तीन तारीखें जो बनने जा रही हैं बिहार की राजनीति में खास, जानें ऐसा क्यों...
Patna News in Hindi

तीन तारीखें जो बनने जा रही हैं बिहार की राजनीति में खास, जानें ऐसा क्यों...
एनडीए हो या फिर महागठबंधन सभी दलों के नेता अपनी-अपनी रणनीतियां के तहत चुनावी शंखनाद करने में जुट गए हैं. (फाइल फाेटो)

आरजेडी हो या जदयू या फिर वाम दल, सभी बिहार में इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव का शंखनाद बड़ी रैलियों के जरिए कर रहे हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 22, 2020, 8:29 AM IST
  • Share this:
पटना. बिहार विधानसभा चुनाव होने में अभी वक्त है लेकिन बिहार की राजनीति अभी से गरमा गई है. एनडीए हो या फिर महागठबंधन सभी दलों के नेता अपनी-अपनी रणनीतियां के तहत चुनावी शंखनाद करने में जुट गए हैं. अब बिहार की राजनीति में तीन तारीखें ऐसी आने वाली हैं जो खास होंगी. खास इसलिए क्योंकि इन तारीखों पर ही बिहार के विधानसभा चुनावों को लेकर प्रचार प्रसार का सही तौर पर आगाज होने जा रहा है.

23, 27 फरवरी और 1 मार्च आखिर क्यों हैं खास
आरजेडी हो या जदयू या फिर वाम दल सभी 2020 विधानसभा चुनाव का शंखनाद बड़ी रैलियों के जरिए कर रहे हैं. 23 फरवरी को आरजेडी पटना में बड़ी रैली करने जा रही है. जहां से तेजस्वी यादव अपनी बेरोजगारी यात्रा की शुरुआत करेंगे. इस यात्रा से पहले तेजस्वी यादव पटना के वेटनरी कॉलेज ग्राउंड में रैली करेंगे. तेजस्वी यादव की रैली के ठीक बाद 27 फरवरी को वाम दल कन्हैया कुमार के नेतृत्व में पटना के गांधी मैदान में बड़ी रैली करने जा रही है. वाम दल की यह रैली 2020 चुनाव का शंखनाद होगा. कन्हैया पिछले कई दिनों से बिहार भर में घूमकर सभाएं कर रहे हैं और लोगों को रैली के लिए आमंत्रण दे रहे हैं. कन्हैया के इस रैली को अप्रत्यक्ष रूप से कांग्रेस का भी समर्थन प्राप्त है. संभावना है कि कन्हैया के इस रैली में कांग्रेस अध्यक्ष समेत कई नेता शिरकत करेंगे. आरजेडी और वाम दल के रैली के ठीक बाद 1 मार्च को जदयू गांधी मैदान में रैली करने जा रही है. माना जा रहा है कि नीतीश कुमार गांधी मैदान के रैली से 2020 चुनाव का ऐलान करेंगे.

रैली को लेकर सभी के अपने दावे



आरजेडी जदयू और वाम दल के होने वाले इस रैली से पहले सभी उजालों के नेताओं का अपना-अपना दावा है. जदयू के राष्ट्रीय महासचिव आरसीपी सिंह ने खुलकर कहा 1 मार्च को होने वाली जदयू के इस रैली में बिहार भर से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता जुड़ेंगे यहीं से चुनाव का शंखनाद होगा. वहीं, सीपीआई के प्रदेश अध्यक्ष सत्यनारायण सिंह ने कहां की कन्हैया की रैली ना सिर्फ सफल होगी, बल्कि ऐतिहासिक भी रहेगी. दूसरी तरफ आरजेडी नेता शिवानंद तिवारी ने बताया कि यह रैली ताकत दिखाने के लिए नहीं, बल्कि नवनियुक्त कार्यकर्ताओं को टिप्स देने के लिए है, ताकि आने वाले चुनाव में मजबूती से लड़ सकें.



ये भी पढ़ें -

Bihar Assembly Election: वो चार चेहरे जो बदल सकते हैं सूबे की सियासत

जेपी नड्डा पहुंचेंगे पटना, जेडीयू के साथ सीट शेयरिंग पर हो सकती है चर्चा
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading