सरकार की एक और पहल, अब BIS सर्टिफिकेशन प्रोसेस होगी आसान, आंतरिक व्यापार को मिलेगा बढ़ावा

भारतीय मानक ब्यूरो

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ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सरकार बीआईएस (BIS) से क्वालिटी सर्टिफिकेट प्राप्त करने की प्रक्रिया को आसान बनाने जा रही है.

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नई दिल्ली: भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) से क्वालिटी सर्टिफिकेट प्राप्त करने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए सरकार बुधवार को एक कार्यशाला आयोजित करेगी. सरकार के द्वारा जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि उद्योग और आंतरिक व्यापार को बढ़ावा देने के लिए उद्योग विभाग और आंतरिक व्यापार विभाग के संयुक्त तत्वाधान में 'सर्टिफिकेट के लिए आसान अनुपालन' विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है. केंद्रीय उपभोक्ता मामले एवं खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण, रेलवे एवं वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल इस कार्यशाला को संबोधित करेंगे.

ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को मिलेगा बढ़ावा- उन्होंने कहा, "ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सरकार बीआईएस से क्वालिटी सर्टिफिकेट प्राप्त करने की प्रक्रिया को आसान बनाने जा रही है." यह कार्यशाला उद्योग के विभिन्न क्षेत्रों और सर्वोच्च राष्ट्रीय मानकों के बीच घनिष्ठ संपर्क की सुविधा प्रदान करेगी. बयान में कहा गया कि कार्यशाला सभी क्षेत्रों में भारतीय मानक बनाने पर भी ध्यान केंद्रित करेगी ताकि 'मेक इन इंडिया' मिशन अपने उद्देश्यों को प्राप्त कर सके."

इस कार्यशाला का उद्देश्य उद्योगों, विशेषकर एमएसएमई (सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम), स्टार्टअप्स और छोटे उद्यमों के सामने आ रही समस्याओं को समझना है. ग्राहकों के अधिकारों की रक्षा के लिए BIS एक्ट 2016 एवं लिगल मेट्रोलॉजी एक्ट का गठन किया गया था.



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गुणवत्ता वाले उत्पाद बाजार का विस्तार करते हैं- गोयल ने मंगलवार को कहा कि उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद और सेवाएं उद्योग की उत्पादकता बढ़ाते हैं, लागत में कमी लाते हैं, दक्षता बढ़ाते हैं तथा बाजार का विस्तार करते हैं. उन्होंने कहा कि भारत को अपने दम पर दुनिया के अन्य देशों के साथ जुड़ना चाहिए और यह लागत प्रतिस्पर्धी, उच्च उत्पादकता से ही संभव है. ये दोनों तभी संभव है, जब गुणवत्ता बेहतर हो. यह देश के भविष्य के विकास और वृद्धि के लिये पूर्व शर्त है.

गुणवत्ता से लागत होती है कम- गोयल ने कहा, गुणवत्ता की कभी कोई लागत नहीं होती. वास्तव में, गुणवत्ता से लागत कम होती है. यह उत्पादकता बढ़ाता है, आपको अधिक कुशल बनाता है. यह आपके बाजार का विस्तार करता है, पैमाने की मितव्ययिता देता है, आपको उत्पाद और सेवा में निरंतरता देता है तथा अपव्यय को समाप्त करता है. गोयल ने कहा, हम सुनिश्चित करेंगे कि ब्रांड इंडिया गुणवत्ता से पहचाना जाए और हम लागत प्रतिस्पर्धी तथा उच्च गुणवत्ता के उत्पाद और सेवाओं की अपनी ताकत पर दुनिया के अन्य देशों से जुड़ेंगे.
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