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जंगली हाथियों के आतंक से किसान परेशान, बोले- नीतीश के सामने खुद को लगा देंगे आग
Supaul News in Hindi

News18 Bihar
Updated: May 18, 2018, 1:51 PM IST

कुछ किसानों का आरोप है कि नेपाल परिक्षेत्र में पाले जाने वाले पालतू हाथियों को नेपाल वन विभाग के कर्मियों द्वारा शाम के समय ‘नो मैंस लैंड’ पर आकर छोड़ दिया जाता है.

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भारत-नेपाल की सीमा से लगे सुपौल जिले के बॉर्डर इलाके के किसान जंगली हाथियों के आतंक से परेशान हैं. जंगली हाथी यहां सैकडों एकड़ मे लगी फसलों को बर्बाद कर रहे हैं. वन विभाग जंगली हाथियों के आतंक की जानकारी होने के बाद भी अनजान बना हुआ है. 22 मई को सूबे के मुखिया नीतीश कुमार सुपौल जिला पहुंचने वाले हैं. हाथियों के आंतक से परेशान किसान मुख्यमंत्री के सामने आत्महत्या की धमकी दे रहे हैं.

बता दें कि सुपौल जिले के सीमावर्ती क्षेत्र भीमनगर पंचायत से लेकर बसंतपुर पंचायत के किसान पिछले 10 सालों से नेपाल से आने वाले जंगली हाथियों से परेशान हैं. यहां हाथी फसल बर्बाद करने के साथ कई लोगों की जान भी ले चुके हैं. किसान मुआवजे को लेकर कई बार विरोध-प्रदर्शन कर चुके हैं लेकिन उनकी फरियाद सुनने वाला कोई नजर नहीं आता.

कुछ किसानों का आरोप है कि नेपाल परिक्षेत्र में पाले जाने वाले पालतू हाथियों को नेपाल वन विभाग के कर्मियों द्वारा शाम के समय ‘नो मैंस लैंड’ पर आकर छोड़ दिया जाता है. सुबह होते ही नेपाल वन कर्मी हाथियों को लेने फिर ‘नो मैंस लैंड’ पर चले आते हैं. बसंतपुर के किसानों ने कहा कि पहले वह केवल जंगली हाथियों से परेशान थे अब नेपाल वन कर्मियों की हरकत से भी परेशान हैं. किसानों का कहना है कि हाथी हजारों एकड़ में लगी फसलों को बर्बाद कर देते हैं, उनको भगाने का कोशिश करते हैं तो जान के पीछे पड़ जाते हैं.

नेपाल के वन कर्मियों द्वारा भारतीय परिक्षेत्र में पालतू हाथी छोड़ने के संबंध में जब वन विभाग के रेंजर से बात की गई तो उन्होंने कहा कि ग्रामीण इस बारे में लगातार शिकायत कर रहे हैं. इसकी लिखित सूचना उच्च पदाधिकारियों को दी जा रही है, उनके आदेश के बाद ही कार्रवाई की जाएगी.



वन विभाग के रेंजर ने कहा कि हाथियों ने जिन किसानों की फसल को नुकसान पहुंचाया है उनकी लिस्ट बनाई जा रही है और पैसा सीधा उनके खाते में चला जाएगा. वहीं किसान 22 तारीख का इंतजार कर रहे हैं जब मुख्यमंत्री सुपौल पहुंचेंगे. किसानों का कहना है कि अगर उनकी बात नहीं सुनी गई तो वे मुख्यमंत्री के सामने खुद पर मिट्टी का तेल छिड़ककर आ लगा देंगे.

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First published: May 18, 2018, 1:41 PM IST
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