Home /News /business /

cbdt told which nfts are virtual digital assets which will be taxed jst

कौन से एनएफटी होंगे वर्चुअल डिजिटल एसेट जिन पर लगेगा टैक्स, सीबीडीटी ने किया स्पष्ट

सीबीडीटी ने नोटिफिकेशन जारी बताया है कौन से एनएफटी होंगे वर्चुअल डिजिटल एसेट

सीबीडीटी ने नोटिफिकेशन जारी बताया है कौन से एनएफटी होंगे वर्चुअल डिजिटल एसेट

वर्चुअल डिजिटल एसेट को लेकर सीबीडीटी ने एक नोटिफिकेशन जारी किया है. इसमें बताया है कि कौन से एनएफटी वर्चुअल डिजिटल एसेट के तहत आते हैं जिन पर टैक्स लगाया जाएगा. वीडीए के लेनदेन पर अब 1 फीसदी टीडीएस काटा जाएगा.

नई दिल्ली. केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने 30 जून को एक नोटिफिकेशन जारी कर बताया कि वर्चुअल डिजिटल एसेट के अंतर्गत केवल उन्हीं एनएफटी पर टैक्स लगेगा जिनमें कोई समानांतर भौतिक संपत्ति की बिक्री न शामिल हो. एक अलग अधिसूचना में, सीबीडीटी ने यह भी स्पष्ट किया कि उपहार कार्ड, वाउचर, माइलेज पॉइंट, रिवार्ड पॉइंट और लॉयल्टी कार्ड वीडीए नहीं हैं और इन पर कर नहीं लगाया जाएगा.

नोटिफिकेशन के अनुसार, “केंद्र सरकार ऐसे नॉन फंजिबल टोकन को वर्चुअल डिजिटल एसेट की श्रेणी में मानती है जो सेक्शन 2 के क्लॉज (47ए) के सब क्लॉज (ए) में आता है. लेकिन इसमें ऐसा एनएफटी शामिल नहीं है जिसका ट्रांसफर के तहत किसी टेंजिबल एसेट की ओनरशिप भी ट्रांसफर हो रही हो या कानून के तहत संभव हो.”

ये भी पढ़ें- New TDS Rules : अब इनफ्लूएंसर्स को भी देना होगा टीडीएस! आज से लागू हुए नए नियम

वर्चुअल डिजिटल एसेट पर 30 फीसदी टैक्स

बजट में, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने घोषणा की थी कि क्रिप्टोकरेंसी और एनएफटी सहित वर्चुअल डिजिटल एसेट के लेनदेन से होने वाले लाभ पर 30 प्रतिशत का आयकर लगाया जाएगा. इसके अलावा, इन लेनदेनों को ट्रैक करने के लिए इन लेनदेनों पर स्रोत पर 1 प्रतिशत कर कटौती (टीडीएस) भी होगी. एनएफटी डिजिटल संपत्ति हैं जो कला, संगीत और खेल जैसी वास्तविक वस्तुओं का प्रतिनिधित्व करती हैं. उन्हें सामान्य संपत्ति की तरह ऑनलाइन खरीदा और बेचा जाता है, लेकिन प्रत्येक को एक अद्वितीय कोड द्वारा अलग किया जाता है जो ब्लॉकचेन पर दर्ज होता है. यह कोड एनएफटी को उसके मालिक तक वापस ट्रेस करने में मदद करता है.

1 जुलाई से वर्चुअल डिजिटल एसेट पर टीडीएस लागू

शुक्रवार से किसी भारतीय से वर्चुअल डिजिटल एसेट खरीदने वाले शख्स को भुगतान पर 1 फीसदी का टीडीएस काटना होगा. प्रावधानों के अनुसार वर्चुअल डिजिटल एसेट खरीदने वाले को भुगतान करते समय ही टीडीएस की कटौती करनी चाहिए. इसके बाद, जिस महीने में टीडीएस काटा गया है, उसके 30 दिनों के भीतर टीडीएस सरकार के पास जमा कराना जरूरी है. मिसाल के तौर पर वीडीए खरीदने वाले ने अगर भुगतान 15 अगस्त 2022 को किया, तो उसे टीडीएस भी उसी दिन यानी 15 अगस्त 2022 को काटना होगा और फिर उसे 30 सितंबर 2022 तक सरकार के खाते में जमा करना होगा. इसके बाद 15 अक्टूबर 2022 तक फॉर्म 16ई जारी किया जाएगा. 1 जुलाई 2022 से पहले के ट्रांजैक्शन इस प्रावधान के दायरे में नहीं आते.

ये भी पढ़ें- क्रिप्टोकरेंसी: आखिर कहां थमेगी गिरावट? बिटकॉइन फिर 20 हजार डॉलर से नीचे

Tags: Business news, Business news in hindi, Crypto, Technology

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर