किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी! अब सीधे खाते में आएगी ये सब्सिडी, सरकार ने की शुरुआत

केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए अब 70,000 करोड़ रुपये से अधिक की खाद सब्सिडी को सीधे किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर को लेकर बड़ा कदम उठया है.

News18Hindi
Updated: July 11, 2019, 9:49 AM IST
किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी! अब सीधे खाते में आएगी ये सब्सिडी, सरकार ने की शुरुआत
किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी! अब सीधे खाते में आएगी ये सब्सिडी, सरकार ने की शुरुआत
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Updated: July 11, 2019, 9:49 AM IST
केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए अब 70,000 करोड़ रुपये से अधिक की खाद सब्सिडी को सीधे किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर को लेकर बड़ा कदम उठया है. सरकार इसके लिए तीन नई टेक्नोलॉजी पर काम शुरू कर चुकी है. नई टेक्नोलॉजी के जरिए राष्ट्रीय, राज्य और जिला स्तर पर उर्वरक सप्लाई, उपलब्धता और जरुरत का ब्यौरा अब एक ही डैशबोर्ड पर मिलेगा. इसकी जानकारी देते हुए उर्वरक सचिव छबीलेन्द्र राउल ने कहा है कि सरकार ने पीओएस सॉफ्टवेयर एडिशन 3.0 विकसित किया है. इसमें रजिस्ट्रेशन, लॉग इन के दौरान आधार वर्चुअल पहचान विकल्प के साथ विभिन्न भाषाओं की सुविधा होगी.

उन्होंने बताया कि इसमें मिट्टी स्वास्थ्य कार्ड सिफारिश के लिये प्रावधान है. साथ ही, किसानों को बेची गई खाद के आंकड़े भी आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे.



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किसानों के लिए खुशखबरी- सरकार की इस कदम से अब डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के तहत सीधे किसानों के बैंक खातों में खाद सब्सिडी ट्रांसफर करेगी. खाद डीबीटी का पहला चरण अक्टूबर 2017 में शुरू किया गया. इसके तहत पीओएस मशीनों से प्राप्त खुदरा बिक्री आंकड़ों की जांच के बाद सब्सिडी सीधे कंपनियों को दी जाती थी.



कंपनियों को भी मिलेगी राहत- डीबीटी 2.0 शुरू करने को लेकर केमिकल एंड फर्टिलाइजर मंत्री सदानंद गौड़ा ने बताया कि इस नई पहल से निश्चित तौर पर किसानों तक पहुंच बढ़ाने में मदद मिलेगी. उन्होंने कहा हमारा जो प्रयास है, उसमें मदद मिलेगी. इससे उर्वरक सेक्टर में पारदर्शिता आएगी.

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सरकार डीबीटी के कारण सब्सिडी दुरुपयोग और उर्वरकों की काला बाजारी को रोकने में सफल हुई है. दूसरे चरण में की गयी पहल का उद्देश्य डीबीटी व्यवस्था को और मजबूत बनाना है. आने वाले महीनों में कुछ और पहल की जाएंगी.
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