कोरोना वायरस की वजह नौकरी जाने पर अब नहीं सताएगी पैसों की टेंशन! ऐसे करें प्लानिंग

फाइनेंशि‍यल क्राइसेस के दौर को भी बिना टेंशन के झेल पाना
फाइनेंशि‍यल क्राइसेस के दौर को भी बिना टेंशन के झेल पाना

कोरोना वायरस (Coronavirus) की वजह से ग्लोबल इकॉनमी पर काफी बुरा असर पड़ा है. लोगों के हजारों-करोड़ों रुपये डूब गए हैं. ऐसी विपरीत परिस्थिति के लिए ही इमरजेंसी फंड (Emergency Fund) बनाना जरूरी होता. इसीलिए हम आपको आज ऐसी प्लानिंग के बारे में बता रहे हैं...

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नई दिल्ली. पूरी दुनिया इस समय कोरोना वायरस (Coronavirus) महामारी से जूझ रही है. लोगों की आवाजाही पर पूरी तरह से रोक लगाईं गयी है. जिस वजह से काफी लोग बेरोजगार हो चुके हैं तो वहीं कई डरावनी रिपोर्ट्स भी सामने आ रही हैं जिनके हिसाब से अगले कुछ समय में 50% की नौकरियां मुश्किल में हैं. ऐसे सबसे जरूरी है कि आप अपनी सेहत का ख्याल रखें, लेकिन इसके साथ-साथ ये भी जरूरी है कि फाइनेंशियल रूप से भी मैनेज रहें, ताकि किसी भी परेशानी पर आपको क़र्ज़ लेने की जरुरत नहीं पड़े. कोरोना वायरस की वजह से ग्लोबल इकॉनमी पर काफी बुरा असर पड़ा है. लोगों के हजारों-करोड़ों रुपये डूब गए हैं. ऐसी परिस्थिति में अपने इमरजेंसी फंड होना जरूरी हो जाता है.

आज का जो दौर है उसमें गुल्लक से काम नहीं चलने वाला है. इसीलिए हम आपको आज ऐसी प्लानिंग के बारे में बता रहे हैं जि‍नकी बदौलत आप और आपका परि‍वार फाइनेंशि‍यल क्राइसेस के दौर को भी बिना टेंशन के झेल पाएगा.

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जाने-माने फाइनेंशियल प्लानर (Financial Planner) कहते हैं कि नौकरी करने वालों को सही समय पर अपनी फाइनेंशियल प्लानिंग शुरू कर देनी चाहिए. क्योंकि, पुरानी कहावत है बुरे वक्त में अपना साया भी साथ छोड़ देता है. इसीलिए हमेशा खयाल रहें कि आपके हाथ में जो पैसा है वहीं बुरे समय में काम आएगा.
फाइनेंशियल प्लानर अर्णव पंड्या कहते हैं कि नौकरी शुरू करते वक्त ही आपको तुरंत इमरजेंसी फंड तैयार करना शुरू कर देना चाहिए. साथ ही, जरूरी खर्चों का हिसाब रखें. इसके अलावा निवेश पर मिल रहे मुनाफे का आकलन करें और सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण नई नौकरी की तलाश में लगे रहें.

आज से ही शुरू करें बुरे वक्त से निपटने की बेस्ट प्लानिंग

(1) इमरजेंसी फंड तैयार रखें: इसके लिए 5 से 6 महीने का खर्च जमा करें. जरूरत के वक्त निकासी वाले विकल्प चुनें. इसके लिए लिक्विड फंड में निवेश किया जा सकता है. आज 500 रुपये की छोटी सी किस्त से शुरुआत की जा सकती है और अगर पिछले सालों के रिटर्न का एवरेज निकालें तो करीब 12 से 15% का रिटर्न देने में म्यूचुअल फंड्स कामयाब रहे हैं.

बाजार का सेंटीमेंट खराब होने पर म्यूचुअल फंड्स ने निगेटिव रिटर्न भी दिया है लेकिन अगर लॉन्ग टर्म के लिए होल्ड करेंगे तो निगेटिव रिटर्न की चुभन कम होगी, क्योंकि कम्पाउंड इंट्रेस्ट का फायदा भी मिलता है. इसलिए इनमें निवेश का टाइम हॉराइजन कम से कम 3 से 5 साल होना ही चाहिए. लंबे समय निवेश रखेंगे तो पावर ऑफ कम्पाउंडिंग का फायदा उठा पाएंगे. आपका इन्वेस्टमेंट जैसे-जैसे रिइन्वेस्ट होगा तो उस पर सिंपल नहीं कम्पाउंड इंट्रेस्ट मिलेगा.

(2) अपने खर्चों का पूरा रखें हिसाब-किताब: अपने खर्चों का आकलन करने के लिए हर महीने के बजट पर गौर करें. इसमें जरूरी और गैरजरूरी खर्चों में फर्क समझें. बच्चों की फीस, किराया, बिल भुगतान प्लान करें. वहीं गैरजरूरी खर्चों को टालना अच्छा होता है.

(3) एक्सट्रा इनकम का पता लगाएं: अपनी बेहतरी के लिए एक्सट्रा कमाई का जरिया खोजें. फ्रीलांस वर्क के जरिए कमाई करना भी एक विकल्प हो सकता है. इसके अलावा निवेश में डिविडेंड या ब्याज से भी कमाई हो सकती है.

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(4) सैलरी से मिले पे-आउट को प्लान करें: नौकरी जाने पर मिले पैसों को संभालना चाहिए. उस पैसे को सही जगह प्लान करके निवेश करें.

(5) पर्याप्त इंश्योरेंस कवर लें: अच्छी प्लानिंग के लिए टर्म और हेल्थ इंश्योरेंस का सही कवर लेना चाहिए. निवेश की हुई इंश्योरेंस पॉलिसी पर गौर करें.

(6) रिटायरमेंट का पैसा खर्च नहीं करें: PF से मिली रकम खर्च नहीं करना समझदारी होती है. कुछ पैसा रिटायरमेंट के लिए बचाकर रखना चाहिए.

(7) टैक्स देनदारी पर ध्यान दें: टैक्स की बात करें तो नौकरी जाने पर मिले पैसों पर टैक्स देखें. टैक्स प्लानिंग के लिए सलाहकार की मदद लें.

(8) नई नौकरी की तलाश: नौकरी जाने के बाद नई नौकरी की तलाश में तेजी से जुटना चाहिए. नेटवर्किंग के जरिए भी नौकरी खोजनी चाहिए. इसके अतिरिक्त स्किल डेलवपमेंट पर फोकस बढ़ाना जरूरी है.

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ऐसे बुरे वक्त को अपने आप से दूर रखने के लिए आपको आज से ही प्लानिंग शुरू करनी होगी. अगर आप ठान लेंगे तो आप बचत (saving) भी कर पाएंगे और निवेश (investment) भी कर पाएंगे. जानकारों के मुताबिक, जितनी जल्दी बचत की आदत डाली जाए, भविष्य के लिए उतना ही अच्छा होता है. इससे आपके जीवन में एक पॉजिटिव बदलाव आएगा. आप चाहें तो नए साल में कुछ रिजॉल्यूशन लेकर इसकी शुरुआत कर सकते हैं.
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