LIVE NOW

Bihar Live News Updates: चुनाव में 5 मोर्चे 25 दल! जानें किस फ्रंट में शामिल है कौन सी पार्टी

Bihar Assembly Elections: विधानसभा चुनाव से पहले सीट शेयरिंग पर साथी दलों के बीच बनी असहमति ने बिहार में विपक्ष के बिखराव कहानी लिख दी है. उपेंद्र कुशवाहा की रालोसपा की मायावती की बसपा के साथ नया मोर्चा बनाने के साथ ही अब बिहार में पांच फ्रंट पर चुनावी लड़ाई लड़ी जाएगी. जाहिर है इसमें जो ज्यादा संगठित रूप से जनता के बीच वोट मांगने जाएगा उसे अधिक फायदा होगा. दरअसल बिखराव की शुरुआत सबसे पहले महागठबंधन से शुरू हुई जब पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने महागठबंधन को अलविदा कह दिया. इसके बाद उपेंद्र कुशवाहा भी इस गठबंधन से अलग हो गए. हालांकि वाम दलों की एंट्री के साथ आने से महागठबंधन थोड़ी मजबूत तो दिख रही है, लेकिन मांझी-कुशवाहा के अलग होने से परसेप्शन पर असर तो पड़ा ही है. राजनीतिक जानकार मानते हैं कि विपक्षी दलों में बिखराव का सीधा फायदा सीएम नीतीश कुमार को होने वाला है और उनकी चुनावी राह आसान हो गई है.

Hindi.news18.com | September 29, 2020, 6:35 PM IST
facebook Twitter Linkedin
Last Updated September 29, 2020
2:56 pm (IST)

पटना- उपेन्द्र कुशवाहा ने सभी 243 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है. उपेन्द्र कुशवाहा ने चिराग को भी साथ आने के लिए न्योता दिया है. कुशवाहा ने कहा कि इस गठबंधन में जो आना चाहे सबका स्वागत है. पार्टी में मचे भगदड़ पर उपेन्द्र कुशवाहा ने कहा कि हमने अपनी नाव मझदार में निकाल दिया है ऐसे में जो कमजोर दिल वाले हैं वो उतरकर भाग रहे हैं.

2:47 pm (IST)

पटना-  बसपा के बिहार प्रभारी रामजी गौतम का बयान- बिहार में यूपी की बसपा जैसी सरकार बनाई जाएगी. मायावती ने यूपी में जैसी सरकार चलाई वैसी सरकार बनेगी. बिहार से अपराध पूरी तरह खत्म किया जायेगा. बिहार में नया विकल्प मिला है जिसे सब समर्थन दें.

2:46 pm (IST)

2:44 pm (IST)

पटना- उपेन्द्र कुशवाहा का लालू परिवार पर बड़ा हमला. बोले- लालू समय में शिक्षा व्यवस्था कैसी थी इसी से समझें कि लालू अपने दोनो बेटों को मैट्रिक भी पास नहीं करा पाये. आरजेडी और बीजेपी के बीच कुछ ना कुछ चल रहा है. आरजेडी ने जो निर्णय हाल में लिया है वो इस बात को साबित करती है. कुशवाहा ने कहा कि नीतीश कुमार अपनी तुलना फेल विद्यार्थी से कर रहे हैं. 30 नम्बर वाले की तुलना में 17 नम्बर लाकर वाहवाही लूट रहे हैं.

2:40 pm (IST)

पटना- उपेन्द्र कुशवाहा ने नीतीश कुमार पर बोला हमला-  नीतीश कुमार ने 15 साल में बिहार को रसातल में पहुंचाया. नीतीश कुमार से बिहार को मुक्त करना जरूरी. नीतीश कुमार 15 साल सिर्फ कुर्सी बचाने में लगे रहे. आज के विपक्ष से नीतीश को हटाना संभव नहीं. उपेंद्र कुशवाहा ने लालू राज पर भी बोला हमला. बोले- लालू राज में लोग दोनो हाथों से पैसे बटोरते थे. पैसे के बिना कोइ काम नहीं होता था. नीतीश कुमार भी पुराने 15 साल की तरह काम कर रही. बिहार में दोनो एक ही सिक्के के दो पहलू है

2:34 pm (IST)

पटना. रालोसपा प्रमुख उपेन्द्र कुशवाहा महागठबंधन से अलग हो गए हैं और उन्होंने बिहार में नया गठबंधन तैयार किया है. उन्होंने मंगलवार को पटना में मायावती की बसपा के साथ गठबंधन का एलान किया है. इस गठबंधन में जनवादी पार्टी सोशलिस्ट पार्टी भी शामिल हुआ है. उपेन्द्र कुशवाहा के इस फैसले के साथ ही बिहार की राजनीति में एक और गठबंधन आया सामने. कुशवाहा ने पटना में बसपा के साथ गठबंधन का ऐलान किया. इस दौरान जनवादी पार्टी सोशलिस्ट केअध्यक्ष संजय चौहान बिहार बीएसपी प्रभारी रामजी सिंह गौतम मौजूद थे.

LOAD MORE
पटना. विधानसभा चुनाव से पहले सीट शेयरिंग पर साथी दलों के बीच बनी असहमति ने बिहार में विपक्ष के बिखराव कहानी लिख दी है. उपेंद्र कुशवाहा की रालोसपा की मायावती की बसपा के साथ नया मोर्चा बनाने के साथ ही अब बिहार में पांच फ्रंट पर चुनावी लड़ाई लड़ी जाएगी. जाहिर है इसमें जो ज्यादा संगठित रूप से जनता के बीच वोट मांगने जाएगा उसे अधिक फायदा होगा. दरअसल बिखराव की शुरुआत सबसे पहले महागठबंधन से शुरू हुई जब पूर्व सीएम जीतन राम मांझी ने महागठबंधन को अलविदा कह दिया. इसके बाद उपेंद्र कुशवाहा भी इस गठबंधन से अलग हो गए. हालांकि वाम दलों की एंट्री के साथ आने से महागठबंधन थोड़ी मजबूत तो दिख रही है, लेकिन मांझी-कुशवाहा के अलग होने से परसेप्शन पर असर तो पड़ा ही है. राजनीतिक जानकार मानते हैं कि विपक्षी दलों में बिखराव का सीधा फायदा सीएम नीतीश कुमार को होने वाला है और उनकी चुनावी राह आसान हो गई है.

फोटो

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

चिंता के विचार आपकी ख़ुशी को बर्बाद कर सकते हैं। ऐसा न होने दें, क्योंकि इनमें अच्छी चीज़ों को ख़त्म करने की और समझदारी में निराशा का ज़हरीला बीज बोने की क्षमता होती है। ख़ुद को हमेशा अच्छा परिणाम पाने के लिए प्रोत्साहित करें और ख़राब हालात में भी कुछ-न-कुछ अच्छा देखने का गुण विकसित करें। ख़ास लोग ऐसी किसी भी योजना में रुपये लगाने के लिए तैयार होंगे, जिसमें संभावना नज़र आए और विशेष हो। भूमि से जुड़ा विवाद लड़ाई में बदल सकता है। मामले को सुलझाने के लिए अपने माता-पिता की मदद लें। उनकी सलाह से काम करें, तो आप निश्चित तौर पर मुश्किल का हल ढूंढने में क़ामयाब रहेंगे। किसी से अचानक हुई रुमानी मुलाक़ात आपका दिन बना देगी। काम के लिए समर्पित पेशेवर लोग रुपये-पैसे और करिअर के मोर्चे पर फ़ायदे में रहेंगे। सफ़र के लिए दिन ज़्यादा अच्छा नहीं है। जीवनसाथी के ख़राब व्यवहार का नकारात्मक असर आपके ऊपर पड़ सकता है। स्वयंसेवी कार्य या किसी की मदद करना आपकी मानसिक शांति के लिए अच्छे टॉनिक का काम कर सकता है। परेशान? आप पंडित जी से प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें

टॉप स्टोरीज