जीतन राम मांझी की पार्टी दिल्‍ली-झारखंड में लड़ेगी विधानसभा चुनाव, ये है वजह

पूर्व CM जीतन राम मांझी ने कहा कि सरकार के पास ऐसी आपदा से निपटने के लिए पहले से कोई प्लानिंग नहीं थी. जिसके लिए सरकार और नीतीश दोनों ही जिम्मेदार हैं.
पूर्व CM जीतन राम मांझी ने कहा कि सरकार के पास ऐसी आपदा से निपटने के लिए पहले से कोई प्लानिंग नहीं थी. जिसके लिए सरकार और नीतीश दोनों ही जिम्मेदार हैं.

बिहार के पूर्व मुख्‍यमंत्री जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) का हिन्दुस्तानी अवाम मोर्चा दिल्ली और झारखंड विधानसभा चुनाव (Jharkhand Assembly Election) लड़ने को तैयार है. पार्टी दिल्ली के उन इलाकों में किस्‍मत आजमाएगी जहां बिहार के लोग अधिक संख्‍या में रहते हैं.

  • News18 Bihar
  • Last Updated: September 10, 2019, 10:25 PM IST
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पटना. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा के प्रमुख जीतन राम मांझी (Jitan Ram Manjhi) ने कहा कि उनकी पार्टी दिल्ली विधानसभा चुनाव (Delhi Assembly Election) में अपने प्रत्याशी उतारेगी. इसके अलावा उनकी पार्टी झारखंड विधानसभा (Jharkhand Assembly Election) में भी अपनी आबादी वाले इलाकों में दमखम आजमाएगी. मांझी ने कहा कि झारखंड में हमारी पार्टी लगभग तीन से चार सीटों पर उम्मीदवार उतारेगी. कई दलों से बातचीत हो रही है और जल्द प्रदेश इकाई इस पर अंतिम निर्णय लेगी. उधर दिल्ली में बिहार के लोग भारी संख्या में रहते हैं और वे सभी राजनीतिक रूप से सजग भी हैं, लिहाजा विधानसभा की 10 से 15 सीटें ऐसी हैं जहां बिहार के लोग जिसे चाहें विजयी बना सकते हैं और जिसे चाहें हरा सकते हैं. हालांकि हमें किन सीटों पर लड़ना है उन्हें चिन्हित किया जा रहा है.

दिल्ली में जीत का दावा
मांझी ने कहा कि निश्चित तौर पर हम दिल्ली विधानसभा का चुनाव लड़ेंगे और कुछ सीटें भी जरूर जीतेंगे. वहां अपनी पार्टी को मजबूत करने में लगे हैं. हम प्रमुख ने ये साफ किया कि भले ही बिहार में महागठबंधन में शामिल हैं, लेकिन दिल्ली में किसी से गठबंधन नहीं किया जाएगा. पार्टी अकेले ही चुनाव लड़ेगी. हाल फिलहाल दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार. जबकि प्रदेश अध्यक्ष रजनीश कुमार ने कहा पार्टी आलाकमान के साथ दिल्ली प्रदेश इकाई जल्द ही सीटों को लेकर अंतिम फैसला लेकर उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा.

बहरहाल, झारखंड में भाजपा की सरकार है. जबकि प्रमुख विपक्ष में JMM और कांग्रेस है. इसके अलावा महागठबंधन में जेवीएम और राजद भी सक्रिय है. वहीं दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार है और बीजेपी मुख्य विपक्षी दल है. हैरानी की बात ये है कि दिल्ली में कांग्रेस का एक भी विधायक नहीं. पिछले विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी को बिहार के लोगों ने सपोर्ट किया था और इसी वजह से मांझी यहां चुनाव लड़ने का मन बना रहे हैं. खैर, दिसम्बर या जनवरी में दिल्ली विधानसभा चुनाव हो सकते हैं.
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