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बजट में पेपर, खिलौने और फुटवियर पर बढ़ सकती है कस्टम ड्यूटी, चीन को लगेगा झटका

पीटीआई
Updated: January 16, 2020, 8:20 PM IST
बजट में पेपर, खिलौने और फुटवियर पर बढ़ सकती है कस्टम ड्यूटी, चीन को लगेगा झटका
चीन को लगेगा झटका

वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय (Commerce and Industry Ministry) ने अपनी बजट सिफारिशों में वित्त मंत्री को यह सुझाव दिया है.

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नई दिल्ली. सरकार 'मेक इन इंडिया' (Make in India) को प्रोमोट करने और मैन्युफैक्चरिंग ग्रोथ को बूस्ट करने के लिए आगामी बजट में पेपर (Paper), फुटवियर (Footwear), रबर आइटम्स (Rubber Items) और खिलौनों (Toys) जैसे कई प्रोडक्ट्स पर कस्टम ड्यूटी बढ़ा सकती है. सूत्रों ने कहा कि वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने अपनी बजट सिफारिशों में वित्त मंत्री को यह सुझाव दिया है.

सूत्रों का कहना है कि कॉमर्स मिनिस्ट्री ने अलग-अलग सेक्टर के 300 से अधिक उत्पादों, जिनमें फर्निचर, केमिकल्स, रबर, कोटेड पेपर और पेपर बोर्ड भी शामिल है, पर आयात शुल्क या बेसिक आयात ड्यूटी में बढ़ोतरी की प्रस्ताव दिया है.

रबर पर 40% होगा कस्टम ड्यूटी
वाणिज्य मंत्रालय के प्रस्ताव के अनुसार, रबर के न्यूमैटिक टायर्स पर आयात शुल्क मौजूदा 10-15 फीसदी से बढ़ाकर 40 फीसदी करने का प्रस्ताव है. इसी तरह फुटवेयर और इससे जुड़े उत्पादों पर आयात शुल्क 25 फीसदी से बढ़ाकर 35 फीसदी करने की सिफारिश की गई है.

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सूत्रों का कहना है कि सस्ते फुटवेयर का बड़ी मात्रा में आयात होता है. इन पर आयात शुल्क बढ़ने से घरेलू बाजार में कीमतें प्रतिस्पर्धी होंगी. अधिकांश आयात आसियान देशों से होता है. इनके साथ भारत का फ्री ट्रेड एग्रीमेंट है. इसमें इस बात का भी संदेह है कि चीन इन देशों के जरिए बड़ी मात्रा में सस्ते फुटवेयर भारत में डंप कर रहा है.

वेस्ट पेपर और वूड पल्प पर खत्म होगी इम्पोर्ट ड्यूटीवित्त मंत्रालय ने हालांकि वेस्ट पेपर और वूड पल्प पर आयात शुल्क खत्म करने का सुझाव दिया है. अभी इन पर ड्यूटी क्रमश: 10 फीसदी और 5 फीसदी है. पेपर इंडस्ट्री ने सस्ते आयात पर अपनी चिंताएं मंत्रालय के सामने रखी थीं.

सूत्रों ने बताया कि कोटेड पेपर मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री पर सस्ते आयात का काफी बुरा असर हो रहा है. इस पर आयात शुल्क बढ़ने से ग्लोबल कंपनियों से घरेलू कंपनियों को मुकाबला करने में आसानी होगी. इसके अलावा घरेलू मैन्युफैक्चरर के हितों को भी सुरक्षित किया जा सकेगा.

इन प्रोडक्ट पर बढ़े इम्पोर्ट ड्यूटी
लकड़ी, मेटल और प्लास्टिक खिलौनों पर मंत्रालय ने इम्पोर्ट ड्यूटी मौजूदा 20 फीसदी से बढ़ाकर 100 फीसदी तक करने का सुझाव दिया है. 2018-19 में खिलौनों का आयात करीब 30.2 करोड़ डॉलर का हुआ था, इसमें से 28.18 करोड़ डॉलर का आयात चीन और हांगकांग से हुआ.

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First published: January 16, 2020, 7:58 PM IST
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