग समीकरण के कारण इस सीट से एनडीए को अपनी वापसी का पूरा भरोसा है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 27, 2020, 6:23 AM IST
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जहानाबाद. कभी नक्सलियों का गढ़ कहा जाने वाला जहानाबाद विधानसभा (Jehanabad Assembly Seat) क्षेत्र बिहार की उन सीटों में शामिल है जिस पर सभी की निगाहें होती हैं. जहानाबाद सदर प्रखंड के अलावा रतनी प्रखंड और जहानाबाद नगर परिषद इस विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत पड़ते हैं. पूर्व के समय में नक्सली गतिविधियों के लिए कुख्यात विधानसभा क्षेत्र की सीमा अरवल और पटना जिले से मिलती है. अपने राजनीतिक कारणों से कम और सामाजिक और नक्सली कारणों के लिए ज्यादा चर्चित रहे इस विधानसभा क्षेत्र का फिलहाल राजद (RJD) के कुमार कृष्ण मोहन उर्फ सुदय यादव प्रतिनिधित्व कर रहे हैं.

जहानाबाद नगर परिषद इलाके को छोड़कर ज़्यादातर आबादी ग्रामीण क्षेत्रो में ही रहती है. इस विधानसभा क्षेत्र में मुख्य मुकाबला राजद और एनडीए समर्थित पार्टियों के बीच में ही होता आया है. हालांकि इस विधानसभा क्षेत्र से प्रत्येक चुनाव में भाकपा माले भी अपनी ज़ोरदार उपस्थिति दर्ज कराई है जबकि एक बार निर्दलीय प्रत्याशी भी इस विधानसभा क्षेत्र से चुनकर विधायक बने हैं.

रोचक तथ्य



सन 2015 में हुए चुनाव में इस सीट से महागठबंधन के प्रत्याशी मुंद्रिका सिंह यादव ने एनडीए समर्थित उम्मीदवार प्रवीण कुमार को पराजित किया था परंतु मुंद्रिका सिंह यादव के देहांत के बाद और महागठबंधन से राजद और जदयू के अलग होने के बाद 2018 में हुए मध्यविधि चुनाव में मुंद्रिका सिंह यादव के पुत्र कुमार कृष्ण मोहन उर्फ सुदय यादव ने जदयू प्रत्याशी अभिराम शर्मा को बड़े अंतर से हराया. जदयू के तमाम बड़े नेताओं के दौरे और कैम्प करने के बावजूद इस चुनाव में जितने वोट अभिराम शर्मा को मिले थे उस मतों से ज़्यादा उनकी हार का अंतर था.
समस्या

इस विधानसभा क्षेत्र से मोरहर, बल्दैया, दरधा सहित कई नदियां गुजरने के बावजूद नदियों में बांध ना होने की वजह से सिंचाई की बड़ी समस्या है इसके साथ साथ हैं बरसात के दिनों में नदियों में बाढ़ आ जाने से कई इलाके कई कई दिनों तक बाढ़ के पानी में घिरे रहते हैं. इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क और पुल ना होने की वजह से ग्रामीणों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. फिलहाल कई गांवों में ग्रामीणों ने विरोध स्वरूप सड़क और पुल ना होने की वजह से वोट बहिष्कार और प्रचार में गांव आने वाले नेताओं का बहिष्कार की घोषणा की है.

मतदाताओं की संख्या

इस विधानसभा क्षेत्र में तकरीबन 283537 मतदाता हैं जिनमें महिलाओं की संख्या 133621 वहीं पुरुष मतदाता 148909 हैं. इसके अलावा 07 थर्ड जेंडर भी इस विधान सभा क्षेत्र में मतदाता हैं.



विजयी और पराजित प्रत्याशी

2018 ( मध्यविधि चुनाव) 1. कुमार कृष्ण मोहन उर्फ सुदय यादव (राजद) 770703  2. अभिराम शर्मा( जदयू) 42667. 2015. मुंद्रिका सिंह यादव ( राजद) 76458, प्रवीण कुमार( आरएलएसपी) 46137. 2010. अभिराम शर्मा( जदयू) 35508, सचिदानंद यादव(राजद) 26946. 2005 सचिदानंद यादव( राजद) 28696, अकबर इमाम( जदयू) 24215
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