'मोदी लहर' में भी अछूती रही बिहार की इन सीटों पर शाह-नीतीश करेंगे मंत्रणा

नीतीश कुमार का चेहरा एनडीए सीमांचल में भुनाना चाहेगा, ताकि मिशन 40 को फतह किया जा सके. दोनों दलों की नजर उन 7 सीटों पर भी है, जिन्हें मोदी लहर में भी विपक्षियों ने जीत लिया था.

News18 Bihar
Updated: July 11, 2018, 4:36 PM IST
'मोदी लहर' में भी अछूती रही बिहार की इन सीटों पर शाह-नीतीश करेंगे मंत्रणा
अमित शाह और नीतीश कुमार ( फाइल)
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Updated: July 11, 2018, 4:36 PM IST
12 जुलाई की तारीख बिहार में एनडीए के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण साबित हो सकती है. इस दिन बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह पटना आ रहे हैं. अमित शाह बीजेपी कार्यकर्ताओं के साथ मैराथन मीटिंग के अलावा दिन में दो बार सीएम नीतीश कुमार से मिलेंगे. इस मुलाकात में कुछ ऐसे एजेंडे हैं, जिन पर अमित शाह और नीतीश कुमार  खास तौर पर विचार-विमर्श करेंगे.

जानकारी के मुताबिक दिल्ली से बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एक ऐसा फार्मूला लेकर आ रहे हैं, जिसके तहत दोनों पार्टियां एक साथ मिलकर काम करेंगी. उनका मकसद 40 की 40 सीटों पर एनडीए की जीत सुनिश्चित करना है. दरअसल, बिहार में लोकसभा की 40 सीटें हैं और इन सीटों को उत्तर बिहार और दक्षिण बिहार में बांटा गया है. बिहार का सीमांचल इलाका दोनों दलों के लिये सबसे महत्वपूर्ण है, क्योंकि ये क्षेत्र अल्पसंख्यक बहुल हैं.

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जानकारी के मुताबिक बीजेपी के अध्यक्ष जेडीयू अध्यक्ष के सामने ये फार्मूला देंगे कि वो सीमांचल पर ज्यादा फोकस करें. नीतीश कुमार का चेहरा एनडीए सीमांचल में भुनाना चाहेगा, ताकि मिशन-40 को फतह किया जा सके. दोनों दलों की नजर उन 7 सीटों पर भी है, जिन्हें मोदी लहर में भी विपक्षियों ने जीत लिया था. सीमांचल में नीतीश के सेक्यूलर इमेज को भुनाने के लिये बीजेपी ने मन बना लिया है, लेकिन जेडीयू की निगाहें उन सीटों पर भी हैं जिन पर पिछले चुनाव में बीजेपी के लोग जीते थे.

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जेडीयू इस मिशन पर काम करने को तैयार दिख रही है. जेडीयू नेता सुहेली मेहता भी मानती हैं कि अमित शाह की रणनीति देश में कामयाब रही है और ऐसे में जब बिहार में नीतीश कुमार जैसा एक चेहरा उनके पास हो तो फिर किसी भी मैदान को मार लेने की क्षमता एनडीए तो रखता ही है.

मालूम हो कि 2014 लोकसभा चुनाव में एनडीए 40 सीटों में कुल 31 सीटें जीतने में कामयाब रहा था. अब चूंकि जदयू भी एनडीए का हिस्सा है, ऐसे में कुल 33 सीटों पर एनडीए का कब्जा है. बाकी की सात सीटों पर राजद, कांग्रेस और दूसरे दल काबिज हैं. अमित शाह और नीतीश कुमार के बीच बातचीत में इन सीटों पर भी मंत्रणा होने की संभावना है.  (इनपुट- बृजम पांडेय) 

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