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...ताकि क्वारंटाइन किए गए लोगों की ट्रैकिंग-माॅनिटरिंग की जा सके, सुशील मोदी ने दिया ये सुझाव

...ताकि क्वारंटाइन किए गए लोगों की ट्रैकिंग-माॅनिटरिंग की जा सके, सुशील मोदी ने दिया ये सुझाव

बिहार के डिप्टी सीएम सुशील मोदी ने आरोग्य सेतु बैंड कलाई पर बांधने का सुझाव दिया.

बिहार के डिप्टी सीएम सुशील मोदी ने आरोग्य सेतु बैंड कलाई पर बांधने का सुझाव दिया.

केन्द्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने जानकारी दी कि शीघ्र ही आरोग्य सेतु एप स्मार्ट फोन के साथ फीचर फोन पर भी डाउनलोड किया जा सकेगा.

पटना. केन्द्रीय इलेक्ट्राॅनिक, सूचना-प्राद्यौगिकी और संचार मंत्री रविशंकर प्रसाद (Ravi Shankar Prasad) के साथ देश भर के आईटी मंत्रियों की हुई वीडियो कान्फ्रेंसिंग के दौरान बिहार के उपमुख्यमंत्री सह आईटी मंत्री सुशील कुमार मोदी (Sushil Kumar Modi) ने कोरोना संक्रमितों और क्वारंटाइन किए गए लोगों की कलाई पर आरोग्यसेतु आधारित बैंड (Aarogya Embedded Wrist Band) लगाने का सुझाव दिया ताकि उनके शरीर के तापमान, बीमारी के लक्षण और मूवमेंट की ट्रैकिंग माॅनिटरिंग की जा सके.

बिहार में 38 लाख लोगों ने आरोग्य एप किया डाउनलोड
उनकी मांग पर केन्द्रीय मंत्री ने जानकारी दी कि शीघ्र ही आरोग्य सेतु एप स्मार्ट फोन के साथ फीचर फोन पर भी डाउनलोड किया जा सकेगा. सुशील मोदी ने बताया कि बिहार में अब तक 38 लाख लोगों ने आरोग्य सेतु एप को डाउनलोड किया है जिनमें पटना में सर्वाधिक 5.62 लाख और मुजफ्फरपुर में 1.81 लाख लोग शामिल हैं.

पैसा भेजने में जियो की भूमिका बेहतर
प्रवासी बिहारियों को 1-1 हजार की मदद हेतु मुख्यमंत्री विशेष सहायता योजना के कार्यान्वयन के लिए जारी लिंक जिसकी पूरे देश में सराहना हो रही है कि प्रक्रिया को झारखंड और यूपी के साथ साझा किया गया है. जियो फेंसिंग तकनीक पर आधारित इस लिंक को बिहार और नेपाल में रहने वाला कोई व्यक्ति क्लिक नहीं कर पायेगा. इसमें आधार और बैंक खाता बिहार का होना चाहिए तथा इसकी सेल्फी भी जियो टैंगिंग हैं जिसका जिलों में पदाधिकारी आधार के फोटो से मिलान करते हैं.

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से कैदियों से मुलाकात
लाॅकडाउन के दौरान 57 जेलों में बंद कैदियों से उनके 1836 परिजनों को ई-मुलाकात एप के जरिए विडियो कान्फ्रेंसिंग कराई गई है. इसके साथ ही आंगनबाड़ी केन्द्रों के बंद होने के बावजूद ‘आंगनबाड़ी पोर्टल’ के जरिए आधार व बैंक खातों का संग्रह किया गया है. जिससे एक करेाड़ से ज्यादा लाभार्थियों को लाभ मिलेगा. आईटी के सहयोग से राज्य के 30 जिलों में गाड़ियों और व्यक्तियों के लिए आॅनलाइन ई- कर्फ्यू पास की व्यवस्था लागू की गई है.

कोरोना राहत में 5 हजार करोड़ राशि भेजी जा रही है
इसके अलावा ‘बिहार आपदा सहयोग’ पोर्टल पर आधार और  बैंक खाता का डेटा संग्रह कर उससे राशन कार्ड के डेटा का मिलान किया जा रहा है. ताकि डुप्लीकेट कार्ड निर्गत न हो सके. इसके साथ ही 5 हजार करोड़ से ज्यादा की कोरोना राहत राशि आधार आधारित बैंक खातों में पीएफएमएस प्लेटफाॅर्म का इस्तेमाल कर सीघे भेजी जा रही है.

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Tags: Bihar News, Corona Virus, COVID 19, Lockdown, PATNA NEWS

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