रेल से जुड़े तीन परियोजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी, इलाहाबाद-मुगलसराय के बीच बनेगी तीसरी लाइन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में रेलवे को लेकर कई बड़े फैसले हुए. कैबिनेट ने रेल से जुड़ी तीन परियोजनाओं को मंजूरी दी.

News18Hindi
Updated: July 17, 2019, 6:47 PM IST
रेल से जुड़े तीन परियोजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी, इलाहाबाद-मुगलसराय के बीच बनेगी तीसरी लाइन
रेल से जुड़े तीन परियोजनाओं को कैबिनेट की मंजूरी
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Updated: July 17, 2019, 6:47 PM IST
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में रेलवे को लेकर कई बड़े फैसले हुए. कैबिनेट ने रेल से जुड़ी तीन परियोजनाओं को मंजूरी दी. बैठक खत्म होने के बाद रेल मंत्री पीयूष गोयल ने बताया कि कैबिनेट ने इलाहाबाद और पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन (मुगलसराय) के बीच 150 किलोमीटर लंबी तीसरी रेलवे लाइन के निर्माण को मंजूरी दी है. इस परियोजना पर कुल 2649.44 करोड़ रुपये की लागत आएगी और यह प्रोजेक्ट 2023-24 तक पूरा होगा.

रेल मंत्री ने कहा, ''इस लाइन के बन जाने से लाइन कैपेसिटी का जो ओवरलोड है वो खत्म हो जाएगा. इस मार्ग का कंजेशन कम करने के लिए यह बहुत आवश्यक है, चंदौली, मिर्जापुर व इलाहाबाद जिलों को इसका लाभ मिलेगा. इस प्रोजेक्ट से 36 लाख नौकरियां पैदा होंगी.''



सहजनवा-दोहरीघाट के बीच में बनेगी नई लाइन

केंद्रीय मंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश में सहजनवा-दोहरीघाट के बीच में नई लाइन बनेगी, जिससे गोरखपुर को बाईपास करते हुए एक अतिरिक्त मार्ग बन जाएगा. जिससे अन्य मार्गों पर ओवरलोड कम होगा. सहजनवा-दोहरीघाट के बीच नई लाइन 81.17 किलोमीटर की होगी और इस प्रोजेक्ट की लागत 1319.75 करोड़ रुपये आएगी. यह प्रोजेक्ट 5 साल में बनकर तैयार होगा. इस प्रोजेक्ट से 19.48 लाख नौकरियां पैदा होंगी. प्रोजेक्ट पूरा होने के बाद छपरा से लखनऊ के लिए अलग रूट होगा.

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न्यू बोंगईगांव से अग्थोरी लाइन के दोहरीकरण को मंजूरी
इसके अलावा कैबिनेट ने न्यू बोंगईगांव से अग्थोरी लाइन के दोहरीकरण को मंजूरी दी है. रेल मंत्री ने कहा कि 142.97 किलोमीटर की यह लाइन 4 वर्षों में पूर्ण हो जाएगी. इस पर 2042.51 करोड़ रुपये का खर्च आएगा. यह लाइन बक्सा, बरपेटा, बोंगईगांव, नलबारी और कामरूप को सेवाएं प्रदान करेगी. इसके बन जाने से पूरी लाइन पर ओवरलोड समाप्त हो जाएगा. इससे बोगीबिल सेतु का उपयोग करके पूरे पूर्वोत्तर को कनैक्ट करने के लिए यह दोहरीकरण का प्रोजेक्ट महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. दिल्ली-हावड़ा के व्यस्त मार्ग, जहां 50 यात्री ट्रेन और 41 मालगाड़ियां चलती हैं, उन्हें समय सीमा पर चलाने में सुविधा होगी.

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First published: July 17, 2019, 4:44 PM IST
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