12 साल की उम्र में वसूलते थे कर्ज, अब मिली SBI के फंसे 1.5 लाख करोड़ रुपये निकालने की जिम्‍मेदारी

एसबीआई के एमडी चल्‍ला श्रीनिवासुलु शेट्टी 32 साल से देश के सबसे बड़े कर्जदाता बैंक के साथ काम कर रहे हैं. अब उन्‍हें बड़ी जिम्‍मेदारी सौंपी गई है.
एसबीआई के एमडी चल्‍ला श्रीनिवासुलु शेट्टी 32 साल से देश के सबसे बड़े कर्जदाता बैंक के साथ काम कर रहे हैं. अब उन्‍हें बड़ी जिम्‍मेदारी सौंपी गई है.

स्‍टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के तीन प्रबंध निदेशकों में चल्‍ला श्रीनिवासुलु शेट्टी (MD CS Setty) भी एक हैं. देश के सबसे बड़े कर्जदाता बैंक के 1.5 लाख करोड़ रुपये के फंसे कर्ज (Bad Loan) को वापस लाने वाली टीम को हेड करना भी शेट्टी की जिम्‍मेदारियों में शामिल है.

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मुंबई. फसल कटाई के दिनों (Harvest Season) में दो भाई 150 घर वाले एक गांव में जाते और किसानों (Farmers) से साल की शुरुआत में लिए गए कर्ज की वसूली (Recovering Money) करते थे. दोनों भाइयों के पास उधारी लेने वालों की सूची रहती थी. वे उनमें दर्ज हर किसान के घर जाकर कर्ज वसूलते थे. इन दोनों भाइयों में एक चल्‍ला श्रीनिवासुलु शेट्टी (Challa Sreenivasulu Setty) बताते हैं कि उनका भाई नरम स्‍वभाव का था. गांव वाले उसे पसंद करते थे. लेकिन, उसका कलेक्‍शन हमेशा मुझसे कम ही रहता था.

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एसबीआई के तीन प्रबंध निदेशकों में एक हैं शेट्टी
सीएस शेट्टी आज 42 साल बाद भी कर्ज की वूसली ही कर रहे हैं. बस फर्क इतना सा हुआ है कि अब वसूली बड़े पैमाने पर हो रही है. वह देश के सबसे बड़े कर्जदाता स्‍टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के तीन प्रबंध निदेशकों (MD) में से एक हैं. देश के सबसे बड़े कर्जदाता एसबीआई के 1.5 लाख करोड़ रुपये के फंसे कर्ज (Bad Loan) को वापस लाने वाली टीम को हेड करना भी शेट्टी की जिम्‍मेदारियों में शामिल है. ये उनके लिए काफी मुश्किल और चुनौतीभरा काम है. लेकिन, ये शेट्टी के लिए काफी बड़ा और अच्‍छा मौका भी है.
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भारत का बैड लोन रेशियो दुनिया में सबसे ज्‍यादा
भारत का बैड-लोन अनुपात (Bad Loan Ratio) दुनिया की बड़ी अर्थव्‍यवस्‍थाओं में पहले ही सबसे ज्‍यादा है. माना जा रहा है कि कोरोना वायरस (Coronavirus) के बीच लगाए गए लॉकडाउन (Lockdown) के कारण कारोबारी गतिविधियां थम गईं और लाखों लोगों की नौकरी चली गई है. इससे कर्ज को लेकर स्थिति गंभीर है. शेट्टी कहते हैं कि अपने पिता के लिए कर्ज वसूली करते समय मैंने दो अहम बातें सीखीं. पहला, आप कितनी तेजी से पैसे वसूल सकते हो. ये काफी अहम है. इसके बाद अहम है बाकी वसूली के लिए कर्ज लेने वाले को फॉलो करते रहना.

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कर्ज के एक बार में सेटलमेंट को तव्‍वजो देंगे शेट्टी
शेट्टी करीब 32 साल से एसबीआई में ही हैं. इस दौरान उन्‍होंने रिटेल व डिजिटल बैंकिंग (Digital Banking) का नेतृत्‍व करने के साथ ही बैड लोन रिकवरी और विदेश में स्‍ट्रेस्‍ड एसेट मैनेजमेंट (Stressed Assets Management) की जिम्‍मेदारी संभाली. देश के बैंकिंग सिस्‍टम में मौजूद 1.37 खरब आउस्‍टैंडिंग लोन (Outstanding Loans) का पांचवों हिस्‍सा एसबीआई के खाते में ही है. शेट्टी ने कहा कि हम एक बार में पूरे लोन के सेटलमेंट को तव्‍वजो देंगे. इस तरह से बैंक को समय पर नकदी मिल सकेगी. छोटे और मझोले लोन के मामले में डिफॉल्‍टर्स का पीछा किया जाना काफी अहम है. शेट्टी कहते हैं कि मौजूदा हालात में कॉरपोरेट लोन के बजाय खुदरा कर्ज की रिकवरी की ज्‍यादा उम्‍मीदें हैं.
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