Weather Alert: बिहार के अधिकांश जिलों में छाये बादल, अगले 48 घंटे तेज होगी बारिश

बिहार के  इन क्षेत्रों में  आज बारिश के आसार
बिहार के इन क्षेत्रों में आज बारिश के आसार

मौसम विभाग (Weather department) के अनुसार अगले 48 घंटे पूरे प्रदेश में सामान्य से अधिक बारिश (Rain) होगी. वहीं तराई व गंगा के मैदानी इलाकों से जुड़े जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 22, 2020, 11:56 AM IST
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पटना. मौसम विज्ञान केंद्र (Meteorological center) पटना के अनुसार बंगाल की खाड़ी (Bay of Bengal) में बने कम दबाव का केंद्र बना हुआ है जिस कारण एक बार फिर बिहार में मानसूनी सिस्टम भी बन रहा है. यही वजह है कि बिहार के अधिकांश जिलों में बादल छाये हुए हैं. मौसम विभाग के पूर्वानुमान में कहा गया है कि आगामी गुरुवार से शुक्रवार तक बारिश में तेजी आ सकती है. दरअसल चक्रवाती हवा का क्षेत्र पूर्वी उत्तर प्रदेश और उससे सटे बिहार (Bihar) के इलाकों में बन रहा है. मानसून ट्रफ लाइन का भी पूर्वी भाग उत्तरी बिहार से होकर गुजरने की संभावना है. जिसके चलते बिहार में भारी बारिश हो रही है और आगामी 48 घंटे भी ऐसे ही हालात बने रहेंगे या फिर इसकी तीव्रता और बढ़ेगी.

मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे पूरे प्रदेश में सामान्य से अधिक बारिश होगी. वहीं तराई व गंगा के मैदानी इलाकों से जुड़े जिलों में भारी बारिश का भी अलर्ट जारी किया है. आइएमडी, पटना ने आम लोगों से मेघ गर्जन के वक्त घरों से बाहर नहीं निकलने की अपील की है.

इस बीच बिहारवासियों के लिए एक अच्छी खबर ये है कि भारत मौसम विभाग की ओर से राज्य के 14 अति संवेदनशील जिलों में हाईटेक मौसम केंद्र स्थापित होंगे. मिली जानकारी के अनुसार छह जिलों में काम शुरू हो गया है. आठ जिलों के लिए योजना तैयार की गई है.



भारत मौसम विभाग ने अत्याधुनिक मशीनों को संवेदनशील जिलों में लगाने का काम शुरू कर दिया है. प्रथम चरण में जिन छह जिलों में काम शुरू हुआ है उनमेें पूर्वी चंपारण, अररिया, पूर्णिया, नवादा, खगडिय़ा व औरंगाबाद शामिल हैं. यहां हाईटेक मशीनें लगाई जा रही है और शेष आठ जिलों में तैयारी की जा रही है.
हाईटेक मौसम विज्ञान केंद्र स्थापित हो जाने के बाद ये जिले विश्व मौसम संगठन से सीधे जुड़ जाएंगे. इन जिलों के मौसम संबंधी डाटा का अध्ययन विश्व मौसम संगठन करेगा. देश में इन केंद्रों के डाटा का अध्ययन भारत मौसम विभाग के मुख्यालय पुणे से किया जाएगा.

हाईटेक मौसम केंद्र स्थापित होने से यहां 24 घंटे उस क्षेत्र का तापमान, वायु की आर्द्रता, बारिश की मात्रा, वायु दाब, हवा की गति और दिशा, मिट्टी की आद्रता का अध्ययन किया जाएगा. इससे मौसम की तात्कालिक एवं दीर्घकालिक भविष्यवाणी करने में काफी मदद मिलेगी.
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