महागठबंधन में फूट, बिहार विधान सभा चुनाव अकेले लड़ेगी मांझी की पार्टी
Patna News in Hindi

महागठबंधन में फूट, बिहार विधान सभा चुनाव अकेले लड़ेगी मांझी की पार्टी
जीतन राम मांझी ने कहा कि ओवैसी की पार्टी की जीत से देश भर में दलित एवं मुस्लिम एकता को प्रोत्साहन मिलेगा. (फाइल फोटो)

मांझी ने कहा कि महागठबंधन में किसी तरह का कोऑर्डिनेशन नहीं बचा है. इस मसले को लेकर पूर्व सीएम राबड़ी देवी से भी बात है, लेकिन कोई हल नहीं निकल पाया.

  • Share this:
बिहार महागठबंधन में बड़ी फूट हो गई है. हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा ने 2020 का विधानसभा चुनाव अकेले लड़ने का ऐलान कर दिया है. पार्टी के अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने इस बात का ऐलान करते हुए कहा कि हमारी पार्टी को बचाने का सवाल है इसलिए ये फैसला लेना पड़ा है. उन्होंने कांशी राम की राह पर राजनीति करने की बात कहते हुए कहा कि महागठबंधन में किसी तरह का समन्वय नहीं बचा है. वहीं, आरजेडी ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि जिसे रहना है रहें, जिसे जाना है जाएं.

महागठबंधन में समन्वय नहीं
मांझी ने अक्टूबर में इस बात की विधिवत घोषणा करने की बात की और मीडिया कहा कि महागठबंधन में किसी तरह का कोऑर्डिनेशन नहीं बचा है. इस मसले को लेकर पूर्व सीएम राबड़ी देवी से भी बात है, लेकिन कोई हल नहीं निकल पाया.

'हमें हमारी चिंता है'
उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी के अस्तित्व पर संकट है और  हमने इसे बचाने के लिेए ये फैसला लिया है. उन्होंने आरजेडी के बारे में कहा कि आरजेडी बड़ी पार्टी है इसलिए उनपर कोई फर्क नहीं पड़ेगा, लेकिन हमें हमारी पार्टी को बचाना है, हमें अपनी चिंता करनी है.



'आरजेडी का पलटवार'
मांझी के बयान पर आरजेडी नेता सुबोध राय ने कहा कि किसी को पकड़कर नहीं रखा जा सकता. लोकतंत्र में अपना निर्णय लेने के लिये सभी स्वतंत्र हैं और जो गठबंधन में रहना चाहें रहें, जो जाना चाहे उसपर कुछ नहीं कहा जा सकता. सुबोध राय ने कहा कि हमने एक विधायक होते हुए भी उनके बेटे को एमएलसी बनवाया, लेकिन वह भूल गए.

इनपुट- रवि एस नारायण

ये भी पढ़ें-
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading