तेजस्वी पर भड़के उपेंद्र कुशवाहा, बोले- अपनी कब्र मत खोदो, जुबान पर लगाम रखो वर्ना...

मंगलवार को बिहार विधानसभा में विपक्षी विधायकों के साथ हुई घटना से नाराज तेजस्वी ने सीएम नीतीश कुमार पर जमकर जुबानी तीर चलाए हैं (न्यूज़ 18 ग्राफिक्स)

मंगलवार को बिहार विधानसभा में विपक्षी विधायकों के साथ हुई घटना से नाराज तेजस्वी ने सीएम नीतीश कुमार पर जमकर जुबानी तीर चलाए हैं (न्यूज़ 18 ग्राफिक्स)

जेडीयू के नेता उपेंद्र कुशवाहा (Upendra Kushwaha) ने बुधवार को ट्वीट कर कहा, 'सुन लो तेजस्वी, हमने लगभग आजीवन लालू जी के विरोध में राजनीति की है. लेकिन हमेशा ही उनको 'ललूआ' कहने वाले को मुंहतोड़ जबाव दिया है. तुमको भी मेरी सलाह है, अपनी कब्र मत खोदो, जुबान पर लगाम रखो, वरना नौंवी फेल कहने वालों को और मौका ही देते जाओगे'

  • News18Hindi
  • Last Updated: March 24, 2021, 8:40 PM IST
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पटना. मंगलवार को बिहार विधानसभा (Bihar Assembly) में विरोधी दलों के विधायकों के साथ हुई घटना से राज्य का सियासत में उबाल आ गया है. नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) इसे लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार (Nitish Kumar) पर जुबानी तीर चला रहे हैं. इस पूरे घटनाक्रम के लिए वो मुख्यमंत्री को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं. लेकिन बुधवार को जनता दल युनाइटेड (JDU) के नेता उपेंद्र कुशवाहा (Upendra Kushwaha) ने सीएम नीतीश का बचाव किया और तेजस्वी यादव को जमकर खरी-खोटी सुनाई.

उपेंद्र कुशवाहा ने बुधवार को ट्वीट कर कहा, 'सुन लो तेजस्वी, हमने लगभग आजीवन लालू जी के विरोध में राजनीति की है. लेकिन हमेशा ही उनको 'ललूआ' कहने वाले को मुंहतोड़ जबाव दिया है. तुमको भी मेरी सलाह है, अपनी कब्र मत खोदो, जुबान पर लगाम रखो, वरना नौंवी फेल कहने वालों को और मौका ही देते जाओगे.' उन्होंने यह भी कहा, 'कल बिहार विधानसभा में पक्ष-विपक्ष के एक्शन पर क्रिया/प्रतिक्रिया का दौर जारी है और ऐसा स्वाभाविक भी है, लेकिन इससे दीगर नेता प्रतिपक्ष अपने पिता की उम्र के समतुल्य, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के प्रति जिन शब्दों का प्रयोग कर रहे हैं, उसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है!'



दरअसल, विधानसभा में अपने विधायकों विशेष रूप से महिला सदस्यों के साथ पुलिस द्वारा की गई बदसलूकी से तेजस्वी यादव नाराज हैं. इसे लेकर उन्होंने एक के बाद एक कई ट्वीट कर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर आपत्तिजनक टिप्पणी की. उन्होंने कहा, 'नीतीश कुमार को इंद्रिय रस प्राप्त हो रहा होगा जब सदन में उनके गुंडे महिला विधायकों की साड़ी उतार उनके ब्लाउज में हाथ डाल जा रहा था. मां-बहन की भद्दी-भद्दी गालियां देकर बाल पकड़ कर घसीटा जा रहा था. इस शर्मनाक घटना के बाद रात्रि में 'निर्लज्ज कुमार' नृत्य-संगीत का आनंद उठा रहे थे.'
तेजस्वी यहीं नहीं रूके, उन्होंने एक अन्य ट्वीट में कहा, 'विधायकों को बर्बर तरीके से पीट, सदन से बाहर कर पुलिस की मौजूदगी में ही पुलिस बिल पास कराया गया. नीतीश सरकार ने मारपीट की जो असंसदीय परंपरा शुरू करायी है, उसका खमियाजा उन्हें भी भुगतना पड़ेगा. वो दिन भी आयेगा कि यही पुलिस इसी कानून के सहारे नीतीश कुमार को भी घर में घुस कर पीट सकती है.' तेजस्वी ने कहा, 'मैं विधानसभा में नीतीश कुमार और उनके पालतू अधिकारियों द्वारा माननीय सदस्यों और महिला विधायकों की बर्बर पिटाई, गालियां और उनके साथ दुर्व्यवहार को भूलूंगा नहीं. सीएम जो अधिकारी लिखकर दे देते है वो पढ़ देते हैं. उन्हें बाद में याद आयेगा कि उन्होंने किस निर्लज्ज परंपरा की शुरूआत की थी.'



बता दें कि मंगलवार को बिहार विधानसभा में बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस विधेयक 2021 पेश किया जाना था. लेकिन विपक्षी विधायकों ने इस विधेयक को काला कानून बताते हुए जमकर हंगामा किया. इस दौरान उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष के आसन का घेराव किया, तोड़फोड़ किया और बिल की कॉपी छीनने का भी प्रयास किया. इसके बाद, पुलिसबल को सदन में बुलाया गया जिन्होंने हंगामा और शोर-शराबा करने वाले विपक्षी विधायकों को बलपूर्वक वहां से बाहर निकाल दिया था.
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