लाइव टीवी

18 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ जीएसटी कलेक्शन में बिहार देश में टॉप पर- सुशील मोदी
Patna News in Hindi

News18 Bihar
Updated: April 3, 2020, 9:20 AM IST
18 प्रतिशत की बढ़ोतरी के साथ जीएसटी कलेक्शन में बिहार देश में टॉप पर- सुशील मोदी
corona संकट के बीच बिहार सरकार को घाटा (फाइल फोटो)

सुशील मोदी ने कहा कि इस प्रकार विपरीत परिस्थितियों के बावजूद वाणिज्य कर, निबंधन, परिवहन और खनन विभागों के कुल संग्रह में भी पिछले वर्षों की तुलना में करीब 15 प्रतिशत की वृद्धि हासिल हुई है.

  • Share this:
पटना. वर्ष 2019-20 में बिहार में दो-दो बार आई बाढ़, काफी बड़े क्षेत्रों में अल्पवृष्टि और ओलावृष्टि से हुई भारी क्षति के बावजूद कर संग्रह में वृद्धि हासिल हुई है. शुद्ध जीएसटी के संग्रह (GST collection) में बिहार 2019-20 में 18 प्रतिशत के साथ देश में सर्वाधिक वृद्धि हासिल करने वाला राज्य बन गया है. जीएसटी के तहत विगत साल 10,755 करोड़ का राजस्व संग्रह हुआ था जबकि इस साल यह संग्रह बढ़ कर 12,640 करोड़ हो गया है. ये जानकारी बिहार के उपमुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री सुशील कुमार मोदी (Sushil Kumar Modi) ने दी.

सुशील मोदी ने कहा कि इस प्रकार विपरीत परिस्थितियों के बावजूद वाणिज्य कर, निबंधन, परिवहन और खनन विभागों के कुल संग्रह में भी पिछले वर्षों की तुलना में करीब 15 प्रतिशत की वृद्धि हासिल हुई है. वाणिज्य कर का 2018-19 की 22,656.79 करोड़ की तुलना में 2019-20 में 26,407.53 करोड़ संग्रह हुआ है जो पिछले वर्ष से 16.5 प्रतिशत अधिक है. इसमें जीएसटी, बिजली अधिभार, पेशागत कर, पेट्रोलियम पदार्थों पर लगने वाला कर और वैट के दौर के बकाए करों की वसूली भी शामिल हैं.

वित्त मंत्री ने बताया कि परिवहन विभाग ने 2018-19 की 2085.94 करोड़ की तुलना में 2019-20 में 2612.0 करोड़ कर का संग्रह कर सर्वाघिक 25.22 प्रतिशत की वृद्धि हासिल किया है. निबंधन विभाग का संग्रह पिछले वर्ष 4188.61 करोड़ की तुलना में 2019-20 में 4422.0 करोड़ रहा जो पिछले वर्ष से 5.57 प्रतिशत अधिक है. निबंधन विभाग के अन्तर्गत 250 करोड़ और अतिरिक्त संग्रह की संभावना है. खनन विभाग का कर संग्रह पिछले वर्ष 1560.65 करोड़ की तुलना में 2019-20 में 1611.0 करोड़ रहा है.



सुशील मोदी ने वाणिज्य कर विभाग सहित कर संग्रह करने वाले निबंधन, परिवहन व खनन विभाग के सभी कर्मियों को बधाई देते हुए कहा कि वर्ष 2019-20 में बिहार में दो-दो बार आई बाढ़, काफी बड़े क्षेत्रों में अल्पवृष्टि और ओलावृष्टि से हुई भारी क्षति के बावजूद कर संग्रह में वृद्धि हासिल करना सराहनीय है. परंतु कोरोना महामारी से उत्पन्न परिस्थितियों के बाद कर संग्रह की दृष्टि से अगला वर्ष काफी कठिन रहने वाला है.



ये भी पढ़ें
First published: April 3, 2020, 9:20 AM IST
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
corona virus btn
corona virus btn
Loading