होम /न्यूज /बिहार /

नीतीश कुमार के अलग होने के बाद बीजेपी बिहार में कैसे दर्ज करेगी जीत! जानें क्‍या है पार्टी की रणनीति

नीतीश कुमार के अलग होने के बाद बीजेपी बिहार में कैसे दर्ज करेगी जीत! जानें क्‍या है पार्टी की रणनीति

बिहार बीजेपी की कोर ग्रुप की बैठक में मंगलवार को बिहार के ताजा राजनीतिक हालात पर काफी अहम चर्चा हुई.

बिहार बीजेपी की कोर ग्रुप की बैठक में मंगलवार को बिहार के ताजा राजनीतिक हालात पर काफी अहम चर्चा हुई.

Bihar Politics: सूत्रों के मुताबिक बैठक के बाद जो रणनीति बनाई गयी, उसके तहत बीजेपी बिहार में अति पिछड़ा-महादलित समुदाय पर फोकस करेगी. पार्टी उनके बीच जाएगी और बताएगी कि कैसे नीतीश सरकार ने कैबिनेट में उन्हें दर किनार किया है और उन्हें कैबिनेट में कम जगह मिली है.

अधिक पढ़ें ...

हाइलाइट्स

सूत्रों के अनुसार बीजेपी बिहार में अति पिछड़ा-महादलित समुदाय पर फोकस करेगी.
गृह मंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने सभी सदस्यों के सुझावों को सुना.
बीजेपी चिराग पासवान की पार्टी एलजेपी (रामविलास) समेत और दूसरे क्षेत्रीय दल से बातचीत कर सकती है.

दिल्ली/पटना. बिहार बीजेपी की कोर ग्रुप की बैठक में मंगलवार को बिहार के ताजा राजनीतिक हालात पर काफी अहम चर्चा हुई. बैठक में गृह मंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने सभी सदस्यों के सुझावों को सुना. वहीं नीतीश कुमार के अलग होने के बाद बीजेपी कैसे बिहार में जीत दर्ज करेगी इस रणनीति पर चर्चा की गयी.

सूत्रों के मुताबिक बैठक के बाद जो रणनीति बनाई गयी, उसके तहत बीजेपी बिहार में अति पिछड़ा और – महादलित समुदाय पर फोकस करेगी. पार्टी उनके बीच जाएगी और बताएगी कि कैसे नीतीश सरकार ने कैबिनेट में उन्हें दर किनार किया है. कैबिनेट में कम जगह मिली है. इसके अलावा अपने परंपरागत सवर्ण समुदाय को पूरी तरह से अपने पाले में लाने की कोशिश होगी.

इन जातियों के वोटबैंक पर भी होगी नजर 

पार्टी सूत्रों का कहना है कि अपने परंपरागत वोट बैंक के अलावा बीजेपी ओबीसी समुदाय की दूसरी जातियों को भी साधने की कोशिश करेगी क्योंकि पार्टी को 2014 और 2019 लोकसभा चुनाव में यादव कुशवाहा कुर्मी समाज के लोगों का भी अच्छा समर्थन मिला था. 2014 में बीजेपी जेडीयू और आरजेडी अलग-अलग लड़े थे, फिर भी मोदी के चेहरे के कारण इन जातियों में बीजेपी ने सेंधमारी की थी.
सूत्रों के अनुसार जो जानकारी मिल रही है उसके अनुसार एक बार फिर बीजेपी पीएम मोदी के ओबीसी चेहरे को फोकस कर आगे बढ़ेगी. बिहार में नई सरकार को जंगल राज रिटर्न्स का नाम देकर बीजेपी जनता के बीच जाएगी. पार्टी छोटे दलों से गठबन्धन पर भी फोकस करेगी लेकिन इस पर फैसला केंद्रीय नेतृत्व करेगा.

चिराग पासवान से भी हो सकती है बातचीत 

वहीं चिराग पासवान की पार्टी एलजेपी (रामविलास) समेत और दूसरे क्षेत्रीय दल से बातचीत हो सकती है. इसके अलावा बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष, बिहार विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष और बिहार बीजेपी अध्यक्ष का चुनाव जातीय समीकरण और नीतीश तेजस्वी की काट को ध्यान में रखकर किया जायेगा. सभी नेताओं ने अपना सुझाव दे दिया है. अब बीजेपी आलाकमान इस पर अपना निर्णय लेगा. बीजेपी आलाकमान बिहार को लेकर काफी गंभीर है.

Tags: Bihar BJP, BJP, CM Nitish Kumar

विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर