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कच्चे तेल को लेकर इन दो देशों में ठनी, प्रस्तावित आपात बैठक में हो सकती है देरी

News18Hindi
Updated: April 4, 2020, 8:01 PM IST
कच्चे तेल को लेकर इन दो देशों में ठनी, प्रस्तावित आपात बैठक में हो सकती है देरी
कच्चे तेल के कंटेनर्स

कच्चा तेल की कीमतों (Crude Oil Price) को कई साल के निचले स्तर से उबारने के लिये OPEC तथा अन्य बड़े उत्पादक देशों की प्रस्तावित आपात बैठक से पहले ही खींचतान के संकेत दिखने लगे हैं.

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दुबई. कच्चा तेल की कीमतों (Crude Oil Prices) को कई साल के निचले स्तर से उबारने के लिये OPEC तथा अन्य बड़े उत्पादक देशों की प्रस्तावित आपात बैठक से पहले ही खींचतान के संकेत दिखने लगे हैं. इस बैठक से पहले रूस और सऊदी अरब एक-दूसरे पर दोष आरोपित करने में जुट गये हैं.

समझौते मानने से रूस का इनकार
सऊदी अरब की सरकारी प्रेस एजेंसी ने विदेश मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान के हवाले से शनिवार को कहा, ‘‘सऊदी अरब और 22 अन्य देश समझौते को आगे बढ़ाने तथा उत्पादन में कटौती करने के लिये रूस को मना रहे थे, लेकिन रूस ने ही समझौते को मानने से इनकार कर दिया था .’’

प्रिंस फैसल ने यह बयान रूस के उस इल्जाम को लेकर दिया है कि कच्चा तेल की कीमतों में गिरावट के लिये सऊदी अरब जिम्मेदार है.



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सऊदी अरब के तेल मंत्री प्रिंस अब्दुलअजीज बिन सलमान ने रूस के ऊर्जा मंत्री अलेक्सांद्र नोवाक के उस बयान की आलोचना की जिसमें नोवाक ने कहा था कि सऊदी अरब शेल (अमेरिकी कच्चा तेल) के उत्पादकों का हिस्सा हथियाना चाहता है. प्रिंस अब्दुलअजीज ने इसपर हैरानी जताते हुए कहा कि सऊदी अरब शेल उद्योग के खिलाफ बताया जाना पूरी तरह से गलत है, और रूस के हमारे मित्र भी यह अच्छी तरह से जानते हैं.

ट्रंप ने ट्वीट कर उत्पादन में कटौती का भरोसा दिया था
इससे पहले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने गुरुवार को ट्वीट किया, ‘‘रूस और सऊदी अरब उत्पादन में एक करोड़ बैरल की कटौती करने जा रहे हैं.’’ हालांकि ट्रंप ने विस्तार से इस बारे में कुछ नहीं कहा. ऐसे में यह माना जा रहा है कि सऊदी अरब के मंत्रियों ने ट्रंप सरकार से टकराव को टालने के लिये ये बयान दिये हैं.

60 प्रतिशत लुढ़क चुका है कच्चे तेल का भाव
उल्लेखनीय है कि कच्चा तेल में उत्पादन को लेकर कटौती पर रूस और सऊदी अरब के सहमत नहीं होने के बाद से इसकी वैश्विक कीमतों में 60 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आ चुकी है. ब्रेंट क्रूड (Brent Crude Oil) अभी 24 डॉलर प्रति बैरल के आस-पास चल रहा है, जबकि साल भर पहले यह 70 डॉलर प्रति बैरल से भी ऊपर था.

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First published: April 4, 2020, 8:01 PM IST
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