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शिया वक्फ बोर्ड की जमीन पर माफियाओं की नजर, सरकारी फाइलों से कागज ही फाड़े

Praveen Thakur | News18Hindi
Updated: February 8, 2020, 10:50 PM IST
शिया वक्फ बोर्ड की जमीन पर माफियाओं की नजर, सरकारी फाइलों से कागज ही फाड़े
मुजफ्फरपुर में मौलाना सैयद मोहम्मद काजिम शबीब पिछले 7 सालों से वक्फ की जमीन बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं.

बिहार में शिया वक्फ बोर्ड की जमीन पर माफियाओं की नजर पड़ गई है. हालात यह हैं कि या तो जमीन संबंधी दस्तावेज ही गायब कर दिए गए हैं या फिर सरकारी फाइलों से कागज फाड़ दिए हैं.

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  • Last Updated: February 8, 2020, 10:50 PM IST
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मुजफ्फरपुर. बिहार में शिया वक्फ बोर्ड की जमीन पर माफियाओं की नजर पड़ गई है. हालात यह हैं कि या तो जमीन संबंधी दस्तावेज ही गायब कर दिए गए हैं या फिर सरकारी फाइलों से कागज फाड़ दिए हैं. मुजफ्फरपुर में मौलाना सैयद मोहम्मद काजिम  शबीब पिछले 7 सालों से वक्फ की जमीन बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं. मौलाना के अनुसार मुजफ्फरपुर समेत बिहार में हजारों एकड़ जमीन शिया वक्फ बोर्ड की थी लेकिन धीरे-धीरे इन कीमती जमीनों पर वक्फ बोर्ड के अधिकारी और जमीन माफियाओं की नजर पड़ी,  इसके बाद जमीन का रकबा कम होता चला गया. खासकर शहरी क्षेत्र के जमीनों को निशाना बनाया गया और वक्फ के केयरटेकर यानी मौतवल्ली से मिलकर वक्फ की जमीन को बेचा जाता रहा.

सरकारी रिकॉर्ड से गायब हो रहे कागजात
शिया वक्फ बोर्ड के अधीन आने वाले मुजफ्फरपुर के नवाब मोहम्मद तकी खां शिया वक्फ स्टेट में भी ऐसा ही एक मामला सामने आया है. साढे़ सात बीघे की जमीन इस वक्फ को मिली हुई थी. लेकिन सूचना के अधिकार से जब इस मामले को लेकर जानकारी जुटाई गई तो पता चला कि अंचल समेत जिला मुख्यालय के सभी दस्तावेज गायब हैं. मुसहरी अंचल के रिपोर्ट दो की फाइल से जमीन के दस्तावेज फाड़ लिए गए तो वहीं रजिस्ट्री ऑफिस से लेकर कमिश्नर के यहां भी कागजात का कोई पता नहीं चल रहा है. सूचना के अधिकार से मिली जानकारी में बताया गया है कि वक्फ से जमीन के संबंधित कागजात रजिस्टर से फाड़ लिये गए हैं.

इसलिए बेच दी जमीन

सूचना के अधिकार के तहत जब शिया वक्फ बोर्ड पटना से यह जानकारी मांगी गई कि आखिर मुजफ्फरपुर के सुगरा बेगम सिया वर्क स्टेट की जमीन क्यों बेची गई. तो बताया गया कि सुन्नी समुदाय के लोग शिया वक्फ बोर्ड की जमीन पर कब्जा करने वाले थे इसीलिए उस समय के मौत- वल्ली इसरार हुसैन ने इसे बेच दिया. आज इसरार हुसैन वक्फ बोर्ड का सदस्य है.

सरकार पर संरक्षण देने का आरोप
मुजफ्फरपुर में कमरा शिया जामा मस्जिद के इमाम मौलाना सैयद मोहम्मद काजिम शबीब ने बताया कि जबसे उन्होंने वक्फ यानि दान में दी हुई जमीन की खोजबीन शुरू की तो उन पर तरह-तरह के मुकदमे लादे गए, घर में लूट-पाट की गई, जानलेवा हमला हुआ लेकिन सरकार ने कभी मदद नहीं की. जबकि सरकार को दान में दी हुई जमीन को शिया समुदाय के गरीब और यतीन लोगों के बीच भलाई में इस्तेमाल करना चाहिए था. सरकार के संरक्षण की वजह से ही शिया वक्फ बोर्ड के अधिकारी मनमानी कर रहे हैं और संबंधित वक्फ स्टेट के केयर टेकर से मिलकर कीमती जमीनों की बिक्री की जा रही है.प्रदर्शन की चेतावनी
मुजफ्फरपुर के कमरा मोहल्ला में जुटे शिया समुदाय के लोगों ने साफ कर दिया की अपने पुरखों द्वारा दान में दी गई वक्फ की जमीन बचाने के लिए वे सड़क पर उतरेंगे. जल्द ही मुजफ्फरपुर के डीएम से मिलकर मामले में शिकायत की जाएगी और तय समय सीमा में कार्रवाई नहीं करने पर शिया समुदाय के लोग मौलाना के नेतृत्व में सड़कों पर उतरेंगे.

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First published: February 8, 2020, 10:50 PM IST
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