बिहार में मोटरयान निरीक्षक से लेकर दरोगा भर्ती तक के बदले नियम, नीतीश ने लगाई 27 एजेंडों पर मुहर

बैठक में अस्पताल से जुड़े मुद्दे पर भी सरकार ने मुहर लगाई. अब सरकारी अस्पतालों में भर्ती होने वाले मरीजों को पोशाक मिलेगी. यह फैसला पहले चरण में मेडिकल कॉलेजों में लागू होगा.

News18Hindi
Updated: August 6, 2019, 9:41 PM IST
बिहार में मोटरयान निरीक्षक से लेकर दरोगा भर्ती तक के बदले नियम, नीतीश ने लगाई 27 एजेंडों पर मुहर
कैबिनेट मीटिंग में दरोगा भर्ती के नियम बदलने को मंजूरी दे दी गई (File Photo)
News18Hindi
Updated: August 6, 2019, 9:41 PM IST
अगर आप बिहार में मोटरयान निरीक्षक के पद पर नौकरी करना चाहते हैं तो आपके पास अनिवार्य रूप से ऑटोमोबाइल में डिप्लोमा और 10वीं पास होना चाहिए. मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया. इसके साथ ही मोटरयान निरीक्षक को गियर वाली मोटर बाइक चलानी भी आनी चाहिए. इसके साथ ही कैबिनेट बैठक में कृषि अधीनस्थ सेवा कोटि सात का नाम बदलकर निम्वर्गीय लिपिक करने का निर्णय लिया गया. कैबिनेट में 27 एजेंडों पर मुहर लगी.

वीआईपी नंबरों की ऑनलाइन नीलामी
इसके साथ ही बैठक में परिवहन विभाग का राजस्‍व बढ़ाने पर भी विचार किया गया. इसके लिए अपनी गाड़ी पर इच्छानुसार नंबर चाहने वालों के लिए अब वीआईपी नंबरों की ऑनलाइन नीलामी की जाएगी. वीआईपी नंबरों के लिए अलग- अलग मूल्य की कैटेगरी बनाई गई है. इसके लिए 641 नंबर चिन्हित किए गए हैं. 1, 3, 5, 7 जैसे ऑड नंबरों के लिए 1 लाख मिनिमम राशि तय की गई है. जबकि निजी वाहनों के लिए 1 लाख की राशि तय की गई है. सरकारी वाहनों के लिए 35 हजार रुपए का शुल्क तय किया गया है. जबकि 2, 4, 6 जैसे इवेन नंबर के लिए 75 हजार रुपये का शुल्क तय किया गया है. इस तय राशि से वीआईपी नंबरों के लिए नीलामी शुरू होगी.

दारोगा भर्ती के चयन प्रक्रिया में बड़े बदलाव को मंजूरी

कैबिनेट बैठक में दारोगा भर्ती के चयन प्रक्रिया में बड़े बदलाव को भी मंजूरी दे दी गई. दरोगा भर्ती के लिए अब दौड़ के समय में बढ़ोतरी की गई है. अब दौड़ के लिए 6 मिनट की जगह 6.30 मिनट समय मिलेगा. अंतिम मेघा सूचि निर्धारण और न्यूनतम अहर्ता में भी बदलाव किया गया है. SC, ST को 32 प्रतिशत न्यूनतम मार्क्स अनिवार्य, अत्यंत पिछड़ा वर्ग को 34 प्रतिशत मार्क्स, पिछड़ा को 36.5 प्रतिशत और सामान्य वर्ग के लिए 40 प्रतिशत मार्क्स अनिवार्य किए गए हैं. जबकि महिला अभ्यर्थियों के लिए 155 सेमी ऊंचाई निर्धारित की गई है.

बैठक में अस्पताल से जुड़े मुद्दे पर भी सरकार ने मुहर लगाई. अब सरकारी अस्पतालों में भर्ती होने वाले मरीजों को पोशाक मिलेगी. यह फैसला पहले चरण में मेडिकल कॉलेजों में लागू होगा. मरीजों को हस्तकरघा से निर्मित पोशाक मिलेगी. इसके लिए सरकार ने 9.5 करोड़ की राशि मंजूर की है.

ये भी पढ़ें-
Loading...

बलियावी के बयान पर बिफरे RCP सिंह, बोले- वो हैं क्या?

News18 Hindi पर सबसे पहले Hindi News पढ़ने के लिए हमें यूट्यूब, फेसबुक और ट्विटर पर फॉलो करें. देखिए पटना से जुड़ी लेटेस्ट खबरें.

First published: August 6, 2019, 9:36 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...