ब्लैक फंगस के इलाज में IGIMS का कीर्तिमान, 20 दिन में 104 मरीजों का सफल ऑपरेशन

ब्लैक फंगस: आईजीआईएमएस ने 20 दिन में किए 104 मरीजों के ऑपरेशन

ब्लैक फंगस: आईजीआईएमएस ने 20 दिन में किए 104 मरीजों के ऑपरेशन

आईजीआईएमएस ने महज 20 दिनों में 104 गम्भीर ब्लैक फंगस के मरीजों का सफल ऑपरेशन किया है. ऐसा करने वाला यह राज्य का पहला अस्पताल बन गया है, जहां इतने कम समय में शतक पार सर्जरी को अंजाम दिया गया है.

  • Share this:

पटना. कोरोना के बाद ब्लैक फंगस ( Black Fungus) की बीमारी का नाम सुनकर हर किसी के होश उड़ गए थे. लेकिन अब आईजीआईएमएस ने ये साबित कर दिया कि ब्लैक फंगस लाइलाज नहीं है. आईजीआईएमएस ने महज 20 दिनों में 104 गम्भीर ब्लैक फंगस के मरीजों का सफल ऑपरेशन कर जहां मरीजों को नई जिंदगी दी है, वहीं राज्य का पहला अस्पताल बन गया है जहां इतने कम समय में शतक पार सर्जरी को अंजाम दिया गया है.

अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ मनीष मण्डल ने जानकारी देते हुए कहा कि 18 मई से यहां ब्लैक फंगस यानि म्यूकर माईकोसिस के मरीज संस्थान में भर्ती होना शुरू कर दिए थे. यह बीमारी संस्थान के लिए नया था जिसमें आंख, नाक, चेहरे के साइनसेस के साथ दांत और मस्तिष्क के भी ऑपरेशन की जरूरत पड़ रही थी. ऐसे में संस्थान ने बिना देर किए म्युकर विभाग का गठन किया. इस बीमारी को काफी हद तक संस्थान के ईएनटी एचओडी डॉ राकेश कुमार सिंह ने संभाला और स्टेज 1 से लेकर स्टेज 3 के सभी ऑपरेशन में मौजूद रहे. चिकित्सा अधीक्षक की मानें तो 18 मई से अब तक संस्थान में 174 मरीज ब्लैक फंगस के एडमिट हुए, जिसमें 56 मरीजों का इंडोस्कोपिक विधि और 44 मरीजों का ओपन सर्जरी विधि द्वारा ऑपरेशन को सफलता पूर्वक अंजाम दिया गया.

ऑपरेशन के बाद कुल 21 मरीजों को स्वस्थ होने के बाद डिस्चार्ज कर दिया गया है, जबकि 28 मरीज अस्पताल में इलाजरत हैं. वहीं 25 मरीज ऐसे हैं जिनका स्टेज 2 और स्टेज थ्री पर इंफेक्शन पहुंच चुका है. अब संस्थान ऐसे मरीजों की भी सर्जरी की तैयारी में जुट गया है. अस्पताल का लक्ष्य है कि प्रतिदिन  6 से 8 मरीजों का ऑपरेशन किया जा सके ताकि न सिर्फ बैकलॉग खत्म हो बल्कि इंफेक्शन कम करने के लिए मरीजों की सर्जरी कर जान भी बचाई जा सके. इस ऑपरेशन में आईजीआईएमएस के चिकित्सकों के अलावे एनएमसीएच के ईएनटी विभाग के डॉक्टर संजय कुमार, डॉ राजकुमार प्रसाद, डॉ तौसीफुल हक ने भी भरपूर सहयोग दिया जिन्हें निदेशक डॉ एनआर विश्वास ने विशेष रुप से बधाई दी.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज