• Home
  • »
  • News
  • »
  • business
  • »
  • PF की नई दरों पर फैसला आज, 6 करोड़ लोगों को मिल सकती है राहत

PF की नई दरों पर फैसला आज, 6 करोड़ लोगों को मिल सकती है राहत

ईपीएफओ ने 2017-18 में पीएफ पर 8.55 फीसदी का ब्याज दिया था

ईपीएफओ ने 2017-18 में पीएफ पर 8.55 फीसदी का ब्याज दिया था

न्यूनतम पेंशन बढ़ाकर तीन गुना की जा सकती है. EPFO मेंबर्स को अभी 1000 रुपये न्यूनतम पेंशन मिलती है जिसे बढ़ाकर 3000 रुपये करने पर फैसला हो सकता है

  • Share this:
    सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्टी (CBT) की आज अहम बैठक होने वाली है. इस बैठक में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO वित्त वर्ष 2018-19 के लिए प्रॉविडेंट फंड (PF) पर ब्याज दरों पर फैसला करेगी. न्‍यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक आज होने वाली सीबीटी की बैठक में पीएफ पर ब्याज दर को बरकरार रखने का प्रस्‍ताव आ सकता है. यानी माना जा रहा है कि ब्याज़ दरों में कोई कटौती नहीं की जाएगी.

    ईपीएफओ ने 2017-18 में पीएफ पर 8.55 फीसदी का ब्याज दिया था. ये पिछले 5 साल में सबसे कम था. इससे पहले 2016-17 में 8.65 फीसदी और 2015-16 में 8.8 फीसदी का ब्याज मिला था.

    श्रम मंत्री की अध्यक्षता वाला न्यासी बोर्ड ईपीएफओ का निर्णय लेने वाला शीर्ष निकाय है, जो वित्त वर्ष के लिए भविष्य निधि जमा पर ब्याज दर पर निर्णय लेता है. बोर्ड की मंजूरी के बाद प्रस्ताव को वित्त मंत्रालय से सहमति की जरूरत होगी. वित्त मंत्रालय की मंजूरी के बाद ही ब्याज दर को अंशधारक के खाते में डाला जाएगा.

    सरकार पीएफ पेंशन धारकों के लिए राहत का एलान कर सकती है. आज पीएफ बोर्ड की बैठक है जिसमें न्यूमतम पेंशन को बढ़ाकर 3 हजार किया जा सकता है। इस फैसले से 50 लाख पेंशनधारकों को फायदा होगा. पीएफ बोर्ड में कल पेंशनभोगियों को मेडिकल कवर देने पर भी विचार हो सकता है. इसके अलावा कल पेंशन फंड के निवेश का ब्यौरा भी पेश किया जाएगा.

    न्यूनतम पेंशन बढ़ाकर तीन गुना की जा सकती है. EPFO मेंबर्स को अभी 1000 रुपये न्यूनतम पेंशन मिलती है जिसे बढ़ाकर 3000 रुपये करने पर फैसला हो सकता है. इसके अलावा पेंशनधारकों को मेडिकल कवर देने पर भी चर्चा होगी. ऐसे होने पर 50 लाख पेंशनधारकों को फायदा मिलेगा.

    पढ़ें Hindi News ऑनलाइन और देखें Live TV News18 हिंदी की वेबसाइट पर. जानिए देश-विदेश और अपने प्रदेश, बॉलीवुड, खेल जगत, बिज़नेस से जुड़ी News in Hindi.

    हमें FacebookTwitter, Instagram और Telegram पर फॉलो करें.

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज