बिल गेट्स ने बताया- कैसे कोरोना काल के बाद भी बदल चुका होगा बिजनेस का तरीका, आप भी जानें

माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स
माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स

बिल गेट्स (Bill Gates) का कहना है कि कोविड-19 महामारी (Coronavirus Pandemic) के बाद भी आमने-सामने बैठकर बिजनेस प्रस्ताव पर बात करना अब 'गोल्ड स्टैंडर्ड' नहीं रह जाएगा. हालांकि उन्होंने खुद का उदाहरण देते हुए इन वर्चुअल मीटिंग्स के दूसरे पहलू का भी जिक्र किया.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 22, 2020, 10:22 AM IST
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नई दिल्ली. कोरोना वायरस महामारी (Coronavirus Pandemic) ने ​ऑफिस में काम करने से लेकर बिजनेस ट्रैवल के तरीकों में बड़ा बदलाव करने पर मजबूर किया है. ​माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स (Bill Gates) का कहना है कि महामारी खत्म होने के बाद भी स्थिति पहले जैसी नहीं रहेगी. न्यूयॉर्क टाइम्स के एक कॉन्फ्रेंस में इंटरव्यू के दौरान गेट्स ने कहा कि भविष्य में काम करने का तरीका बिल्कुल बदल चुका होगा. गेट्स के मुताबिक, सबसे बड़ा बदलाव काम करने के तरीकों और बिजनेस ट्रैवल (Impact on Business Travel) को लेकर होगा.

गेट्स ने कहा, 'मेरा अनुमान है कि 50% बिजनेस ट्रैवल और ऑफिस में काम करने का दिन 30% तक कम हो जाएगा.' गेट्स ने कहा कि किसी बिजनेस प्रस्ताव पर बातचीत करने के लिए फिजिकल रूप में आमने-सामने बैठकर बात करना अब 'गोल्ड स्टैंडर्ड' नहीं रहेगा. इस तरह के बिजनेस ट्रिप के लिए कंपनियां अब जल्दी तैयार नहीं होंगी.

घर से काम (Work From Home) करने के नये चलन को लेकर गेट्स का मानना है कि कुछ कंपनियां इनमें से किसी एक ही विकल्प को चुनना ज्यादा पसंद करेंगी. उन्होंने ट्विटर (Twitter)) का उदाहरण भी दिया. हाल ही में ट्विटर ने कहा है कि उसके कर्मचारी हमेशा के लिए कहीं से भी काम कर सकते हैं.



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क्या होगा वर्चुअल मीटिंग्स का दूसरा पहलू?
हालांकि गेट्स ने इन वर्चुअल मीटिंग्स (Virtual Meetings) के दूसरे पहलू का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि वर्चुअल मीटिंग्स में किसी को व्यक्तिगत रूप से जानने के मौके कम हो जाएंगे. उन्होंने इस इंटरव्यू में यह भी कहा कि इस साल उन्हें कोई नया दोस्त बनाने का मौका नहीं मिला. वर्चुअल मीटिंग्स के लिए इस्तेमाल होने वाले सॉफ्टवेयर्स में भी बड़े बदलाव किए जाने की जरूरत है.

काम करने के नये तरीके की तलाश में कंपनियां
गौरतलब है कि कई कंपनियां (खासतौर से टेक क्षेत्र की कंपनियां) भविष्य में काम करने के तरीके तलाश रही हैं. इस साल कोविड-19 महामारी की वजह से इन कंपनियों को अपनी कार्यशैली में बड़े बदलाव करने पड़े हैं. ट्विटर ही केवल इकलौती कंपनी नहीं, जो अपने कर्मचारियों को कहीं से भी काम करने का मौका दे रही है.

हाइब्रिड वर्कप्लेस की तरफ बढ़ रहा माइक्रोसॉफ्ट
Slack, Stripe और फेसबुक जैसी कंपनियों ने कहा कि उनके कर्मचारी हेडक्वॉटर से रिलोकेट कर सकते हैं. माइक्रोसॉफ्ट का कहना है कि उसके कर्मचारी 'हाइब्रिड वर्कप्लेस' मॉडल पर शिफ्ट होंगे. इसके तहत उन्हें सप्ताह में आधे दिनों के लिए ही ऑफिस जाकर काम करना होगा. बाकी दिन वो कहीं से भी काम कर सकेंगे.

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कॉरपोरेट ट्रैवल को पहले के स्तर पर पहुंचने में लगेंगे कई साल
बिजनेस ट्रैवल को लेकर गेट्स की यह भविष्यवाणी हाल ही इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स की एक रिसर्च जैसी ही है. इस रिसर्च में एक्सपर्ट्स ने अनुमान लगाया था कि कोरोना काल के पहले के स्तर पर पहुंचने में कई साल लग सकते हैं. अक्टूबर में बैंक ऑफ अमेरिका (Bank of America) के एक रिसर्च के मुताबिक, 2023 या 2024 से पहले कॉरपोरेट ट्रैवल पहले की स्तर पर नहीं आएगा.
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