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Bihar Politics: नीतीश कुमार के साथ जल्द दिखेंगे उपेंद्र कुशवाहा, पांच दौर की वार्ता के बाद बन गई बात

नीतीश कुमार के साथ जाएंगे उपेंद्र कुशवाहा (फाइल फोटो)

नीतीश कुमार के साथ जाएंगे उपेंद्र कुशवाहा (फाइल फोटो)

Bihar Politics: किसी समय बिहार की राजनीति में साथ-साथ चलने वाले नीतीश कुमार और कुशवाहा पिछले काफी साल से अलग-अलग थे, लेकिन 2020 के विधानसभा चुनाव के परिणामों ने दोनों नेताओं को फिर से एक होने पर मजबूर कर दिया है.

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पटना. बिहार की राजनीति में बहुत जल्द ही बड़ा फेरबदल देखने को मिल सकता है. नीतीश कुमार के धुर विरोधी माने जाने वाले और राष्ट्रीय लोक समता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष उपेन्द्र कुशवाहा JDU के साथ दिख सकते हैं. ये दावा JDU के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद वशिष्ठ नारायण सिंह ने किया है. NEWS 18 से बात करते हुए वशिष्ठ नारायण ने बताया कि वो लगातार कुशवाहा के सम्पर्क में हैं और बात लगभग फाइनल स्टेज में पहुंच चुकी है.

उन्होंने बताया कि कुशवाहा जी से उम्मीद है कि वो बहुत जल्द फैसला ले लेंगे. कुशवाहा हमारे पुराने सहयोगी रह चुके हैं और उनका JDU के साथ आना कोई नई बात नहीं है. पार्टी मर्जर के सवाल पर वशिष्ठ नारायण सिंह ने कहा कि जब एक साथ आ जाएंगे तो पार्टी भी तो एक रहेगी. कुशवाहा जी सहित जो भी उनके साथ आएंगे सबका उचित सम्मान किया जाएगा वशिष्ठ नारायण सिंह और उपेन्द्र कुशवाहा के बीच अब तक पांच बार मुलाक़ात हो चुकी है. दो बार कुशवाहा वशिष्ठ नारायण सिंह के साथ नीतीश कुमार से मुलाक़ात करने एक अणे मार्ग भी गए हैं.

ख़बर ये भी है कि उपेन्द्र कुशवाहा अपने साथ-साथ अपने पार्टी के प्रमुख लोगों के लिए ये आश्वासन चाहते हैं कि जब उनकी पार्टी JDU के साथ मर्जर करे तो JDU में उन्हें उचित सम्मान मिले. सूत्र बताते हैं कि उपेन्द्र कुशवाहा को आश्वासन मिल चुका है कि उनके उचित सम्मान का पूरा ख़याल JDU का शीर्ष नेतृत्व रखेगा. खबर ये भी है कि उपेन्द्र कुशवाहा अपनी पार्टी के बड़े नेताओं और कार्यकर्ताओ से लगातार ये फ़िड बैक ले रहे हैं कि अगर JDU के साथ RLSP जाती है तो क्या पार्टी के लोग उनके फ़ैसले के साथ हैं. सूत्र बताते हैं कि RLSP के लिए कोई भी फैसला लेने का पूरा अधिकार उपेन्द्र कुशवाहा को दे दिया गया है.



दरअसल विधानसभा चुनाव में JDU को भी बड़ा झटका लगा है और कुशवाहा वोटर बड़े पैमाने पर JDU से छिटक गए हैं, वहीं उपेन्द्र कुशवाहा की पार्टी RLSP का भी विधानसभा में खाता भी नहीं खुला लेकिन अगर कुशवाहा और नीतीश कुमार एक साथ आते है तो लव कुश समीकरण बिहार में नीतीश कुमार को मज़बूत कर देगा तो कुशवाहा को भी मज़बूती मिलेगी. खबर ये भी है कि नीतीश कुमार लव कुश समीकरण को मज़बूत करने के लिए जिस तरह से क़वायद कर रहे हैं कुशवाहा अगर JDU के साथ आ जाते हैं तो उनके लिए आने वाले समय में बड़ा मौका JDU में मिल सकता है.
नीतीश कुमार ने जब राजनीति की शुरुआत की थी तो लव-कुश समीकरण ही उनका मज़बूत आधार रहा था. एक बार फिर उसी समीकरण के साथ नीतीश कुमार जाने की तैयारी कर रहे हैं जिसमें कुशवाहा की भूमिका महत्वपूर्ण होने जा रही है.
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