बिहार: जानें कौन हैं ईडी की गिरफ्त में आने वाले अमरेंद्र धारी सिंह, लालू यादव ने राज्य सभा भेज सबको चौंका दिया था

नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के साथ अमरेंद्र धारी सिंह (फाइल फोटो)

नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के साथ अमरेंद्र धारी सिंह (फाइल फोटो)

Bihar News: अमरेंद्र धारी सिंह के सोनिया गांधी के काफी करीबी रहे पूर्व सांसद दिवंगत अहमद पटेल से काफी अच्छे संबंध थे. लालू प्रसाद यादव ने 2020 में उन्हें राज्य सभा में भेजकर सबको चौंका दिया था.

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पटना/नई दिल्ली. केंद्रीय जांच एजेंसी प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी (ED ) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए RJD के राज्यसभा सांसद के अमरेंद्र धारी सिंह (Amrinder Dhari Singh) को गिरफ्तार कर लिया है. ए़.डी. सिंह के नाम से मशहूर आरजेडी नेता की ये गिरफ्तारी दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी इलाके में स्थित उनके आवास से की गई. मिली जानकारी के अनुसार अरेस्ट किए जाने के बाद सांसद  ए.डी.सिंह का मेडिकल जांच करवाई गई, इसके बाद अब दिल्ली स्थित ईडी दफ्तर में रखकर पूछताछ की जा रही है.  ईडी मुख्यालय के वरिष्ठ सूत्र के मुताबिक फर्टिलाइजर घोटाला मामले में ये गिरफ्तारी हुई है.

बताया जा रहा है कि पिछले कुछ समय पहले ही केंद्रीय जांच एजेंसी सीबीआई ने एक मामला दर्ज किया था उसी मामले को आधार बनाते हुए ईडी ने ये केस टेकओवर किया और आगे इस मामले में कार्रवाई की जा रही है. इसके बाद दिल्ली, मुम्बई, हरियाणा सहित करीब 12 स्थानों पर छापेमारी की थी. बहरहाल आइये हम जानते हैं कि अमरेंद्र धारी सिंह कौन हैं और राजद से कोई नाता नहीं रहने के बाद भी लालू प्रसाद यादव ने उन्होंने क्यों राज्य सभा सांसद बनाया था.

लालू के फैसले से सब रह गए थे चकित

अमरिंदर सिंह धारी न तो राजद में थे और न ही वह उस जाति से आते हैं जिस पर राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव बहुत यकीन करते हैं. फिर भी राष्ट्रीय जनता दल ने उनको वर्ष 2020 में राज्यसभा के लिए प्रत्याशी बनाया और जितवाकर उच्च सदन में भेजा भी. जाहिर है लालू के इस फैसले ने सबको चौंका दिया था, क्योंकि राजद की राजनीति अधिकतर बैकवर्ड कम्युनिटी को फोकस्ड रही है. ऐसे भी बिहार में यादव और भूमिहार जाति अक्सर आमने-सामने माने जाते रहे हैं. ऐसी स्थिति में लालू ने जब यह फैसला किया था तो सब चकित रह गए थे.
दिल्ली से चलता है एडी सिंह का कारोबार

बता दें कि अमरेंद्र धारी सिंह बड़े कारोबारी हैं और पटना के दुल्हन बाजार के एन का गांव के निवासी हैं. उनके बारे में जो जानकारी सामने आई है उसके अनुसार उनकी शुरुआती पढ़ाई पटना के सेंट माइकल स्कूल में हुई थी. इसके बाद में दिल्ली यूनिवर्सिटी में पढ़ने चले गए. वहां से ग्रेजुएशन किया फिर उन्होंने फर्टिलाइजर, केमिकल फैक्ट्री और रियल इस्टेट से जुड़े कारोबार में अपनी दिलचस्पी दिखाई. उनका कारोबार बढ़ता चला गया और अब उनका सारा कारोबार दिल्ली से ही चलता है.

अहमद पटेल के करीबी माने जाते थे एडी सिंह



अमरेंद्र धारी सिंह ने अब तक शादी नहीं की है और वह अविवाहित हैं. पटना के पाटलिपुत्र कॉलोनी में उनका एक बंग्ला भी है. अमरेंद्र धारी सिंह अपने पिता प्रताप धारी सिन्हा और माता और मिला सिंह के नाम पर एक फाउंडेशन भी चलाते हैं. फिलहाल दिल्ली में 200 बेड का चैरिटेबल हॉस्पिटल भी बना रहे हैं. बताया जा रहा है कि सोनिया गांधी के काफी करीबी रहे पूर्व सांसद दिवंगत अहमद पटेल से उनके काफी अच्छे संबंध थे.

पूर्व DGP अभयानंद की सुपर 30 को देते हैं वित्तीय मदद

मिली जानकारी के अनुसार बिहार के पूर्व डीजीपी अभयानंद द्वारा आईआईटी की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए कोचिंग क्लास सुपर थर्टी में अमरेंद्र धारी सिंह अपने फाउंडेशन के जरिए फाइनेंसियल योगदान भी देते रहे हैं. साथ ही जो लड़के आईआईटी में दाखिला लेने वाले होते हैं उनमें कई लोगों की वह मदद भी करते रहे हैं.

अरबपति कारोबारी हैं बिहार के रहने वाले अमरेंद्र धारी सिंह

राष्ट्रीय जनता दल ने उन्हें राज्यसभा का उम्मीदवार बनाया गया था तो उन्होंने निर्वाचन आयोग को एक शपथ पत्र सौंपा था, इसके अनुसार उनके पास 17 लाख रुपए थे, बैंक में कैश और फिक्स डिपॉजिट 107 करोड़ की थी. निवेश तकरीबन 14 करोड़ का था. पोस्ट ऑफिस में निवेश लगभग 54 लाख की जमा रकम थी. यानी उनकी कुल चल संपत्ति 188 करोड़ की थी और अचल संपत्ति ₹50 करोड़ बताई गई थी.

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