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पटनाः नशा छुड़ाने के नाम पर फर्जी डॉक्टर नौजवानों को बना रहा था ड्रग-एडिक्ट, खुली पोल

Sanjay Kumar | News18 Bihar
Updated: November 10, 2019, 10:23 PM IST
पटनाः नशा छुड़ाने के नाम पर फर्जी डॉक्टर नौजवानों को बना रहा था ड्रग-एडिक्ट, खुली पोल
पटना पुलिस ने नेहरू नगर में छापा मारकर नशे का कारोबार करने वाले को गिरफ्तार किया.

पटना (Patna) के युवाओं को चोरी-छिपे नशे की लत (Drug addiction) लगाने वाला फर्जी डॉक्टर (fake Doctor) की पुलिस ने खोली पोल. राजधानी के नेहरूनगर में छापा मारकर पुलिस ने आरोपी फर्जी डॉक्टर को गिरफ्तार किया और नशीली दवाएं, सुइयां व अन्य आपत्तिजनक सामान बरामद किए.

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  • Last Updated: November 10, 2019, 10:23 PM IST
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पटना. राजधानी पटना (Patna) के युवा नशे की गिरफ्त (Drug addiction) में है. इस बात का खुलासा रविवार को तब हुआ जब पटना पुलिस ने नेहरू नगर में छापेमारी कर नशे की सुई और दवाओं के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया. चंद रुपयों की लालच में नशे का यह सौदागर खुद को डॉक्टर (fake Doctor) बता नौजवानों को नशे की लत लगाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया. उसके मकान में युवा चोरी छिपे नशे की सुई लेते थे. साथ ही अन्य तरह के नशे का इस्तेमाल करते थे. राजधानी (Bihar Capital) में फर्जी डॉक्टर और नशे के कारोबार के इस खुलासे से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गई है.

स्थानीय लोगों की शिकायत पर पड़ा छापा
पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के इंदिरा नगर के निवासियों ने पुलिस से नशे के कारोबार चलाने वाले की शिकायत की थी. पुलिस ने इस सूचना के आधार पर जब नेहरू नगर एक मकान में छापा मारा और आरोपी को गिरफ्तार किया, तो उसने खुद को डॉक्टर बताया. पुलिस ने बताया कि आरोपी का नाम शैलेंद्र कुमार है. गिरफ्तारी से पहले वह खुद को डीएमएस डॉक्टर बता रहा था. पुलिस ने उसके मकान से भारी मात्रा में नशे की सुई के अलावा कई मादक पदार्थ और ऐसी दवाएं भी बरामद की.

Patna Police raid on fake Doctor Clinic-Drug addiction
नशे का कारोबार करने वाले आरोपी शैलेंद्र के मकान से बड़ी मात्रा में नशीली दवाएं और अन्य मादक पदार्थ बरामद हुए.


बिना लाइसेंस बेचता था दवा
पुलिस की छापेमारी में इस बात का भी पता चला है कि आरोपी शैलेंद्र के पास न तो डॉक्टर की डिग्री है और न ही दवा बेचने का लाइसेंस. पुलिस ने बताया कि आरोपी पहले पटना में ही स्थित किसी नशा मुक्ति केंद्र में काम करता था. नौकरी के दौरान ज्यादा आमदनी नहीं हो पाती थी, इसलिए उसने नौजवानों को नशे में डुबोने का गोरखधंधा शुरू कर दिया. शैलेंद्र की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसके अन्य लोगों के साथ कनेक्शन होने की भी जांच कर रही है. पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि शैलेंद्र और उसके नेटवर्क का पता लगाकर पूरे गिरोह पर शिकंजा कसा जाएगा.

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First published: November 10, 2019, 10:23 PM IST
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