चमकी बुखार से मुजफ्फरपुर में फिर 3 बच्चों की गई जान, 141 पहुंचा आंकड़ा

मालूम हो कि बिहार में चमकी बुखार से अब तक 179 बच्चों की मौत हो चुकी है. बिहार में इस बुखार का कहर 12 जिलों में है

News18 Bihar
Updated: July 3, 2019, 9:42 AM IST
चमकी बुखार से मुजफ्फरपुर में फिर 3 बच्चों की गई जान, 141 पहुंचा आंकड़ा
तीनों बच्चों की मौत मुजफ्फरपुर के एसकेएमसीएच में हुई है
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Updated: July 3, 2019, 9:42 AM IST
बिहार में एक्यूट इनसेफेलाइटिस सिंड्रोम (एईएस) यानी चमकी बुखार से बच्चों के मरने का सिलसिला फिर शुरू हो गया है. मुजफ्फरपुर में AES ने फिर से कहर बरपाया है. यहां के सबसे बड़े एसकेएमसीएच अस्पताल में चमकी बुखार से पीड़ित 3 और बच्चों ने दम तोड़ दिया है. इसके साथ ही एसकेएमसीएच में मौत का आंकड़ा 141 तक जा पहुंचा है.

मरने वाले ये सभी बच्चे SKMCH में गंभीर हालत में भर्ती थे. बता दें कि बिहार में चमकी बुखार से अब तक 180 बच्चों की मौत हो चुकी है. बिहार में चमकी बुखार का कहर 12 जिलों में है लेकिन इसका सबसे ज्यादा असर मुजफ्फरपुर में है.



इससे पहले मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विधानसभा में कहा था कि सरकार एईएस यानी चमकी बुखार से हो रही मौतों को लेकर पूरी तरह से संवेदनशील है. सदन में जवाब देते हुए सीएम नीतीश ने कहा कि सरकार डॉक्टरों और नर्स की कमी पर काम कर रही है. जिलों में नर्सिंग कॉलेज खुल रहे हैं लेकिन बच्चों की मौत के कारणों को विशेषज्ञ भी अभी तक नहीं जान पाए हैं.
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लक्षणों के आधार पर ही हो रहा बच्चों का इलाज

मुख्यमंत्री ने कहा कि लक्षणों के आधार पर ही बच्चों का इलाज किया जा रहा है. मुज़फ़्फ़रपुर के मामले में सरकार ने पूरी गंभीरता से काम किया है और सभी मृतकों के सोशल इकनॉमिक ऑडिट करने का हमने निर्देश दिया है. नीतीश कुमार ने कहा कि जो भी बच्चे मरे हैं वो सभी लगभग गरीब परिवारों से आते हैं. बीमारी से भर्ती हुए बच्चों में भी लड़कियों की संख्या ज्यादा है.

घर के लिए मिलेगी मदद

सीएम ने कहा कि जिनके घर नही हैं उनके घर बनेंगे और इसके लिए मुख्यमंत्री आवास योजना से उनको घर बनाने में मदद मिलेगी. जिनका जमीन नहीं है उन्हें 60 हजार अनुदान जमीन के लिए मिलेगा. जागरूकता पर जोर देते हुए सीएम नीतीश ने कहा कि बीमारी से बचाव के लिए अभी भी जागरूकता की कमी है. मुज़फ़्फ़रपुर में गहनता के साथ जांच की जरूरत है. कई परिवार ऐसे भी हैं जिनके पास अभी राशन कार्ड नहीं है.

(इनपुट- सुधीर कुमार)

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First published: July 3, 2019, 8:53 AM IST
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